
ईको-टूरिज्म: बिहार के ‘मिनी स्विट्जरलैंड’ कहे जाने वाले वाल्मीकिनगर के लिए आज का दिन ऐतिहासिक है। मुख्यमंत्री नीतीश कुमार अपने पसंदीदा गंतव्य के 17वें दौरे पर हैं, जहां वे प्रकृति प्रेमियों को कई सौगातें देंगे और क्षेत्र के विकास के लिए करोड़ों की योजनाओं का शिलान्यास व उद्घाटन करेंगे।
दोपहर 3:50 बजे वाल्मीकिनगर हवाई अड्डे पर उतरने के साथ ही सीएम का मिशन ‘ईको-टूरिज्म’ शुरू हो जाएगा, जिससे स्थानीय युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खुलने की उम्मीद है। वे नहर पथ का निरीक्षण, लवकुश पार्क की समीक्षा, ईको पर्यटन केंद्र का शिलान्यास और गिद्ध संरक्षण केंद्र का उद्घाटन करेंगे। साथ ही जंगल सफारी वाहनों को हरी झंडी दिखाएंगे।
वाल्मीकिनगर में ईको-टूरिज्म को बढ़ावा और नई सौगातें
मुख्यमंत्री के इस दौरे का सबसे मुख्य आकर्षण वाल्मीकिनगर परिसर में आयोजित कार्यक्रम है। यहां सीएम दो नए ‘गिद्ध संरक्षण केंद्रों’ का उद्घाटन करेंगे, जो लुप्तप्राय पक्षियों को बचाने की दिशा में बिहार सरकार की एक बड़ी पहल है। इन गिद्ध संरक्षण प्रयासों से बिहार की वन्यजीव संपदा को बढ़ावा मिलेगा। मुख्यमंत्री ‘ईको पर्यटन केंद्र’ का शिलान्यास करेंगे, जो भविष्य में पर्यटकों के लिए मुख्य केंद्र बनेगा। वन्यजीव प्रेमियों के लिए एक और खुशखबरी यह है कि सीएम नई ‘जंगल सफारी’ गाड़ियों को हरी झंडी दिखाकर रवाना करेंगे, जिससे अब पर्यटक और भी सुगमता से जंगल की खूबसूरती और बाघों की दहाड़ का अनुभव कर सकेंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। ये केंद्र न सिर्फ पर्यावरण संरक्षण में सहायक होंगे, बल्कि स्थानीय पर्यटन को भी बढ़ावा देंगे।
विकास कार्यों की समीक्षा और बगहा को जिला बनाने की उम्मीद
वाल्मीकिनगर पहुंचने के तुरंत बाद मुख्यमंत्री कार्य मोड में नजर आएंगे। वे सबसे पहले ‘दौन नहर शाखा सेवा पथ’ के पुनर्स्थापन कार्य का निरीक्षण करेंगे, जो क्षेत्रीय कनेक्टिविटी को बेहतर बनाने के लिए महत्वपूर्ण है। इसके बाद सीएम लवकुश पार्क जाएंगे, जहां चल रहे सौंदर्यीकरण और विकास कार्यों की समीक्षा की जाएगी।
विकास योजनाओं के बीच स्थानीय लोगों के मन में एक बड़ी उम्मीद तैर रही है। वर्षों से लंबित ‘बगहा को जिला बनाने’ की मांग को लेकर इस बार भारी उत्साह देखा जा रहा है। चूंकि मुख्यमंत्री पहले भी इसका आश्वासन दे चुके हैं, इसलिए कयास लगाए जा रहे हैं कि वे आज अपने संबोधन में कोई बड़ी घोषणा कर सकते हैं। जिलाधिकारी तरनजोत सिंह ने सुरक्षा और व्यवस्था की कमान संभाल ली है। मुख्यमंत्री का यह दौरा न केवल विकास कार्यों को गति देगा, बल्कि क्षेत्र में ईको-टूरिज्म की अपार संभावनाओं को भी साकार करेगा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। मुख्यमंत्री का यह दौरा वाल्मीकिनगर को नई पहचान देने वाला साबित हो सकता है।
मुख्यमंत्री दोपहर में पटना से हेलीकॉप्टर द्वारा वाल्मीकिनगर पहुंचेंगे और वहां विभिन्न परियोजनाओं का निरीक्षण और उद्घाटन करेंगे। शाम तक उनका कार्यक्रम पूरा कर वे वापस पटना लौट जाएंगे। प्रशासन ने दौरे को लेकर सुरक्षा और व्यवस्था के पुख्ता इंतजाम किए हैं। वाल्मीकिनगर मुख्यमंत्री के पसंदीदा क्षेत्रों में गिना जाता है। वे अब तक यहां 16 बार आ चुके हैं और कई विकास योजनाओं की शुरुआत कर चुके हैं। यही वजह है कि इस बार का दौरा भी खासा अहम माना जा रहा है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।







