

बिहार विधानमंडल में बजट सत्र के चौथे दिन गुरुवार को उप मुख्यमंत्री सह वित्त मंत्री तारकिशोर प्रसाद ने वित्त वर्ष 2021-22 के आय-व्ययक से संबंधित 7894.2624 करोड़ रुपये का तृतीय अनुपूरक बजट पेश किया।
तारकिशोर प्रसाद ने बताया कि तृतीय अनुपूरक 2021-22 व्यय विवरण के मुताबिक वार्षिक स्कीम मद में 5,802.9153 करोड़ रुपये, स्थापना एवं प्रतिबद्ध व्यय मद में (प्रभृत सहित) 2,087.9791 करोड़ रुपये और केन्द्रीय क्षेत्र स्कीम मद में 3.3680 करोड़ रुपये व्यय हुए। वित्त मंत्री ने कहा कि वार्षिक स्कीम के अन्तर्गत 5,802.9153 करोड़ रुपये की राशि का प्रावधान तृतीय अनुपूरक में प्रस्तावित किया गया है।
इसके मुताबिक केन्द्र प्रायोजित स्कीम के केन्द्रांश एवं राज्यांश मद में कुल 4,290.9263 करोड़ रुपये की राशि में 2467.00 करोड़ रुपये (सम्पूर्ण राज्यांश) प्रधानमंत्री आवास योजना (ग्रामीण) के लिए, 1014.00 करोड़ रुपये
(610.00 करोड़ रुपये केन्द्रांश एवं 404.00 करोड़ रुपये राज्यांश) राष्ट्रीय ग्रामीण आजीविका मिशन के लिए, 489.93 करोड़ रुपये (सम्पूर्ण केन्द्रांश) अन्तर्गत ऊर्जा के स्कीम के लिए,92.10 करोड़ रुपये (56.29 करोड़ रुपये केन्द्रांश एवं 35.81 करोड़ रुपये राज्यांश) प्रधानमंत्री सूक्ष्म खाद्य उन्नयन योजना के लिए और 76.63 करोड़ रुपये (45.98 करोड़ रुपये केन्द्रांश एवं 30.65 करोड़ रुपये राज्यांश) राष्ट्रीय कृषि विकास योजना के लिए रखी गई है।
डिप्टी सीएम ने कहा कि वार्षिक स्कीम के राज्य स्कीम मद में कुल 1,511.9890 करोड़ रुपये में 400.00 करोड़ रुपये मुख्यमंत्री ग्राम संपर्क योजना के लिए, 200.00 करोड़ रुपये अभियंत्रण महाविद्यालय भवन (निश्चय) के लिए, 200.00 करोड़ रुपये बाढ़ नियंत्रण परियोजनाओं के लिए, 133.34 करोड़ रुपये दरभंगा हवाई अड्डा के लिए, 100.00 करोड़
बिहार विधानमंडल में 7894.2624 करोड़ रुपये का तृतीय अनुपूरक बजट पेश
रुपये इंजीनियरिंग/तकनीकी महाविद्यालय और संस्थाओं के भवन के लिए, 70.00 करोड़ रुपये समाज कल्याण अन्तर्गत भवनों के निर्माण के लिए, 65.00 करोड़ रुपये सतत जीविकोपार्जन योजना के लिए, 55.56 करोड़ रुपये कृषि कार्यालय भवन के लिए और 50.00 करोड़ रुपये मुख्यमंत्री वृद्धजन पेंशन योजना के लिए होगी।
इसके अलावा 644.22 करोड़ रुपये षष्ठम राज्य वित्त आयोग की अनुशंसा के तहत पंचायती राज संस्थाओं के लिए, 535.00 करोड़ रुपये राज्य के विद्युत उपभोक्ता को सब्सिडी मद में, 391.00 करोड़ रुपये प्राकृतिक आपदा के कारण राहत के लिए और 320.04 करोड़ रुपये षष्ठम राज्य वित्त आयोग द्वारा नगर निकायों को निर्धारित अनुदान के लिए (अन्तर राशि) है। उन्होंने कहा कि केन्द्रीय क्षेत्र स्कीम में अतिरिक्त प्रावधान 3.3680 करोड़ रुपये प्रस्तावित है, जिसमें 3.06 करोड़ रुपये निर्भया स्कीम के लिए प्रावधानित है, जिसकी राशि केन्द्र सरकार से प्राप्त हो चुकी है।


