Darbhanga Police: बिहार के दरभंगा पुलिस महकमे में सरकारी हथियार से 9 जिंदा कारतूस गायब होने का गंभीर आरोप सामने आया है। इस घटना से पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया है और शीर्ष अधिकारियों तक इसकी सूचना पहुंच गई है। एसएसपी जगुनाथ रड्डी जलरड्डी ने इस पूरे मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच के आदेश दिए हैं।
बताया जा रहा है कि यह मामला एसडीपीओ 1 की एंटी लिकर टास्क फोर्स से जुड़ा है, जिसमें तैनात महिला होमगार्ड जवान के सरकारी हथियार से कारतूस गायब होने की चर्चा है। यह टीम पुलिस लाइन में रहती है और जरूरत पड़ने पर छापेमारी के लिए बुलाई जाती है।






एसएसपी ने सौंपी जांच की जिम्मा
दरभंगा के एसएसपी जगुनाथ रड्डी जलरड्डी ने इस संबंध में पुष्टि की है कि उन्हें कारतूस गायब होने की सूचना मिली है। उन्होंने मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए तत्काल कार्रवाई की है।
एसएसपी जगुनाथ रड्डी जलरड्डी ने बताया, ‘मुझे सूचना मिली है। सूचना के आधार पर प्रभारी एसडीपीओ 1 एसके सुमन को जांच की जिम्मा दी गई है। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही बताया जा सकता है कि 9 जिंदा कारतूस गायब है या नहीं।’
एसएसपी ने स्पष्ट किया कि जांच पूरी होने तक किसी भी नतीजे पर पहुंचना जल्दबाजी होगी।
एंटी लिकर टास्क फोर्स से जुड़े हैं तार
इस मामले के तार एंटी लिकर टास्क फोर्स से जुड़े होने की बात कही जा रही है। प्रभारी एसडीपीओ 1 एसके सुमन ने इस संबंध में जानकारी दी कि उनके कार्यालय में होमगार्ड की महिला जवान तैनात नहीं है। उन्होंने बताया कि ये जवान पुलिस लाइन में ही रहती हैं और आवश्यकता पड़ने पर उन्हें बुलाया जाता है। हालांकि, एसडीपीओ 1 एसके सुमन ने भी पुष्टि की है कि मामले की जांच चल रही है।
फिलहाल, इस मामले में कोई भी पुलिस पदाधिकारी खुलकर कुछ भी बोलने से परहेज कर रहे हैं। यदि सरकारी हथियार से गोली गायब होने का आरोप सही साबित होता है, तो इसे पुलिस विभाग की एक बड़ी लापरवाही माना जाएगा। इस घटना ने पुलिस सुरक्षा व्यवस्था और हथियारों के रखरखाव पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। जांच रिपोर्ट आने के बाद ही इस पूरे प्रकरण की सच्चाई सामने आ पाएगी और दोषियों पर कार्रवाई की जाएगी।








