
NEET छात्रा मौत: पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में एक NEET छात्रा की संदिग्ध मौत का मामला गरमाता जा रहा है। अपनी बेटी को इंसाफ दिलाने के लिए बेबस मां अब इनकम टैक्स गोलंबर पर धरने पर बैठ गई हैं, वहीं पूर्णिया सांसद पप्पू यादव ने इस मुद्दे पर प्रशासन और जांच एजेंसियों के खिलाफ मोर्चा खोल दिया है। परिजनों का आरोप है कि यह हत्या का मामला है, लेकिन जांच की धीमी गति दोषियों को बचाने की कोशिश कर रही है।
पप्पू यादव का समाज और सिस्टम पर तल्ख निशाना
पप्पू यादव के तेवर इनकम टैक्स गोलंबर से सीबीआई दफ्तर तक निकाले गए मार्च के दौरान बेहद तल्ख थे। उन्होंने न केवल सरकार पर निशाना साधा, बल्कि समाज की चुप्पी पर भी गहरा दुख व्यक्त किया। पप्पू यादव ने कहा कि आज समाज इतना संवेदनहीन हो गया है कि फारबिसगंज जैसी घटनाओं में लोग मर जाते हैं और कोई खड़ा नहीं होता। उन्होंने सत्ता पर काबिज नेताओं को आड़े हाथों लेते हुए कहा कि वे सिर्फ अपने ड्राइवर और चपरासी को मुख्यमंत्री बनाने की जोड़-तोड़ में लगे हैं, जबकि प्रदेश की बेटियों की सुरक्षा भगवान भरोसे है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। सांसद पप्पू यादव ने आरोप लगाया कि सीबीआई इस मामले में उनसे यह पूछती है कि उन्होंने परिजनों को कितनी आर्थिक मदद दी, जबकि अब तक असली गुनहगारों की गिरफ्तारी नहीं हुई है।
इंसाफ के लिए ‘न्याय मार्च’ और मां की पुकार
हाथों में पोस्टर लिए, छात्रा के परिजन और दर्जनों छात्र आज पटना की सड़कों पर उतरे। इनकम टैक्स गोलंबर से शुरू हुआ यह पैदल मार्च बेली रोड होते हुए सीबीआई दफ्तर के घेराव के लिए बढ़ा। छात्रा की मां की चीखें वहां मौजूद हर शख्स को झकझोर रही थीं। इस पटना प्रदर्शन का मुख्य उद्देश्य सीबीआई जांच में तेजी लाना और दोषियों को सलाखों के पीछे पहुंचाना है। परिजनों का कहना है कि जब तक सीबीआई की जांच में तेजी नहीं आती और दोषियों को सलाखों के पीछे नहीं भेजा जाता, वे पटना की सड़कों से नहीं हटेंगे। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें
NEET छात्रा मौत: हॉस्टल सुरक्षा और जांच पर गंभीर सवाल
पटना के शंभू गर्ल्स हॉस्टल में हुई इस NEET छात्रा मौत की घटना ने शहर के तमाम निजी हॉस्टलों की सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोल दी है। NEET जैसी कठिन परीक्षा की तैयारी करने आई छात्रा की मौत ने अभिभावकों के मन में डर पैदा कर दिया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। प्रदर्शनकारियों की मांग है कि हॉस्टल संचालक से लेकर संदिग्धों तक पर त्वरित कार्रवाई हो। अब सबकी नजरें इस बात पर टिकी हैं कि इस बड़े विरोध प्रदर्शन के बाद सीबीआई की जांच किस दिशा में मुड़ती है।







