

बिरौल देशज टाइम्स डिजिटल डेस्क। गर्मी के कदम रखते ही क्षेत्र में पेयजल संकट शुरू हो गया है। खासकर घनी आबादी वाले जगहों पर पेय जल की सुविधा उपलब्ध नहीं रहने से लोगों के साथ संकट उत्पन्न हो रहा है।
जहां तक सात निश्चय योजना के तहत नलजल की बात करें तो यह निर्धारित समय पर ही कमोबेश घरों में ही उपलब्ध होता है ना कि सार्वजनिक स्थानों पर। आम लोगों की समस्या संज्ञान में रहने के बावजूद सरकार के लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के अधिकारी जल संकट को दूर करने के प्रति संवेदनशील नहीं दिख रहे हैं।
यही कारण है कि पिछले कई वर्षों से क्षेत्र के दर्जनों जगहों पर पेयजल आपूर्ति करने में विभाग विफल साबित हो रही है। बिरौल मुख्यालय के अलावा कुशेश्वरस्थान, गौड़ाबौराम, किरतपु
इस समस्या को लेकर जब विभागीय अधिकारी से संपर्क करने पर उनका मोबाइल फोन नॉट रिचेबल बता रहा था। बिरौल स्थित कार्यालय भी बंद पाया गया। स्थानीय लोगों ने बताया कि लोक स्वास्थ्य अभियंत्रण विभाग के अधिकारी यहां रहते ही नहीं भगवान भरोसे सरकारी कार्य संचालन होता है।


