back to top
⮜ शहर चुनें
मार्च, 3, 2026
spot_img

बिहार राजनीति: मंत्री दिलीप जायसवाल ने रोहिणी आचार्य को दी तीखी नसीहत, कहा- लालू-राबड़ी से मांगें न्याय

spot_img
spot_img
spot_img
spot_img
- Advertisement - Advertisement

Bihar Politics: सियासत के अखाड़े में निजी मामले भी कभी-कभी अखाड़े का हिस्सा बन जाते हैं, और जब बात बिहार की हो तो हर बयान एक नई बहस छेड़ देता है।

- Advertisement -

बिहार राजनीति: मंत्री दिलीप जायसवाल ने रोहिणी आचार्य को दी तीखी नसीहत, कहा- लालू-राबड़ी से मांगें न्याय

बिहार राजनीति: क्यों गरमाया रोहिणी आचार्य का ‘न्याय’ विवाद?

बिहार में राजनीतिक बयानबाजी का दौर थमने का नाम नहीं ले रहा है। हाल ही में, बिहार सरकार के वरिष्ठ मंत्री दिलीप जायसवाल ने राजद सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव की बेटी रोहिणी आचार्य को लेकर एक बड़ा बयान दिया है, जिसने सियासी गलियारों में हलचल मचा दी है। शनिवार को मीडिया से मुखातिब होते हुए जायसवाल ने स्पष्ट शब्दों में कहा कि अगर रोहिणी आचार्य को किसी भी तरह का न्याय चाहिए तो उन्हें मुख्यमंत्री नीतीश कुमार की बजाय अपने माता-पिता, लालू यादव और राबड़ी देवी से संपर्क साधना चाहिए। मंत्री के इस बयान को लालू परिवार के अंदरूनी मसलों में बढ़ते राजनीतिक हस्तक्षेप के तौर पर देखा जा रहा है।

- Advertisement -

जायसवाल ने अपने बयान में इस बात पर जोर दिया कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार किसी भी व्यक्ति के निजी मामलों में दखल नहीं देते हैं। यह बयान ऐसे समय आया है जब रोहिणी आचार्य कुछ निजी मुद्दों को लेकर चर्चा में हैं, हालांकि उनकी तरफ से कोई आधिकारिक बयान सामने नहीं आया है कि वे किस संदर्भ में न्याय की मांग कर रही हैं। मंत्री के इस कटाक्ष ने एक बार फिर साबित कर दिया है कि बिहार की राजनीति में व्यक्तिगत हमले और आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला कितनी गहराई तक पसरा हुआ है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  Patna Fire Safety: होली से पहले हाई अलर्ट पर पटना, 2500 जवान तैनात, 2 मिनट में पहुंचेगी दमकल

यह घटनाक्रम बिहार की सियासी तपिश को और बढ़ा सकता है, खासकर तब जब विधानसभा चुनाव नजदीक हों। राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि ऐसे बयान न केवल व्यक्तिगत छवि को प्रभावित करते हैं, बल्कि संबंधित दलों के बीच भी दूरियां बढ़ाने का काम करते हैं।

देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

निजी मामलों में मुख्यमंत्री का दखल नहीं: जायसवाल

दिलीप जायसवाल ने साफ किया कि नीतीश कुमार हमेशा सार्वजनिक हित और राज्य के विकास के मुद्दों पर ध्यान केंद्रित करते हैं। उन्होंने कहा, “मुख्यमंत्री का काम राज्य की जनता के लिए सुशासन सुनिश्चित करना है, न कि किसी के निजी झगड़ों में हस्तक्षेप करना।” मंत्री के इस बयान ने सत्ताधारी गठबंधन के भीतर एकजुटता का संदेश देने का प्रयास भी किया है, यह बताते हुए कि सरकार बेवजह के विवादों से दूर रहना चाहती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

रोहिणी आचार्य और उनके न्याय की मांग को लेकर अभी तक लालू परिवार या राजद की तरफ से कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया नहीं आई है। देखना दिलचस्प होगा कि इस बयान के बाद राजद और लालू परिवार इस पर क्या रुख अपनाते हैं। यह घटनाक्रम आगामी दिनों में बिहार की राजनीति में एक नया अध्याय खोल सकता है, जहां व्यक्तिगत और राजनीतिक सीमाएं एक बार फिर धुंधली होती नजर आ रही हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

चंद्र ग्रहण 2026: नकारात्मकता हरने वाले चंद्रदेव के 108 शक्तिशाली मंत्र

Chandra Grahan 2026: आगामी चंद्र ग्रहण के पवित्र अवसर पर, जब ब्रह्मांडीय ऊर्जाएं विशेष...

Holi 2026 Wishes: इस होली अपनों को भेजें प्यार भरे संदेश और स्टेटस

Holi 2026 Wishes: रंगों का त्योहार होली सिर्फ एक उत्सव नहीं, बल्कि आपसी प्रेम...

दुर्लभ Blood Moon 2026: तीन मार्च को दिखेगा आखिरी पूर्ण चंद्रग्रहण का अद्भुत नजारा

Blood Moon 2026: ब्रह्मांड की अलौकिक लीलाओं में चंद्र ग्रहण का अपना एक विशेष...

आज का लव राशिफल 03 मार्च 2026: प्रेम संबंधों में आएगी मधुरता या दूरियां?

Aaj Ka Love Rashifal: ज्योतिषीय गणनाओं और ग्रहों की चाल का हमारे जीवन पर...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें