back to top
⮜ शहर चुनें
फ़रवरी, 17, 2026
spot_img

गैंग ऑफ बासेपुर, किंग ऑफ दरभंगा गैंग ने दिला दी नेपाल शाही परिवार नरसंहार की याद

spot_img
- Advertisement - Advertisement

दरभंगा, देशज टाइम्स ब्यूरो। दरभंगा के बहादुरपुर थाना क्षेत्र केे हाउसिंग कॉलनी में चल रहे बर्थ डे पार्टी के दौरान फायरिंग ने नेपाल की याद दिला दी। मगर शुरूआती चर्चा फिल्म खलनायक से।

- Advertisement -

बॉलीवुड की फिल्म ‘खलनायक’ जिस वक्त आई और सिनेमाघरों से उतर भी गई, उसी दरमियान नेपाल में सियासत की पटकथा ने कुछ ऐसा मोड़ लिया कि उसकी चपेट में नेपाल के राजा बीरेंद्र बीर (Gang of Bassepur, King of Darbhanga gang commemorates Nepal royal family massacre)  बिक्रम शाह और उनका पूरा परिवार ही आ गया। एक ही झटके में एक निर्मम हत्याकांड ने सभी का खेल खत्म कर दिया। राजमहल में इतना बड़ा कांड हो गया पर न तो निष्पक्ष चश्मदीद मिले सके, न सही सबूत।

- Advertisement -

नेपाल के सबसे लोकप्रिय राजा बीरेंद्र और राजघराने की हत्या के आरोप क्रॉउन प्रिंस दीपेंद्र बीर बिक्रम शाह पर लगे थे। जो कि सच थे या गलत? यह बताने के लिए अब तो युवराज दीपेंद्र भी जिंदा (Gang of Bassepur, King of Darbhanga gang commemorates Nepal royal family massacre)  नहीं थे। इस बीच तमाम थ्योरी ने शक की सुई कभी इधर की, तो कभी उधर। जिनमें से एक सुई राजा बीरेंद्र के ही भाई राजकुमार ज्ञानेंद्र बीर बिक्रम शाह और उनके बेटे युवराज पारस पर जाकर ठहर गई।गैंग ऑफ बासेपुर, किंग ऑफ दरभंगा गैंग ने दिला दी नेपाल शाही परिवार नरसंहार की याद

- Advertisement -

इस बीच एक सवाल यह भी कायम था है कि जब युवराज दीपेंद्र ही उस नरसंहार का ‘खलनायक’ था तो उसकी मौत के बाद उसका पोस्टमार्टम क्यों नहीं कराया गया? उसके पोस्टमार्टम से कई ‘राज’फाश हो सकते थे और असली खलनायक तब पहुंचने की कोई कड़ी भी हाथ लग सकती थी।

अलबत्ता, ऐसा लगा कि दरअसल, कोई सच्चाई तक पहुंचना ही नहीं चाहता है। उलट हालात को और उलझाने में ही सबकी रुचि है। लिहाजा, उस नरसंहार का खलनायक क्रॉउन प्रिंस दीपेंद्र को मान (Gang of Bassepur, King of Darbhanga gang commemorates Nepal royal family massacre)  लिया गया, पर सवाल अंत तक कायम था कि क्या वाकई में दीपेंद्र ही उस हत्याकांड का असली खलनायक था, अपने चहेते परिवार का कातिल या कोई और?

मगर, यहां इस दरभंगा में आपसी वर्चस्व की कहानी की यह बानगी भर है। कारण, दरभंगा शहर में युवा और कम उम्र के दो अपराधियों के अलग-अलग गैंग है। पहला गैंग ऑफ बासेपुर का  बॉस जॉन्टी सिंह,  दूसरा किंग ऑफ दरभंगा गैंग का बॉस रौनक सिंह। दोनों गैंग अपने वर्चस्व की लड़ाई में पिछले तक़रीबन पांच साल से कई बार एक दूसरे पर हमला कर चुके हैं।

दोनों के गैंगवार में कुछ बेकसूर आम लोगों की भी गोली लगने से मौत हो चुकी है। शुक्र है, हाउसिंग कॉलोनी स्थित सात फेरे विवाह भवन में दरभंगा के प्रसिद्ध वकील अंबर इमाम हाशमी के बेटे आबिद हाशमी की बर्थडे पार्टी के दौरान चली गोली में आविद हाशमी के दोस्त व इमामबाड़ी निवासी मानू के पूर्व निदेशक स्व. इमरान अहमद के (Gang of Bassepur, King of Darbhanga gang commemorates Nepal royal family massacre)   सिविल इंजीनियर पुत्र व वर्तमान में कमतौल में निर्माणाधीन पुल प्रोजेक्ट में बतौर इंजीनियर काम कर रहे फखरूद्दीन अमुल्लाह को जरूर गोली लगी, जिसने पार्टी में घुसे 6 की संख्या में नकाबपोश अपराधियों का विरोध किया।बहादुरपुर में बर्थ-डे पार्टी में फायरिग, इंजीनियर जख्मीइसके बाद बदमाशों में से एक ने डराने की नीयत से हवाई फायरिग की। लेकिन, फखरूद्दीन ने उस युवक को पकड़ने की कोशिश की। इसी बीच दूसरा बदमाश फायरिग कर दिया। इसमें फखरुद्दीन के पांव में गोली लग गई। वह नीचे गिर गया। इसके बाद भगदड़ मच गई। पार्टी में शामिल लोग बदमाशों को पकड़ने की कोशिश की। लेकिन, सभी बदमाश फायरिग करते  फरार हो गए।

यह भी पढ़ें:  Darbhanga News: कांग्रेस के 'संगठन सृजन' को धार देने दरभंगा आ रहीं संगीता बेनीवाल, पढ़िए एक हफ्ते का पूरा प्लान

अब फिर फ्लैश बैक में आइए चलिए नेपाल जहां, जून,2001 की उस काली रात शाही-भोज से खुद राजकुमार ज्ञानेंद्र न केवल गायब थे, बल्कि भोज में शामिल उनके पूरे परिवार में किसी सदस्य की उस निर्मम हत्याकांड में मौत नहीं हुई थी। उस पर बड़े ही नाटकीय ढंग से ज्ञानेंद्र के पुत्र युवराज पारस को भी एक खरोंच तक नहीं आई  (Gang of Bassepur, King of Darbhanga gang commemorates Nepal royal family massacre) थी, जो कि मौका-ए-वारदात पर ठीक वहीं मौजूद था, जहां कथित तौर पर युवराज दीपेंद्र अंधाधुंध गोलीबारी कर रहा था।

यह भी पढ़ें:  Darbhanga News: सिंहवाड़ा में स्वर्ण व्यवसायी को गोली मारने वाला दूसरा शूटर गिरफ्तार, खुलेंगे कई बड़े राज? पढ़िए Singhwara का सनसनीखेज लूट और गोलीकांड

उसमें दावा यह कि पारस ने गोलियां बरसाते प्रिंस दीपेंद्र को रोकने का भरपूर प्रयास भी किया, बावजूद इसके दीपेंद्र ने सबको मारा डाला पर रहस्यमय ढंग से पारस को क्यों छोड़ दिया? यह आज तक ‘राज’ बना हुआ है। गैंग ऑफ बासेपुर, किंग ऑफ दरभंगा गैंग ने दिला दी नेपाल शाही परिवार नरसंहार की याद

दरभंगा के बहादुरपुर की इस घटना का नेपाल नरसंहार से अंतर सिर्फ व बस इतना भर, नेपाल में राजा समेत उनका परिवार उस नरसंहार में मारा गया था यहां दरभंगा में बस एक इंजीनियर जख्मी हुआ। अगर फायरिंग कहीं और विकराल होता तो सोचिए क्या होता। ऐसे मेंसवाल यही, दोनों दरभंगा के गिरोह में पूर्व में भी आपसी वर्चस्व के लिए गोलीबारी हुई हैं, मगर ठोस कार्रवाई नदारद रहा है,

यह भी पढ़ें:  Darbhanga News: गरीबों के आशियानों पर गरजा बुलडोजर? खेग्रामस ने दी सरकार को बड़ी चेतावनी, कहा- 'पटना में भर देंगे गांधी मैदान'

इस बार क्या होगा…? सिटी एसपी अशोक कुमार का कहना है, इन सभी अपराधियों का पूर्व से ही अपराधिक कनेक्शन रहा है। जानकारी के अनुसार यह लड़ाई जॉनी सिंह और रौनक सिंह के बीच था। (Gang of Bassepur, King of Darbhanga gang commemorates Nepal royal family massacre)  इसी वजह से फायरिंग हुई है। इधर, सदर एसडीपीओ अनोज कुमार ने बताया कि सीसी कैमरा को खंगाला जा रहा है। बदमाशों को पकड़ने के लिए छापेमारी की जा रही है।गैंग ऑफ बासेपुर, किंग ऑफ दरभंगा गैंग ने दिला दी नेपाल शाही परिवार नरसंहार की याद

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

Sunny Deol की ‘गबरू’ की रिलीज डेट में हुआ बड़ा बदलाव, जानिए अब कब मचेगा धमाल!

Sunny Deol: बॉलीवुड के एक्शन किंग सनी देओल इन दिनों अपनी ब्लॉकबस्टर फिल्म 'बॉर्डर...

Muzaffurpur News: दरभंगा फोरलेन पर Madhubani जा रही महिला को चलती कार में मारी गोली, पढ़िए साथी और गर्दन में गोली!

मुजफ्फरपुर क्राइम: रात के अंधेरे में एक कार से फेंकी गई लहूलुहान महिला, गर्दन...

Amalaki Ekadashi: आमलकी एकादशी 2026: तिथि, शुभ मुहूर्त और पूजा विधि

Amalaki Ekadashi: हिन्दू धर्म में एकादशी का व्रत अत्यंत महत्वपूर्ण माना जाता है, जो...

Imran Khan के बिगड़ते स्वास्थ्य पर क्रिकेट दिग्गजों का बड़ा फैसला, पढ़िए 14 दिग्गज क्रिकेट कप्तानों ने क्या कहा

Imran Khan: क्रिकेट की दुनिया में भूचाल मच गया है! पाकिस्तान के पूर्व कप्तान...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें