
Ram Navami: आसमानी आफत ने आस्था के उल्लास पर ग्रहण लगा दिया है। चैत्र की तपिश के बीच सावन की झड़ी लगने से रामनवमी की तैयारियों पर पानी फिरता नजर आ रहा है। कमतौल में बेमौसम बारिश ने कई स्थानों पर लगने वाले बासंती नवरात्र और विशेष रूप से प्रसिद्ध तीर्थ स्थल अहल्यास्थान में आयोजित होने वाले भव्य रामनवमी मेले पर संकट के बादल खड़े कर दिए हैं।
शनिवार को हुई तेज बारिश और हवा के झोंकों ने मेले की तैयारियों को अस्त-व्यस्त कर दिया। आलम यह है कि मेला का पूरा मैदान कीचड़ और दलदल में तब्दील हो गया है, जिससे वहां पहुंचना भी मुश्किल हो गया है। इस अप्रत्याशित बारिश ने उन दुकानदारों की उम्मीदों पर पानी फेर दिया है जो साल भर इस मेले का इंतजार करते हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। तेज हवा के कारण कई अस्थायी दुकानों के छप्पर उड़ गए और उनका सामान भीग गया।
Ram Navami मेला: बारिश ने फीका किया उत्साह
इस बेमौसम बारिश ने दुकानदारों की कमर तोड़ दी है। बारिश से बचने के लिए दुकानदारों को आनन-फानन में आसपास के पक्के मकानों और दुकानों में शरण लेनी पड़ी। शनिवार को दिनभर मौसम खराब रहने के कारण कोई भी नया दुकानदार मेला परिसर में अपनी दुकान लगाने नहीं पहुंचा। अब सभी को मौसम साफ होने का इंतजार है ताकि मेले की रौनक फिर से लौट सके। दुकानदारों का कहना है कि अगर मौसम ऐसा ही बना रहा तो उन्हें भारी आर्थिक नुकसान झेलना पड़ेगा।
अहल्या गौतम धार्मिक न्यास समिति के अध्यक्ष बालेश्वर ठाकुर और अन्य सदस्यों ने इस स्थिति पर गहरी चिंता व्यक्त की है। उन्होंने बताया कि पश्चिमी विक्षोभ के कारण हो रही यह बारिश रामनवमी मेले के पूरे उत्साह को कम कर सकती है। यह मेला न केवल एक धार्मिक आयोजन है, बल्कि स्थानीय अर्थव्यवस्था के लिए भी बहुत महत्वपूर्ण है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
शोभायात्रा पर भी संकट के बादल
बारिश का असर सिर्फ मेला मैदान तक ही सीमित नहीं है, बल्कि इससे राम जन्मोत्सव के अवसर पर निकाली जाने वाली भव्य शोभायात्राओं पर भी बाधा उत्पन्न होने की आशंका है। आयोजकों का कहना है कि अगर बारिश जारी रही तो शोभायात्रा के समय या मार्ग में भी बदलाव करना पड़ सकता है, ताकि श्रद्धालुओं को किसी प्रकार की असुविधा न हो। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
हालांकि, मौसम की इस चुनौती के बावजूद श्रद्धालुओं के उत्साह में कोई कमी नहीं आई है। वे पूरे जोश और भक्तिभाव के साथ नवरात्र पूजन और भगवान श्री राम का जन्मोत्सव मनाने की तैयारियों में जुटे हुए हैं। लोगों को उम्मीद है कि रामनवमी तक मौसम साफ हो जाएगा और वे पूरी धूमधाम से यह पर्व मना सकेंगे।




