

Electricity Consumption: सर्दियों का सितम जैसे-जैसे बढ़ रहा है, बिजली की गर्जना भी शांत होती जा रही है। प्रकृति का यह अनूठा खेल अब ऊर्जा विभाग के आंकड़ों में भी साफ झलक रहा है।
Electricity Consumption: मधुबनी में ठंड बढ़ने के साथ बिजली की खपत में आई भारी कमी, जानिए वजह
मधुबनी में Electricity Consumption में गिरावट
मधुबनी जिले में बढ़ती ठंड के साथ ही Electricity Consumption में उल्लेखनीय गिरावट दर्ज की गई है। यह स्थिति ऊर्जा विभाग के लिए एक राहत भरी खबर लेकर आई है, क्योंकि सामान्यतः गर्मियों में मांग चरम पर रहती है। आंकड़ों के मुताबिक, जैसे-जैसे तापमान में गिरावट आ रही है, वैसे-वैसे घरों और व्यावसायिक प्रतिष्ठानों में बिजली का उपयोग कम होता जा रहा है।
विशेषज्ञों का मानना है कि ठंड के मौसम में एयर कंडीशनर, कूलर और पंखों जैसे बिजली खपत करने वाले उपकरणों का उपयोग बंद हो जाता है, जिसका सीधा असर कुल Electricity Consumption पर पड़ता है। हालांकि, कुछ घरों में हीटर और गीजर जैसे उपकरणों का इस्तेमाल बढ़ जाता है, लेकिन समग्र रूप से खपत में कमी दर्ज की जाती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह बदलाव पावर ग्रिड पर दबाव कम करने में सहायक सिद्ध होता है।
इस बदलते मौसम के साथ, बिजली विभाग अब सर्दियों में Power Demand के प्रबंधन पर ध्यान केंद्रित कर रहा है। ग्रामीण और शहरी दोनों क्षेत्रों में खपत में कमी देखी जा रही है, जो कि बिजली आपूर्ति को सुचारू बनाए रखने में मदद करती है। विभाग के अधिकारियों का कहना है कि वे स्थिति पर लगातार नजर रखे हुए हैं ताकि किसी भी अप्रत्याशित वृद्धि या कमी को प्रभावी ढंग से प्रबंधित किया जा सके। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें https://deshajtimes.com/news/national/
मौसम के मिजाज और ऊर्जा की बचत
इस मौसम में, ऊर्जा संरक्षण के प्रयासों को भी बल मिलता है। जब प्राकृतिक रूप से खपत कम होती है, तो यह बिजली बचाने की दिशा में एक सकारात्मक कदम होता है। उपभोक्ताओं को भी सलाह दी जाती है कि वे ठंड में भी ऊर्जा दक्षता का ध्यान रखें और केवल आवश्यकतानुसार ही बिजली का उपयोग करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह प्रवृत्ति न केवल उपभोक्ताओं के बिल कम करती है, बल्कि राष्ट्रीय स्तर पर ऊर्जा संसाधनों के बेहतर प्रबंधन में भी योगदान देती है।


