spot_img

Bihar Police Corruption: किशनगंज के इंस्पेक्टर के 5 ठिकानों पर EOU की छापेमारी, करोड़ों की बेनामी संपत्ति का खुलासा

spot_img
- Advertisement -

Bihar Police Corruption: बिहार में भ्रष्टाचार के खिलाफ कार्रवाई अब और तेज हो गई है। राज्य की आर्थिक अपराध इकाई (EOU) ने किशनगंज जिले में तैनात एक पुलिस इंस्पेक्टर अभिषेक कुमार रंजन के कई ठिकानों पर एक साथ छापेमारी की है। इस कार्रवाई से पुलिस महकमे में हड़कंप मच गया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।

- Advertisement -

ईओयू के अधिकारियों के अनुसार, किशनगंज के टाउन थाना में पदस्थापित इंस्पेक्टर अभिषेक कुमार रंजन के विभिन्न ठिकानों पर आय से अधिक संपत्ति के मामले में यह बड़ी कार्रवाई की गई है। पटना, छपरा और किशनगंज स्थित उनके कुल पांच ठिकानों पर मंगलवार सुबह एक साथ छापेमारी शुरू की गई।

- Advertisement -

आय से अधिक संपत्ति का मामला और दर्ज प्राथमिकी

इंस्पेक्टर अभिषेक कुमार रंजन के खिलाफ उनकी ज्ञात आय से अधिक संपत्ति अर्जित करने के आरोप में मामला दर्ज किया गया है। प्रारंभिक जांच में यह सामने आया है कि उनके पास करीब 1.70 करोड़ रुपये की संपत्ति है, जो उनकी आय के स्रोतों से लगभग 115 प्रतिशत अधिक बताई जा रही है। यह स्पष्ट रूप से आय से अधिक संपत्ति का मामला है। इस आधार पर उनके खिलाफ विधिवत प्राथमिकी दर्ज कर आगे की कार्रवाई की जा रही है।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  Munger News: मुंगेर-मिर्जाचौकी Greenfield Four-lane 30 जून तक होगा तैयार, झारखंड-बंगाल का सफर होगा आसान

इस मामले में ईओयू थाना कांड संख्या 05/26, दिनांक 13 अप्रैल 2026 के तहत मामला दर्ज किया गया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। यह मामला भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 (संशोधित 2018) की धाराओं 13(2) और 13(1)(बी) के अंतर्गत दर्ज किया गया है। छापेमारी अभियान के लिए पटना स्थित विशेष निगरानी न्यायालय से विधिवत वारंट भी प्राप्त किया गया था।

छापेमारी का दायरा और कानूनी प्रक्रिया

इस अभियान का नेतृत्व पुलिस उपाधीक्षक स्तर के अधिकारी कर रहे हैं और इसमें कई टीमों को शामिल किया गया है। अधिकारियों का कहना है कि तलाशी के दौरान महत्वपूर्ण दस्तावेज, चल-अचल संपत्तियों से संबंधित कागजात और अन्य साक्ष्य जुटाए जा रहे हैं। बरामद होने वाली संपत्तियों और दस्तावेजों की विस्तृत जानकारी तलाशी पूरी होने के बाद ही सार्वजनिक की जाएगी। फिलहाल, सभी टीमों द्वारा अलग-अलग स्थानों पर सघन जांच जारी है और हर पहलू की बारीकी से पड़ताल की जा रही है।

Bihar Police Corruption: कार्रवाई का दायरा और आगे बढ़ेगा?

गौरतलब है कि इससे पहले भी किशनगंज जिले में एक पुलिस उपाधीक्षक स्तर के अधिकारी के खिलाफ इसी तरह की कार्रवाई की गई थी। लगातार हो रही इन कार्रवाइयों को राज्य सरकार और जांच एजेंसियों की ओर से भ्रष्टाचार के खिलाफ सख्त रुख के संकेत के रूप में देखा जा रहा है। विशेषज्ञों का मानना है कि इस तरह की कार्रवाइयों से न केवल सरकारी तंत्र में पारदर्शिता बढ़ेगी, बल्कि भ्रष्टाचार में लिप्त अधिकारियों के बीच भय का माहौल भी बनेगा। इससे आम जनता का प्रशासन पर भरोसा मजबूत होने की उम्मीद है। इस तरह की कार्रवाइयों से Bihar Police Corruption पर लगाम कसने की उम्मीद जगी है।

ईओयू के अधिकारियों ने स्पष्ट किया है कि भ्रष्टाचार के मामलों में किसी भी स्तर पर लिप्त पाए जाने वाले व्यक्तियों को बख्शा नहीं जाएगा। जांच के दौरान यदि अन्य लोगों की संलिप्तता सामने आती है, तो उनके खिलाफ भी कार्रवाई की जाएगी। इस पूरे घटनाक्रम ने पुलिस विभाग के भीतर भी हलचल पैदा कर दी है। विभागीय स्तर पर भी इस मामले की समीक्षा की जा रही है और आने वाले समय में इस मामले में और बड़े खुलासे होने की संभावना जताई जा रही है।

यह भी पढ़ें:  Bengal Rail Traffic: बंगाल में मेगा ब्लॉक, हावड़ा-पटना समेत दर्जनों ट्रेनें प्रभावित, देखें लिस्ट

देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

Darbhanga News: डीएमसीएच में ‘नवजात पुनर्जीवन प्रशिक्षण’, सुरक्षित होगा हर शिशु का पहला श्वास

Newborn Resuscitation: जन्म के बाद हर शिशु की पहली साँस सुनिश्चित करना अब एक...

Gopalganj News : पुलिस चेज़ का खौफनाक अंजाम: शराब तस्करों की बाइक ने मासूम को कुचला, हालत नाजुक

पुलिस चेज़: गोपालगंज में एक पुलिसिया कार्रवाई ने मासूम बच्चे की जान पर आफत...