spot_img

Road नहीं तो Vote नहीं, क्या चल रहा है,जनता की बात कोई सुनता क्यों नहीं?

spot_img
- Advertisement -

कुशेश्वरस्थान: प्रखंड के सुघराईन पंचायत में मंगलवार को उच्च विद्यालय के प्रांगण में एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। बैठक में पंचायतवासियों ने “रोड नहीं तो वोट नहीं” के नारे के साथ विगत दो महीने से चल रहे चरणबद्ध आंदोलन की समीक्षा की और आगे की रणनीति पर चर्चा की।

- Advertisement -

हस्ताक्षर अभियान और बाइक रैली का निर्णय

  • हस्ताक्षर अभियान: पंचायत के सभी वार्ड सदस्यों के नेतृत्व में ग्रामीणों द्वारा हस्ताक्षर कराए जाएंगे।
  • बाइक रैली: प्रखंड मुख्यालय तक मांग के समर्थन में बाइक रैली निकाली जाएगी।
  • हस्ताक्षर अभियान के अंतर्गत मुख्य चुनाव आयुक्त, मुख्यमंत्री, और संबंधित विभागीय अधिकारियों को हस्ताक्षरयुक्त आवेदन पत्र भेजा जाएगा।

ग्रामीणों की मांग

ग्रामीणों ने एसएच 56 के फकदोलिया से भाया पैई पोखर, जुरौना, लक्षमीनिया, सुघराईन होते हुए कमला बलान नदी के पश्चिमी तटबंध भरैन मुशहरी तक बारहमासी ऊंची सड़क निर्माण की मांग की है।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  मोहर्रम से पहले पुलिस का बड़ा अलर्ट, असामाजिक तत्वों पर रहेगी 24 घंटे नजर
  • ग्रामीणों का कहना है कि आजादी के बाद से अब तक इस क्षेत्र को मुख्यालय से जोड़ने के लिए कोई सड़क नहीं बनाई गई है।
  • पंचायतवासियों ने चेतावनी दी है कि अगर 2025 के विधानसभा चुनाव से पहले उनकी मांग पूरी नहीं हुई, तो वे चुनाव का बहिष्कार करेंगे।
यह भी पढ़ें:  ‘ पिता की मजदूरी बनी प्रेरणा ', Darbhanga के बेटे ने रोशन किया बिहार का नाम! 144वीं रैंक पाकर बना राजस्व अधिकारी, जानिए सफ़र

चरणबद्ध आंदोलन और पंचायत की तैयारी

पंचायतवासियों ने गांव और चौक-चौराहों पर “सड़क नहीं तो वोट नहीं” के बैनर और पोस्टर लगा दिए हैं।

- Advertisement -
  • बुजुर्गों की प्रतिक्रिया: कई बुजुर्गों का कहना है कि उनका जीवन खत्म होने को है, लेकिन वे आज भी मुख्यालय तक पहुंचने के लिए सड़क से वंचित हैं।
  • युवाओं की भागीदारी: पंचायत में युवाओं ने नेतृत्व संभाल लिया है और आंदोलन को आगे बढ़ाने के लिए प्रतिबद्ध हैं।
यह भी पढ़ें:  दरभंगा में दवा दुकानों की खैर नहीं: नशे के सौदागरों पर काल बनकर टूटे DM Kaushal, दिए ये 5 सख्त आदेश!

पंचायतवासियों का संकल्प

ग्रामीणों ने स्पष्ट रूप से कहा कि यह आंदोलन “आखिरी लड़ाई” है।

  • उनका कहना है कि नेताओं के वादे अब स्वीकार नहीं किए जाएंगे।
  • यदि इस बार भी उनकी मांग पूरी नहीं हुई, तो पूरे पंचायत के लोग विधानसभा चुनाव में वोट का बहिष्कार करेंगे।

बैठक में उपस्थित प्रमुख लोग

  • माले नेता: जितेंद्र यादव।
  • अन्य प्रमुख नेता: नवल किशोर सिंह, रामलोचन सिंह, हुकुमदेव राय, रामा शंकर राय, रिगा राय, अरुण राय।
  • सक्रिय ग्रामीण: विवेक कुमार, रविंद्र किशोर सिंह, नरेश राय, ललित राय, मुन्ना कुमार, सुशील कुमार यादव।
  • राजद महासचिव: राहुल कुमार।
  • अन्य प्रतिनिधि: सुधीर सहनी, सीताराम राय।

ग्रामीणों की चेतावनी

ग्रामीणों ने कहा कि अब “कोरे वादे और घोषणाएं” नहीं चलेंगी। 2025 का विधानसभा चुनाव उनके लिए “निर्णायक” होगा।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

दरभंगा फैज हत्याकांड : इंसाफ मंच ने मांगा इंसाफ, नौकरी, मुआवजा और कार्रवाई पर फूटा गुस्सा!

Darbhanga Crime News: दरभंगा में फैज अहमद की नृशंस हत्या के बाद जनता का गुस्सा फूट पड़ा है। इंसाफ मंच ने वरीय पुलिस अधीक्षक कार्यालय का घेराव कर 20 लाख मुआवजे और पुलिस की कार्यशैली प#DarbhangaCrime,#InsaafManch,#BiharPolice

ऐसी दीवानगी देखी है कहीं? : अखिलेश यादव के लिए खंभे पर चढ़े SP सांसद, फाड़कर फेंके विवादित पोस्टर

Anand Bhadauria: सीतापुर में अखिलेश यादव पर विवादित पोस्टर देख सपा सांसद आनंद भदौरिया भड़क गए। उन्होंने खुद खंभे पर चढ़कर बैनर फाड़े और दोषियों पर कार्रवाई की मांग की।#AnandBhadauria,#SitapurNews,#SamajwadiParty

जब बेटे का नाम आया लिस्ट में…: खुशी से छलक उठीं आंखें, दरभंगा के मृत्युंजय बने सप्लाई इंस्पेक्टर

Darbhanga News: दरभंगा के जाले प्रखंड के राढ़ी गांव के मृत्युंजय कुमार ने बीपीएससी परीक्षा पास कर सप्लाई इंस्पेक्टर का पद हासिल किया है। उन्हें 1310वां रैंक मिला है, जिससे इलाक#BiharNews,#DarbhangaNews,#BPSCResult

IPS काम्या मिश्रा ने क्यों छोड़ी नौकरी? ‘घास की अंगूठी’ से हुई थी शादी, अब पटना में करेंगी ये बड़ा काम!

Kamya Mishra: बिहार कैडर की पूर्व IPS अधिकारी काम्या मिश्रा ने आखिरकार अपनी चुप्पी तोड़ी है। उन्होंने अपनी नौकरी छोड़ने की असली वजह पारिवारिक जिम्मेदारियों को बताया, साथ ही भ#KamyaMishra,#BiharPolice,#IPSOfficer