
Bihar Board 10th Result: हौसलों की उड़ान जब पंखों से होती है, तो आसमान भी छोटा लगने लगता है। बिहार बोर्ड की मैट्रिक परीक्षा में छात्राओं ने एक बार फिर अपनी काबिलियत का लोहा मनवाया है, जैसे शिक्षा के मैदान में बेटियां अब किसी से कम नहीं।
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट 2026: सिमुलतला और वैशाली की बेटियों ने किया कमाल, 81.79% हुए पास
बिहार बोर्ड 10th रिजल्ट: लड़कियों का जलवा बरकरार
बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) ने 10वीं यानी मैट्रिक के नतीजे का आधिकारिक तौर पर ऐलान कर दिया है। इस साल पुष्पांजलि कुमारी ने राज्य में शीर्ष स्थान हासिल किया है। पुष्पांजलि के साथ ही वैशाली की सृष्टि परवीन ने भी 492 अंक लाकर संयुक्त रूप से पहला स्थान प्राप्त किया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इस वर्ष कुल 81.79 फीसदी परीक्षार्थी उत्तीर्ण हुए हैं, जो पिछले वर्षों की तरह ही उत्साहजनक है।
पास होने वाले छात्र-छात्राओं के आंकड़ों पर गौर करें तो इस बार 6 लाख 1 हजार 390 लड़के सफल हुए हैं, जबकि 6 लाख 34 हजार 353 छात्राएं उत्तीर्ण हुई हैं। यह स्पष्ट दर्शाता है कि परिणाम में लड़कियों ने लड़कों पर बढ़त बनाई है। यह रुझान पिछले कुछ सालों से लगातार देखने को मिल रहा है, जहां छात्राएं शैक्षिक प्रदर्शन में निरंतर उत्कृष्ट प्रदर्शन कर रही हैं और इस बार भी वही तस्वीर दोहराई गई है।
देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/
टॉपर्स लिस्ट में बेटियों का दबदबा
इस बार शीर्ष स्थान हासिल करने वाली छात्राओं में सबसे अधिक चर्चा सिमुलतला की पुष्पांजलि कुमारी की है। उन्होंने 492 अंक (98.4%) प्राप्त कर पूरे राज्य में पहला स्थान प्राप्त किया। उनके साथ ही वैशाली जिले की सबरीन ने भी समान अंक (98.4%) लाकर संयुक्त रूप से प्रथम स्थान हासिल किया। ये दोनों छात्राएं शिक्षा के नए प्रतिमान स्थापित कर रही हैं। टॉपरों की सूची में दूसरा स्थान भी एक छात्रा ने ही प्राप्त किया है। बेगूसराय की नाहिद सुल्ताना ने 489 अंक यानी 97.8 फीसदी अंक लाकर दूसरा स्थान अपने नाम किया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
रिकॉर्ड समय में जारी हुए परिणाम
इस साल बिहार बोर्ड की मैट्रिक परीक्षा में कुल 15 लाख 10 हजार 928 परीक्षार्थियों ने हिस्सा लिया था। इतने बड़े पैमाने पर परीक्षा का आयोजन और फिर समय पर मैट्रिक रिजल्ट जारी करना अपने आप में एक बड़ी उपलब्धि मानी जा रही है। बोर्ड ने मूल्यांकन प्रक्रिया भी बेहद तेजी से पूरी की। कॉपियों का मूल्यांकन 2 मार्च से शुरू हुआ था और 13 मार्च तक संपन्न कर लिया गया। इसके बाद महज 16 दिनों के भीतर परिणाम जारी कर दिया गया, जो छात्रों और अभिभावकों के लिए बड़ी राहत की खबर है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
शिक्षा मंत्री और बोर्ड अध्यक्ष ने की घोषणा
मैट्रिक परीक्षा 2026 का परिणाम शिक्षा मंत्री सुनील कुमार और बिहार बोर्ड के अध्यक्ष आनंद किशोर ने संयुक्त रूप से जारी किया। एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के माध्यम से परिणाम की घोषणा की गई, जिसमें पास प्रतिशत, टॉपर्स और अन्य महत्वपूर्ण आंकड़े साझा किए गए। यह प्रक्रिया बोर्ड की पारदर्शिता और दक्षता को दर्शाती है।
दिलचस्प बात यह है कि इस बार भी परिणाम 29 मार्च को ही जारी किया गया, जैसा कि पिछले साल हुआ था। यह स्पष्ट संकेत देता है कि बोर्ड अब अपने निर्धारित कार्यक्रम पर ही कार्य कर रहा है और परिणामों में देरी की संभावना अब काफी कम हो गई है। यह एक सकारात्मक बदलाव है जो छात्रों के भविष्य को अनिश्चितता से बचाता है।

