
Census 2027: आंकड़ों के महासमर का बिगुल बज चुका है और देश के भविष्य की नीतियां जिन संख्याओं पर टिकी होंगी, उन्हें इकट्ठा करने का पहला पाठ शुरू हो गया है। जमुई में भारत की जनगणना 2027 के महाअभियान का शंखनाद हो गया है, जिसके लिए जिला प्रशासन ने कमर कस ली है। जिलाधिकारी सह प्रधान जनगणना पदाधिकारी नवीन कुमार ने समाहरणालय के सभाकक्ष में दीप प्रज्वलित कर तीन दिवसीय जिला स्तरीय प्रशिक्षण कार्यक्रम का विधिवत शुभारंभ किया।
जिलाधिकारी ने इस कार्यक्रम को एक महत्वपूर्ण और समयबद्ध राष्ट्रीय कर्तव्य बताते हुए कहा कि जनगणना से प्राप्त आंकड़े ही देश के विकास की दिशा तय करते हैं। उन्होंने प्रशिक्षण ले रहे सभी अधिकारियों और कर्मियों को पूरी गंभीरता से हर पहलू को समझने का निर्देश दिया ताकि जमीनी स्तर पर काम बिना किसी चूक के सफलतापूर्वक संपन्न हो सके। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस मौके पर जनगणना समन्वय समिति के सभी सदस्य, चार्ज अधिकारी और संबंधित कर्मी मौजूद रहे।
Census 2027 की तैयारी: दो चरणों में होगा महासर्वेक्षण
प्रशिक्षण देने के लिए पटना से आए विशेषज्ञों ने बताया कि यह पूरा जनगणना कार्य दो चरणों में पूरा किया जाएगा। पहले चरण की शुरुआत 2 मई से होगी और यह 31 मई तक चलेगा, जिसमें मकानों की सूची तैयार करने और उनकी गणना का काम किया जाएगा। यह चरण भविष्य के सर्वेक्षण का आधार बनेगा। इसके बाद आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
दूसरे और अंतिम चरण में फरवरी 2027 के दौरान देश की जनसंख्या की वास्तविक गणना की जाएगी। इस महाअभियान में प्रखंड विकास पदाधिकारियों और कार्यपालक पदाधिकारियों की भूमिका सबसे अहम होगी, जिन्हें चार्ज पदाधिकारी के रूप में नियुक्त किया गया है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/
अधिकारियों को मिला हाई-टेक ट्रेनिंग का निर्देश
तीन दिवसीय प्रशिक्षण के पहले दिन अधिकारियों को सैद्धांतिक जानकारी दी गई। अगले दो दिनों का प्रशिक्षण पूरी तरह से व्यावहारिक और तकनीकी पहलुओं पर केंद्रित होगा। इसमें अधिकारियों को जनगणना कार्य में इस्तेमाल होने वाले एंड्रॉयड मोबाइल ऐप, स्व-गणना की प्रक्रिया, और जनगणना प्रबंधन एवं निगरानी प्रणाली पोर्टल के उपयोग का हैंड्स-ऑन प्रशिक्षण दिया जाएगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इसके अलावा, मकान सूचीकरण ब्लॉक बनाने के लिए वेब पोर्टल का इस्तेमाल और रियल-टाइम डेटा प्रसारण जैसी तकनीकी बारीकियों को भी सिखाया जाएगा।
इस महत्वपूर्ण प्रशिक्षण कार्यक्रम के दौरान डीडीसी सुभाष चंद्र मंडल, अपर समाहर्ता बालमुकुंद प्रसाद, अपर समाहर्ता सह जिला जनगणना पदाधिकारी रविकांत सिंहा, डीसीएलआर सुजीत कुमार और जिला जनसंपर्क पदाधिकारी डॉ. मेनका कुमारी समेत कई अन्य वरिष्ठ जिला स्तरीय पदाधिकारी भी उपस्थित रहे।



