
Mock Drill: जब आग का तांडव जीवन पर भारी पड़ने लगे, तो सिर्फ़ हौसला ही नहीं, बल्कि सटीक तैयारी भी ज़रूरी होती है। इसी तैयारी का एक जीवंत उदाहरण शनिवार को बखरी में देखने को मिला।
बखरी में Fire Safety Mock Drill: पीएचसी में आग से निपटने का पूर्वाभ्यास
बखरी पीएचसी में मॉक ड्रिल का आयोजन
शनिवार को बखरी के प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र (पीएचसी) में अग्निशमन विभाग के जांबाज़ कर्मियों द्वारा एक विशेष मॉक ड्रिल का आयोजन किया गया। इस अभ्यास का मुख्य उद्देश्य अस्पताल स्टाफ और मरीजों को आग लगने जैसी आपातकालीन स्थिति में सुरक्षित निकालने और आग बुझाने की प्राथमिक जानकारी प्रदान करना था। यह मॉक ड्रिल आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
इस दौरान, अग्निशमन दल ने विभिन्न प्रकार की आग और उन्हें बुझाने के तरीकों का सजीव प्रदर्शन किया। कर्मचारियों को आग बुझाने वाले यंत्रों (फायर एक्सटिंग्विशर) का सही इस्तेमाल सिखाया गया और यह भी बताया गया कि किस तरह आग लगने पर घबराने की बजाय सूझबूझ से काम लेना चाहिए। खासकर अस्पतालों में, जहां मरीज और संवेदनशील उपकरण होते हैं, वहां ऐसी आपातकालीन तैयारी अत्यंत महत्वपूर्ण हो जाती है।
कर्मचारियों को बताया गया कि आग लगने की स्थिति में सबसे पहले अलार्म बजाकर सबको सूचित करें, बिजली का मेन स्विच बंद करें और मरीजों को सुरक्षित स्थान पर पहुंचाएं। अग्निशमन कर्मियों ने मॉक ड्रिल के दौरान अस्पताल परिसर में आग लगने की काल्पनिक स्थिति निर्मित कर बचाव और राहत कार्यों का अभ्यास कराया। उन्होंने धुएं से भरे कमरे से लोगों को निकालने और प्राथमिक उपचार देने के तरीकों का भी प्रदर्शन किया। इस तरह की आपातकालीन तैयारी से न केवल जागरूकता बढ़ती है बल्कि किसी भी अनहोनी से निपटने की क्षमता भी विकसित होती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
आग से बचाव के उपाय और जन जागरूकता
अग्निशमन विभाग के अधिकारियों ने बताया कि इस तरह की मॉक ड्रिल नियमित रूप से आयोजित की जानी चाहिए, खासकर संवेदनशील स्थानों जैसे अस्पतालों और स्कूलों में। उन्होंने कहा कि आग से बचाव के लिए हमेशा सतर्क रहना चाहिए और छोटी सी लापरवाही भी बड़े हादसे का कारण बन सकती है। उन्होंने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के सभी कर्मचारियों को आग से बचाव के विभिन्न तरीकों और आपात स्थिति में त्वरित प्रतिक्रिया के महत्व पर बल दिया। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
यह अभ्यास न सिर्फ पीएचसी के स्टाफ बल्कि स्थानीय निवासियों के लिए भी एक संदेश था कि सुरक्षा नियमों का पालन करना कितना आवश्यक है। मॉक ड्रिल का सफल आयोजन इस बात का प्रमाण है कि स्थानीय प्रशासन आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। आपदा प्रबंधन के प्रति गंभीर है और भविष्य में किसी भी अप्रिय घटना से निपटने के लिए तैयार है।




