Bihar Revenue News: बिहार में राजस्व और भूमि सुधार सेवाओं को लेकर सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। अब राज्य की हर पंचायत में कंप्यूटर ऑपरेटर सह क्लर्क की नियुक्ति की जाएगी, जिससे आम जनता को काफी सहूलियत मिलेगी। इसके साथ ही, हजारों राजस्व कर्मचारियों की बहाली का प्रस्ताव भी तैयार किया गया है।
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ऑनलाइन सेवाओं को मिलेगी मजबूती, जनता को सुविधा
राजस्व एवं भूमि सुधार मंत्री दिलीप कुमार जायसवाल ने हाल ही में एक महत्वपूर्ण घोषणा की है। उन्होंने बताया कि राज्य के प्रत्येक पंचायत में जल्द ही कंप्यूटर ऑपरेटर सह क्लर्क की नियुक्ति की जाएगी। यह पहल ऑनलाइन राजस्व सेवाओं को गांव-गांव तक पहुंचाने और उन्हें मजबूत बनाने के उद्देश्य से की गई है।
मंत्री जायसवाल ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से दरभंगा और शेखपुरा जिले के राजस्व कार्यों की समीक्षा करते हुए इस बात पर जोर दिया। उन्होंने कहा कि पंचायत स्तर पर ऐसे प्रशिक्षित कर्मियों की उपलब्धता से आम लोगों को कई ऑनलाइन सेवाओं का लाभ आसानी से मिल पाएगा। इसमें दाखिल-खारिज, परिमार्जन और ई-मापी जैसी महत्वपूर्ण सेवाएं शामिल हैं, जिनके लिए लोगों को अब दफ्तरों के चक्कर नहीं लगाने पड़ेंगे।
राजस्व कर्मचारियों की कमी होगी दूर, लंबित मामले निपटेंगे
राज्य में राजस्व मामलों के निष्पादन में तेजी लाने के लिए मानव संसाधनों की कमी एक बड़ी चुनौती रही है। इसी समस्या के समाधान हेतु सरकार ने एक बड़ा कदम उठाया है। राजस्व मंत्री ने जानकारी दी कि कुल 8054 राजस्व कर्मचारियों की बहाली का प्रस्ताव राज्य कर्मचारी चयन आयोग को भेज दिया गया है।
यह बहाली प्रक्रिया पूरी होने के बाद बिहार सरकार के विभिन्न विभागों में भी Bihar Government Jobs के अवसर पैदा होंगे, जिससे युवाओं को रोजगार मिलेगा। मंत्री जायसवाल ने विश्वास व्यक्त किया कि पर्याप्त संख्या में राजस्व कर्मचारी उपलब्ध होने से लंबित पड़े मामलों के निपटारे में अभूतपूर्व तेजी आएगी। इससे समयबद्ध तरीके से सभी राजस्व संबंधी कार्य पूरे हो सकेंगे, जिससे पारदर्शिता भी बढ़ेगी।
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अतिक्रमण पर सख्त रुख, समय पर निपटाने का निर्देश
मंत्री दिलीप कुमार जायसवाल ने अधिकारियों को अतिक्रमण से जुड़े मामलों पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि ऐसे मामलों को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए। यह सुनिश्चित करना आवश्यक है कि कोई भी अतिक्रमण का मामला अनिश्चितकाल तक लंबित न रहे।
बैठक के दौरान उन्होंने सभी संबंधित अधिकारियों को हिदायत दी कि वे निर्धारित समय सीमा के भीतर सभी लंबित अतिक्रमण संबंधी मामलों का निष्पादन सुनिश्चित करें। सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश में भूमि विवादों को कम किया जा सके और लोगों को उनकी संपत्ति पर पूरा अधिकार मिल सके। इस दिशा में अतिक्रमण पर त्वरित कार्रवाई अत्यंत महत्वपूर्ण है।
कुल मिलाकर, बिहार सरकार का यह कदम प्रदेश में राजस्व प्रशासन को आधुनिक और जनोन्मुखी बनाने की दिशा में एक बड़ा प्रयास है। पंचायतों में कंप्यूटर ऑपरेटरों की नियुक्ति और हजारों राजस्व कर्मचारियों की बहाली से न केवल प्रशासनिक दक्षता बढ़ेगी, बल्कि आम लोगों को भी त्वरित और पारदर्शी सेवाएं मिल सकेंगी। सरकार का लक्ष्य है कि लोगों को भूमि संबंधी कार्यों के लिए कम से कम परेशानी हो।
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