

Kisan Mela: जैसे खेत में बीज अंकुरित होकर लहलहाती फसल का रूप लेता है, वैसे ही मधुबनी की धरती पर किसानों के लिए उम्मीदों का एक नया सवेरा उगा है, जहाँ तकनीक और परंपरा का अद्भुत संगम देखने को मिल रहा है। मधुबनी के रामपट्टी स्थित संयुक्त कृषि भवन परिसर में ‘आत्मा’ योजना के तत्वावधान में आयोजित दो दिवसीय जिला स्तरीय किसान मेला-सह-प्रदर्शनी का शनिवार को भव्य शुभारंभ हुआ। इस कार्यक्रम का उद्घाटन माननीय विधान परिषद सदस्य श्री घनश्याम ठाकुर, मधुबनी के विधायक श्री माधव आनंद, जिला परिषद अध्यक्षा श्रीमती बिंदु गुलाब यादव और मेयर श्री अरुण राय ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।
Kisan Mela में दिखी आधुनिक कृषि की झलक
उद्घाटन समारोह के बाद सभी गणमान्य अतिथियों ने प्रदर्शनी में लगे विभिन्न स्टॉलों का बारीकी से निरीक्षण किया। उन्होंने वहां मौजूद किसानों से सीधा संवाद स्थापित किया और उनके द्वारा उगाए गए उत्पादों की जमकर सराहना की। इस कृषि प्रदर्शनी में कृषि वैज्ञानिकों द्वारा प्रदर्शित आधुनिक यंत्रों और खेती की नई तकनीकों ने सभी का ध्यान अपनी ओर खींचा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। अतिथियों ने इस आयोजन को अन्नदाताओं को तकनीक से जोड़कर उन्हें आर्थिक रूप से सशक्त बनाने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम बताया।
तकनीक से बदलेगी किसानों की तकदीर
अपने संबोधन में वक्ताओं ने कहा कि इस तरह के आयोजन किसानों के लिए बेहद फायदेमंद हैं। इससे उन्हें न केवल खेती की नवीनतम तकनीकों के बारे में जानकारी मिलती है, बल्कि अपने उत्पादों को प्रदर्शित करने का एक बेहतर मंच भी प्राप्त होता है। उन्होंने जोर देकर कहा कि जब हमारा किसान तकनीक का उपयोग करेगा, तो उसकी उपज बढ़ेगी और आय में भी वृद्धि होगी, जिससे वे आत्मनिर्भर बनेंगे। यह दो दिवसीय कृषि प्रदर्शनी 17 और 18 दिसंबर तक चलेगी, जिसमें किसानों को लगातार विशेषज्ञों का मार्गदर्शन मिलता रहेगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस मेले में किसानों के लिए कई महत्वपूर्ण जानकारियां उपलब्ध कराई गई हैं, जो उनकी खेती को और भी बेहतर बना सकती हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
मेले के मुख्य आकर्षण
इस दो दिवसीय आयोजन में किसानों के लिए कई खास इंतजाम किए गए हैं, जिनमें प्रमुख हैं:
- विशेष प्रदर्शनी: 17 और 18 दिसंबर को चलने वाले इस मेले में किसानों के उत्पादों और सरकारी योजनाओं पर केंद्रित स्टॉल लगाए गए हैं।
- तकनीकी ज्ञान: कृषि वैज्ञानिक किसानों को खेती की नई और उन्नत तकनीकों पर मार्गदर्शन प्रदान कर रहे हैं।
- आधुनिक यंत्र: खेती को आसान और अधिक उत्पादक बनाने वाले नवीनतम उपकरणों का प्रदर्शन किया जा रहा है।
यह आयोजन मधुबनी के कृषि क्षेत्र के लिए एक नई दिशा तय करने वाला साबित हो सकता है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।


