

Darbhanga News: ज्ञान की बगिया में अब एक नए माली ने कमान संभाली है, जिसकी विशेषज्ञता और अनुभव से पूरा प्रांगण महकने को तैयार है। दरभंगा के प्रतिष्ठित लक्ष्मीनारायण रामेश्वर संस्कृत महाविद्यालय, जयदेवपट्टी में शनिवार को अकादमिक जगत के लिए एक महत्वपूर्ण दिन रहा। यहाँ साहित्य विभाग के सम्मानित प्राध्यापक डॉ. बालकृष्ण शर्मा ने प्रभारी प्रधानाचार्य के रूप में अपना पदभार ग्रहण कर लिया है।
Darbhanga News: शिक्षकों ने किया भव्य स्वागत
डॉ. बालकृष्ण शर्मा के पदभार ग्रहण करने के अवसर पर महाविद्यालय के परिसर में उत्साह का माहौल देखने को मिला। इस विशेष मौके पर महाविद्यालय के सभी शिक्षकों और कर्मचारियों ने उन्हें पारंपरिक पाग, माला और अंगवस्त्र से सम्मानित करते हुए अपना पूर्ण समर्थन व्यक्त किया। यह सम्मान समारोह केवल एक औपचारिकता नहीं, बल्कि डॉ. शर्मा के प्रति महाविद्यालय परिवार के गहरे सम्मान और अपेक्षाओं का प्रतीक था। इस दौरान डॉ. धर्मेंद्र कुमार राम, डॉ. नरेश राम, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1, डॉ. राम कुमार झा एवं डॉ. रविंद्र मोहन मिश्र जैसे कई गणमान्य शिक्षक उपस्थित रहे, जिन्होंने नए नेतृत्व का गर्मजोशी से स्वागत किया।
इस महत्वपूर्ण नियुक्ति पर कामेश्वर सिंह संस्कृत विश्वविद्यालय, दरभंगा के वरिष्ठ पदाधिकारियों और प्राध्यापकों ने भी अपनी प्रसन्नता व्यक्त की है। उन्होंने डॉ. बाल कृष्ण शर्मा को फोन पर बधाई दी और उनके सफल कार्यकाल के लिए अशेष मंगलकामनाएं प्रेषित कीं। विश्वविद्यालय प्रशासन का मानना है कि डॉ. शर्मा के नेतृत्व में यह संस्कृत महाविद्यालय अकादमिक उत्कृष्टता की नई ऊंचाइयों को छुएगा।
विश्वविद्यालय में खुशी की लहर
डॉ. शर्मा की नियुक्ति की खबर फैलते ही पूरे विश्वविद्यालय और संबंधित अकादमिक हलकों में खुशी की लहर दौड़ गई। साहित्य के क्षेत्र में उनके गहरे ज्ञान और प्रशासनिक अनुभव को देखते हुए, यह उम्मीद की जा रही है कि वे महाविद्यालय में शिक्षा और अनुसंधान के स्तर को और बेहतर बनाएंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। उनके सहकर्मियों ने इस अवसर पर कहा कि डॉ. शर्मा का नेतृत्व छात्रों और शिक्षकों दोनों के लिए प्रेरणा का स्रोत बनेगा। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें। सभी को उम्मीद है कि उनके मार्गदर्शन में महाविद्यालय प्रगति के नए आयाम स्थापित करेगा। इस नियुक्ति से पूरे मिथिला क्षेत्र के शिक्षा जगत में एक सकारात्मक संदेश गया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।



