
Polio Campaign: दरभंगा देशज टाइम्स। ज़िंदगी की हर जंग में जीत ज़रूरी है, और जब बात हो नन्हें भविष्य की ढाल बनने की, तो कोई समझौता नहीं। दरभंगा में नन्हे-मुन्नों के भविष्य को सुरक्षित करने के लिए आज से पाँच दिवसीय पल्स पोलियो अभियान का महासंग्राम शुरू हो गया है, जिसका लक्ष्य हर बच्चे तक जीवन रक्षक बूंदें पहुँचाना है।
Polio Campaign: दरभंगा में ‘मिशन इंद्रधनुष’ का आगाज़, 7 लाख बच्चों को मिलेगी जीवन की खुराक
Polio Campaign: 5 दिवसीय अभियान का लक्ष्य और रणनीति
दरभंगा, 16 दिसंबर 2025: जिले में पल्स पोलियो अभियान के जिला स्तरीय कार्यक्रम का आज सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र, बहादुरपुर में भव्य उद्घाटन हुआ। जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी (DIO) डॉ. अमरेंद्र कुमार मिश्रा ने एक नवजात शिशु को पोलियो की खुराक पिलाकर इस महत्वपूर्ण अभियान का विधिवत शुभारंभ किया। उन्होंने अपने संबोधन में बताया कि यह अभियान 16 से 20 दिसंबर 2025 तक लगातार पाँच दिनों तक चलेगा, जिसके बाद एक दिन उन बच्चों के लिए आरक्षित किया जाएगा जो किसी कारणवश खुराक लेने से वंचित रह गए हों। डॉ. मिश्रा ने इस बात पर विशेष जोर दिया कि कोई भी बच्चा इस जीवनरक्षक खुराक से छूटने न पाए। उन्होंने आम जनता, जनप्रतिनिधियों और अभिभावकों से अपील की कि वे जन्म से पाँच वर्ष तक के सभी बच्चों को पोलियो की खुराक अवश्य दिलवाएँ और अभियान को सफल बनाने में अपना पूरा सहयोग दें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
अभियान के दौरान जिले के सभी हाट-बाज़ारों, घुमंतू बस्तियों और ईंट भट्ठों पर विशेष ध्यान दिया जाएगा। इन क्षेत्रों में टीमों द्वारा दो बार भ्रमण सुनिश्चित किया जाएगा, ताकि बाल स्वास्थ्य की दिशा में कोई कमी न रहे। अधिकारियों को जनसाधारण को अभियान के प्रति जागरूक करने हेतु व्यापक प्रचार-प्रसार करने के भी निर्देश दिए गए हैं।
जिला प्रतिरक्षण पदाधिकारी डॉ. मिश्रा ने विस्तृत जानकारी देते हुए बताया कि इस पल्स पोलियो चक्र के तहत जिले के सभी प्रखंडों और शहरी क्षेत्रों में कुल 1742 घर-घर टीमें, 159 ट्रांजिट टीमें, 74 एक सदस्यीय ट्रांजिट टीमें, 52 मोबाइल टीमें और 638 सुपरवाइजर प्रशिक्षित किए गए हैं। टीकाकर्मियों की सुविधा के लिए 135 सब डिपो बनाए गए हैं, जहाँ से वे वैक्सीन और आइस पैक का उठाव और वापसी कर सकेंगे। इस अभियान में जन्म से पाँच साल तक के कुल 7 लाख 797 बच्चों को पोलियो की खुराक पिलाने का लक्ष्य निर्धारित किया गया है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
सघन निगरानी और सहयोगी संस्थाओं की भूमिका
अभियान की सफलता सुनिश्चित करने के लिए जिला स्तरीय स्वास्थ्य विभाग के अधिकारी और सहयोगी संस्थाओं के पदाधिकारी सघन अनुश्रवण एवं पर्यवेक्षण का कार्य करेंगे। प्रत्येक कार्य दिवस को संध्याकालीन बैठकों में कार्य प्रगति की गहन समीक्षा की जाएगी, ताकि किसी भी चुनौती का समय पर समाधान किया जा सके। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस उद्घाटन कार्यक्रम में जिला कार्यक्रम प्रबंधक (DPM) प्रभात राजू, प्रभारी चिकित्सा पदाधिकारी डॉ. तारिक मंज़र, एसएमओ डॉ. शेखावत, यूनिसेफ के एसएमसी ओंकार चंद और शहाबुद्दीन, पंकज झा, संजय चौहान, बीएचएम रेवती रमन, बीसीएम मनोज, एएनएम आशा और अन्य संबंधित अधिकारी तथा बच्चे उपस्थित थे। यह अभियान बाल स्वास्थ्य के लिए एक मील का पत्थर साबित होगा, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।








