

दरभंगा देशज न्यूज। दरभंगा एयरपोर्ट पर खराब मौसम में विमानों की लैंडिंग में परेशानी हो रही है। लगातार लैंडिग में दिक्कत आ रही है। लगातार कोहरे की वजह से ऐसा हो रहा है। इस वजह से विमानों को लैंडिंग करने में परेशानी होनी शुरू हो गई है।
शुक्रवार को दूसरे दिन भी एक फ्लाइट को डायवर्ट करना पड़ा। इससे पहले गुरुवार को मुंबई-दरभंगा फ्लाइट को डायवर्ट कर पटना एयरपोर्ट पर उतारा गया था। शुक्रवार को बंगलुरु-दरभंगा फ्लाइट को डायवर्ट कर कोलकाता एयरपोर्ट पर उतारा गया। इससे यात्रियों को खासी परेशानी हुई।
बंगलुरु से शुक्रवार को उड़ान भरकर दरभंगा पहुंचने वाली फ्लाइट संख्या एसजी-493 खराब मौसम के कारण दरभंगा एयरपोर्ट पर लैंड नहीं कर सकी। एयरपोर्ट के दो-तीन चक्कर लगाने के बाद एटीसी ने फ्लाइट को कोलकाता डायवर्ट कर दिया। कोलकाता डायवर्ट किए जाने से उस पर सवार यात्रियों की मुश्किलें बढ़ गईं। वहीं, बंगलुरु जाने के लिए फ्लाइट का इंतजार कर रहे यात्रियों के बीच अफरातफरी मच गई। विमान के दरभंगा एयरपोर्ट पर लैंड नहीं कर पाने की वजह से यहां से बंगलुरू की फ्लाइट को कैंसल कर दिया गया।
8 नवंबर, 2020 से शुरू हुए दरभंगा एयरपोर्ट (Darbhanga Airport) पर यह परेशानी कछ अधिक ही झेलनी पड़ रही है। बीते बुधवार को भी स्पाइस जेट (Spice Jet) की मुंबई से दरभंगा आनेवाली विमान पटना में लैंड हुई थी। शुक्रवार को मुम्बई व बेंगलुरु के लिए फ्लाइट कैंसिल हो गई थी।
दरभंगा व इसके आसपास के बारह जिलों के लोग पहले से बुक करवाए गए टिकट के आधार पर फ्लाइट पकड़ने तो आ रहे हैं, लेकिन खराब मौसम की वजह से इसके कैंसिल हो जाने से निराश होकर वापस लौटने को मजबूर हो जाते हैं। ऐसे में, दरभंगा एयरपोर्ट फिलहाल सीजनल एयरपोर्ट बनकर रह जाएगा। जाड़ों के मौसम में घने कोहरों की वजह से फिलहाल इसे बंद करना पड़ सकता है।
दरअसल विपरीत मौसम में दरभंगा एयरपोर्ट पर विमानों की लैंडिंग के लिए आवश्यक यंत्र नहीं रहने के कारण यात्रियों की परेशानी बढ़ी है। दरभंगा एयरपोर्ट पर उपस्कर अवतरण प्रणाली यानी इंस्ट्रूमेंट लैंडिग सिस्टम (Instrument landing system या ILS) व डीवीओआर (DVOR) सिस्टम नहीं है। इसके अलावा एयरपोर्ट पर रनवे लाइटिंग व ग्राउंड लाइटिंग सिस्टम की व्यवस्था नहीं है।
दरभंगा एयरपोर्ट पर अभी काफी निर्माण कार्य बाकी है। खराब मौसम में विमानों को लैंड कराने के लिए यहां इंस्ट्रूमेंट लैंडिंग सिस्टम व डीवीओआर सिस्टम नहीं है। एयरपोर्ट पर रनवे लाइटिंग व ग्राउंड लाइटिंग सिस्टम भी नहीं हैं। ठंड में घना कोहरा छाया रहता है। इस वजह से आगे भी विमानों को डायवर्ट या कैंसिल कर देने से यात्रियों को परेशानी झेलनी पड़ सकती है। विमान कम्पनी की ओर से भी लोगों को समय-समय पर फ्लाइट स्टेटस चेक करते रहने की सलाह दी गई है।
इस संबंध में एयरपोर्ट ऑथरिटी ऑफ इंडिया के डीजीएम जीके चंदाना ने बयान देने के लिए अधिकृत नहीं होने की बात कहकर कुछ भी बताने से परहेज किया। वहीं, खराब मौसम के कारण दो दिनों से विमानों के दरभंगा एयरपोर्ट पर नहीं उतर पाने को लेकर यात्रियों में ऊहापोह की स्थिति बनी हुई है।





