

Bihar Politics: सियासत की बिसात पर जब जनता के मुद्दों के मोहरे चले, तो पटना के विधान परिषद में भी हंगामा बरपा। सत्ता और विपक्ष के बीच बहस तेज हुई, और आम आदमी के दर्द को आवाज मिली। बिहार विधान परिषद की कार्यवाही के दौरान कई अहम जनसरोकार से जुड़े मुद्दों ने राजनीतिक गलियारों में बहस को तेज कर दिया है। सदस्यों ने जनहित के कई संवेदनशील विषयों पर सरकार का ध्यान आकर्षित किया, जिससे सदन का माहौल गरमा गया।
बिहार पॉलिटिक्स: विधान परिषद में गूंजे जनता के ज्वलंत सवाल, मेदांता भूमि विवाद से छात्र समस्या तक गरमाई बहस
राष्ट्रीय जनता दल (राजद) की सदस्य शशि यादव ने एक गंभीर मामला उठाया, जिसमें उन्होंने पटना के मेदांता अस्पताल के पास स्थित जमीन से गरीब परिवारों को विस्थापित किए जाने का मुद्दा रखा। उन्होंने सरकार से इस मामले पर संवेदनशीलता बरतने और इन परिवारों के पुनर्वास के लिए उचित कदम उठाने की मांग की। शशि यादव का कहना था कि इन परिवारों को बिना किसी वैकल्पिक व्यवस्था के हटाना मानवीय मूल्यों के खिलाफ है और सरकार को इस पर तुरंत संज्ञान लेना चाहिए।
यह भूमि विवाद कई दिनों से चर्चा का विषय बना हुआ है, और विधानसभा में इसकी गूंज बता रही है कि यह एक बड़ा सामाजिक मुद्दा बनता जा रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। इन गरीब परिवारों के भविष्य को लेकर सदस्य ने गहरी चिंता व्यक्त की और सरकार से एक ठोस नीति बनाने का आग्रह किया।
बिहार पॉलिटिक्स और जनता के मुद्दों पर विधान परिषद में जोरदार बहस
विधान परिषद में केवल भूमि विवाद का मुद्दा ही नहीं उठा, बल्कि मसौढ़ी में एक मैट्रिक छात्रा से जुड़े संवेदनशील मामले को भी जोरदार तरीके से उठाया गया। इस मुद्दे पर सदस्यों ने सरकार से सख्त कार्रवाई की मांग की और छात्राओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए प्रभावी कदम उठाने पर जोर दिया। सदस्यों ने कहा कि ऐसे मामलों में त्वरित न्याय आवश्यक है ताकि समाज में गलत संदेश न जाए।
सरकार की ओर से इन मुद्दों पर जवाब देने की तैयारी थी, लेकिन विपक्ष ने विभिन्न जनसरोकार से जुड़े सवालों को लेकर सदन में अपनी आवाज बुलंद रखी। यह बताता है कि जनहित के मुद्दे अब केवल स्थानीय स्तर पर ही नहीं, बल्कि राज्य के सबसे बड़े सदन में भी जोर-शोर से उठाए जा रहे हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/
विधान परिषद में उठाए गए अन्य महत्वपूर्ण विषय
सदन में सदस्यों ने अन्य महत्वपूर्ण विषयों पर भी सरकार का ध्यान खींचा। इनमें शिक्षा, स्वास्थ्य, बेरोजगारी और ग्रामीण विकास से संबंधित मुद्दे प्रमुख थे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। सदस्यों ने कहा कि सरकार को इन बुनियादी समस्याओं का समाधान प्राथमिकता के आधार पर करना चाहिए ताकि राज्य की जनता को राहत मिल सके। उन्होंने विभिन्न विभागों की कार्यप्रणाली पर भी सवाल उठाए और बेहतर प्रशासन की मांग की।
विधान परिषद की यह कार्यवाही बिहार में जनहित के मुद्दों को सामने लाने और सरकार को उनकी जिम्मेदारियों का एहसास कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। आने वाले दिनों में इन मुद्दों पर सरकार की तरफ से क्या कदम उठाए जाते हैं, यह देखना दिलचस्प होगा।

