मधुबनी: शनिवार को जिले के सभी प्रारंभिक विद्यालयों में एक महत्वपूर्ण अभिभावक-शिक्षक संगोष्ठी का आयोजन किया गया। इस संगोष्ठी का मुख्य उद्देश्य बच्चों की शिक्षा में अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी सुनिश्चित करना और विद्यालय की गतिविधियों से उन्हें अवगत कराना था।
शिक्षा की गुणवत्ता पर मंथन
इस संगोष्ठी में शिक्षकों और अभिभावकों ने बच्चों की शिक्षा की गुणवत्ता, उनकी उपस्थिति, और शैक्षणिक प्रगति जैसे महत्वपूर्ण मुद्दों पर गहन चर्चा की। शिक्षकों ने अभिभावकों को उनके बच्चों की कमजोरियों और उन्हें सुधारने के उपायों के बारे में जानकारी दी। वहीं, अभिभावकों ने अपनी अपेक्षाएं और सुझाव भी साझा किए।
अभिभावकों की भागीदारी का महत्व
विद्यालय प्रबंधन और शिक्षकों ने इस बात पर जोर दिया कि बच्चों के सर्वांगीण विकास के लिए अभिभावकों की सक्रिय भागीदारी अत्यंत आवश्यक है। संगोष्ठी के माध्यम से शिक्षकों और अभिभावकों के बीच एक सकारात्मक संवाद स्थापित हुआ, जिससे बच्चों की शिक्षा को बेहतर बनाने की दिशा में सहयोग की उम्मीद जगी है।
भविष्य की योजनाएं
बैठक में यह भी तय किया गया कि भविष्य में भी इस तरह की संगोष्ठियों का नियमित आयोजन किया जाएगा ताकि शिक्षा से जुड़े मुद्दों पर निरंतर संवाद बना रहे और विद्यालय तथा घर के बीच एक मजबूत कड़ी स्थापित हो सके।



