back to top
⮜ शहर चुनें
जनवरी, 6, 2026

Action Plan: बिजली संकट लंबा खिंचने के आसार, बनी योजना, शहरी और ग्रामीण इलाकों के लिए रोटेशन और प्राथमिकता तय, जानिए कैसे पहुंचेगी आपके घरों तक बिजली, पढ़िए पूरी खबर

spot_img
spot_img
- Advertisement - Advertisement

पिछले कई दिनों की तर्ज पर बुधवार को भी बिहार को केंद्रीय कोटे से 1000 मेगावाट से कम बिजली मिली। इस कारण कंपनी ने खुले बाजार से 1200 मेगावाट से अधिक की खरीदारी की। देर शाम तक राज्य में 5500 मेगावाट की आपूर्ति की गई।

- Advertisement -

ग्रामीण फीडर में घंटों लोडशेडिंग

- Advertisement -

शहरी इलाके में पूजा पंडालों को देखते हुए बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की गई। हालांकि जरुरत 6000 मेगावाट से अधिक की थी। मांग की तुलना में 500-700 मेगावाट कम होने के कारण ग्रामीण फीडर में घंटों लोडशेडिंग की गई।

- Advertisement -

कई ग्रामीण फीडरों को आठ से 10 घंटे तक लोडशेडिंग पर रखना पड़ा। कंपनी अधिकारियों ने दावा किया कि राज्य की जरुरत के अनुसार खुले बाजार से बिजली खरीदकर आपूर्ति की जा रही है। इस स्थिति पर जल्द ही काबू पा लिया जाएगा।

बिजली संकट को देखते हुए कंपनी ने रोटेशन प्लान पर अमल शुरू कर दिया है। कंपनी ने इंजीनियरों को कहा है कि वह प्राथमिकता के आधार पर बिजली आपूर्ति सुनिश्चित करे।

लेकिन यह भी सुनिश्चित करें कि शहर के साथ ही ग्रामीण इलाकों में भी कम से कम 15 घंटे बिजली आपूर्ति हो। इसके लिए ग्रामीण फीडर को क्रमवार तरीके से बिजली आपूर्ति करने के लिए कहा गया है।

बिजली का मौजूदा संकट अभी लंबा खिंचने के आसार 

कंपनी अधिकारियों के अनुसार अगले कुछ दिनों तक इस संकट के कायम होते देख कंपनी ने इंजीनियरों को कहा है कि वह रोटेशन प्लान पर अमल करें।

यह भी पढ़ें:  Patna News: डिप्टी सीएम के नाम पर पिटाई, पटना पुलिस का 'बड़ा एक्शन', दो आरोपी गिरफ्तार!

कंपनी का रोटेशन प्लान पहले से ही तय है। इस संकट काल को देखते हुए कंपनी ने तय किया है कि सबसे पहले औद्योगिक प्रक्षेत्र को जरुरत के अनुसार बिजली दी जाए ताकि राज्य के औद्योगिक उत्पादन पर कोई असर नहीं हो।

इसके बाद राजधानी सहित सूबे के प्रमुख शहरों, जिला मुख्यालयों में बिजली आपूर्ति सुनिश्चित की जाएगी। आपातकाल सेवा से जुड़े अस्पतालों आदि की बिजली आपूर्ति भी प्राथमिकता के आधार पर दी जाएगी।

यह भी पढ़ें:  Bihar Weather: बिहार में सर्दी... अगले 4 दिन, गिरेगा पारा या निकलेगी धूप, जानिए IMD अलर्ट

इसके बाद अनुमंडल व प्रखंड मुख्यालयों को बिजली दी जाएगी। जो फीडर केवल ग्रामीण इलाकों से जुड़े होंगे, उसे क्रमवार तरीके से बिजली आपूर्ति रोटेशन के आधार पर दी जाएगी। अर्थात अगर दो ग्रामीण फीडर होंगे तो दोनों को एक अनुपात में बिजली रोटेशन के आधार पर दी जाएगी।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

सैमसंग गैलेक्सी बुक 6 सीरीज: AI Technology के साथ आया इंटेल कोर अल्ट्रा 3 प्रोसेसर का दम

AI Technology: CES 2026 में सैमसंग ने अपनी नई गैलेक्सी बुक 6 सीरीज लॉन्च...

ट्रेंट के शेयरों में भारी गिरावट: क्या Share Market में निवेश का भरोसा टूटा?

Share Market: भारतीय शेयर बाजार में निवेश करना जहां अकूत संपत्ति बनाने का मौका...

Neena Gupta का छलका दर्द: कहा, ‘काश कमर्शियल फिल्मों में लीड रोल मिलते!’

Neena Gupta News: बॉलीवुड की दिग्गज अदाकारा नीना गुप्ता का नाम उन सितारों में...

Traffic Challan: दिल्ली लोक अदालत में निपटाएं अपने लंबित चालान, जानें पूरी प्रक्रिया

Traffic Challan: दिल्ली में अपने पेंडिंग ट्रैफिक चालानों से मुक्ति पाने का सुनहरा मौका...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें