
Darbhanga News: कहते हैं न कि सरकारी काम में देरी मतलब जनता की परेशानी में बढ़ोतरी, और जब ये देरी खाकी वर्दी वालों की तरफ से हो, तो मामला और भी संगीन हो जाता है। कुछ ऐसा ही नजारा बहादुरपुर थाने में देखने को मिला, जहां एक मुंशी जी की लेटलतीफी उन पर ही भारी पड़ गई। दरभंगा के वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) जगुनाथ रड्डी जलरड्डी ने एक बड़ी कार्रवाई करते हुए बहादुरपुर थाने के मुंशी को कर्तव्य के प्रति घोर लापरवाही बरतने के आरोप में निलंबित कर दिया है। यह कार्रवाई तब की गई जब सहायक उप निरीक्षक (ASI) अभय कुमार सिंह ने निरीक्षण में पाई गई गंभीर त्रुटियों पर मांगे गए स्पष्टीकरण का जवाब 11 दिनों के बाद भी नहीं दिया।
Darbhanga News: क्यों गिरी ASI अभय कुमार सिंह पर गाज?
मामला 17 दिसंबर 2025 को एसएसपी द्वारा किए गए बहादुरपुर थाने के निरीक्षण से जुड़ा है। निरीक्षण के दौरान पाया गया कि थाना लेखक के रूप में तैनात ASI अभय कुमार सिंह अपने कर्तव्यों का सही ढंग से निर्वहन नहीं कर रहे थे। जांच में सामने आया कि डाक संचिका में कई दिनों की डाक लंबित पड़ी थी और वरीय अधिकारियों से प्राप्त पत्रों को भी थानाध्यक्ष प्रसुन्जय कुमार के सामने प्रस्तुत नहीं किया गया था। इस तरह की पुलिस लापरवाही से थाने के कामकाज पर गंभीर असर पड़ रहा था। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
इसके अतिरिक्त, यह भी पाया गया कि 3 दिसंबर 2025 को अभियोजन शाखा से थाने को 10 सम्मन मिले थे, लेकिन उन्हें न तो रजिस्टर में दर्ज किया गया और न ही संबंधित अधिकारी को सौंपा गया। इस चूक के कारण न्यायिक प्रक्रिया में बाधा उत्पन्न हुई और थाना स्तर पर लंबित मामलों की संख्या बढ़ गई।
स्पष्टीकरण देने में की 11 दिनों की देरी
निरीक्षण के दौरान उजागर हुई इन गंभीर अनियमितताओं को लेकर एसएसपी ने ASI अभय कुमार सिंह को 17 दिसंबर 2025 को ही नोटिस जारी कर दो दिनों के भीतर स्पष्टीकरण देने का निर्देश दिया था। लेकिन उन्होंने इस आदेश को गंभीरता से नहीं लिया। जब 14 दिन बीत जाने के बाद भी कोई जवाब नहीं आया, तो 2 जनवरी 2026 को उन्हें फिर से 24 घंटे के भीतर जवाब देने का एक और मौका दिया गया। इसके बावजूद, लगभग 11 दिन और बीत गए और उनकी तरफ से कोई स्पष्टीकरण नहीं आया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। वरीय अधिकारियों ने इसे कर्तव्य के प्रति घोर लापरवाही, मनमानापन, स्वेच्छाचारिता और आदेश की अवहेलना माना।
न्यायिक प्रक्रिया में बाधा और वरीय अधिकारियों के आदेश की अवहेलना
जांच में यह भी सामने आया कि 17 दिसंबर 2025 की ओडी पंजी पर भी हस्ताक्षर नहीं थे और ईमेल से प्राप्त होने वाले जरूरी पत्रों को प्रिंट करके थानाध्यक्ष के समक्ष प्रस्तुत नहीं किया जा रहा था। थाना लेखक होने के नाते यह उनकी प्राथमिक जिम्मेदारी थी कि वे सभी कागजी कार्रवाई को समय पर पूरा करें। इन सभी चूकों को देखते हुए और बार-बार दिए गए निर्देशों की अवहेलना करने पर एसएसपी जगुनाथ रड्डी जलरड्डी ने ASI अभय कुमार सिंह को तत्काल प्रभाव से निलंबित करने का आदेश जारी कर दिया। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें https://deshajtimes.com/news/national/। इस कार्रवाई से विभाग में हड़कंप मचा हुआ है और यह संदेश गया है कि काम में कोताही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।




