
Ganja Seizure: बिहार के मधुबनी जिले में नशे के खिलाफ एक बड़ी कार्रवाई हुई है। नारकोटिक्स विभाग ने पंडौल औद्योगिक क्षेत्र में छापेमारी कर लगभग 2 करोड़ रुपये मूल्य का 7 क्विंटल गांजा जब्त किया है। इस दौरान तीन तस्करों को भी मौके से गिरफ्तार किया गया है।
कैसे हुई Ganja Seizure की कार्रवाई?
पटना नारकोटिक्स विभाग को गुप्त सूचना मिली थी कि पंडौल इंडस्ट्रियल एरिया और पंडौल डीह टोल के पास भारी मात्रा में गांजे की खेप उतारी जा रही है। इस सूचना के सत्यापन के बाद, विभाग ने स्थानीय पुलिस के सहयोग से एक सुनियोजित रणनीति तैयार की। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। इसके बाद दोनों चिन्हित स्थानों पर एक साथ छापेमारी की गई। छापेमारी के दौरान, टीम ने संदिग्ध वाहनों और ठिकानों की गहन तलाशी ली। इस कार्रवाई में लगभग 700 किलोग्राम (7 क्विंटल) गांजा जब्त किया गया, जिसकी बाजार कीमत लगभग 2 करोड़ रुपये आंकी गई है। मौके से ही तीन तस्करों को गांजे के साथ रंगे हाथ पकड़ा गया।
आगे की कार्रवाई और पुलिस का रुख
गिरफ्तार किए गए तस्करों को आगे की पूछताछ के लिए पटना ले जाया जा रहा है। अधिकारियों का मानना है कि उनसे इस अवैध नेटवर्क से जुड़े अन्य लोगों और पूरे रैकेट के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी जुटाई जाएगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। नारकोटिक्स विभाग के अधिकारियों ने बताया कि यह Ganja Seizure जिले में नशे के अवैध कारोबार पर अंकुश लगाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। उन्होंने स्पष्ट किया कि नशे के तस्करों के नेटवर्क को पूरी तरह ध्वस्त करने के लिए भविष्य में भी इस तरह की सघन कार्रवाई जारी रहेगी। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
वहीं, पंडौल थाना अध्यक्ष रमन कुमार ने इस मामले में फिलहाल विस्तृत जानकारी देने से इनकार किया है। उन्होंने कहा कि जांच जारी है और सभी आवश्यक कार्रवाई पटना में की जाएगी। उनका मानना है कि अभी किसी प्रकार का खुलासा करना उचित नहीं होगा, क्योंकि इससे आगे की कार्रवाई प्रभावित हो सकती है। पुलिस और नारकोटिक्स विभाग की इस संयुक्त कार्रवाई से क्षेत्र में हड़कंप मच गया है। स्थानीय लोगों ने नशे के खिलाफ इस पहल की सराहना की है।






