
नीतीश कुमार यात्रा: बिहार के सियासी गलियारों में एक बार फिर नीतीश कुमार की संभावित यात्रा को लेकर हलचल तेज है। लेकिन इस बार की ‘यात्रा’ उनके पिछले दौरों से बिल्कुल अलग होने वाली है, क्योंकि अब वह मुख्यमंत्री की नहीं बल्कि जेडीयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष के तौर पर जनता के बीच जाएंगे। समझिए, क्या है इस नए फॉर्मेट में खास और क्यों यह ‘नीतीश कुमार यात्रा’ राजनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है।
यात्रा का बदलेगा पारंपरिक अंदाज़
भुवनेश्वर वात्स्यायन, पटना से: जदयू के कार्यकारी राष्ट्रीय अध्यक्ष के रूप में नीतीश कुमार की जो यात्रा इस बार शुरू होने जा रही है, वह बिल्कुल ही नए फॉर्मेट में होगी। सरकार की योजनाओं के क्रियान्वयन से जुड़ा इनपुट पहले से ही नीतीश कुमार के पास उपलब्ध होगा। वह यह देखेंगे कि स्थानीय स्तर पर उन्होंने जो योजनाएं शुरू की थीं, वे किस हाल में हैं। उनकी संभावित यात्रा की रूटीन में यह भी जोड़ा जा रहा है कि वह जिला स्तर पर सक्रिय जदयू के नेताओं से भी बात करेंगे। नीतीश कुमार ने जिस समय यह तय किया था कि वह राज्यसभा जाएंगे, उसी समय उन्होंने अपने ‘एक्स’ हैंडल पर यह लिखा था कि वह सरकार के कार्यों व जेडीयू संगठन पर भी नजर रखेंगे। दो दिन पहले जब जदयू विधायक दल की बैठक एक अणे मार्ग में हुई, तब उन्होंने अपनी संभावित यात्रा के बारे में जदयू विधायकों को बताया था।
आम तौर पर अपनी यात्रा के क्रम में नीतीश कुमार बतौर मुख्यमंत्री प्रमंडल व जिले के वरिष्ठ अधिकारियों के साथ समाहरणालय परिसर में बैठक किया करते थे और योजनाओं के क्रियान्वयन की समीक्षा होती थी। पिछली नीतीश कुमार यात्रा के विपरीत इस बार उनकी जो यात्रा हो रही है, उसमें यह नहीं होगा। योजनाओं के क्रियान्वयन से जुड़ा इनपुट पहले से ही उनके पास होगा, जिसके आधार पर वे जमीनी हकीकत जानेंगे।
जमीनी फीडबैक और जेडीयू संगठन को मिलेगी धार
अपनी इस खास यात्रा में नीतीश कुमार अपने दल के लोगों से स्थानीय स्तर पर योजनाओं के क्रियान्वयन की गति पर फीडबैक लेंगे। अगर कोई अड़चन है, तो उसे दूर करने को लेकर किस तरह के काम चल रहे हैं, इस पर भी चर्चा होगी। मुख्यमंत्री ने पिछले दिनों अपनी समृद्धि यात्रा के दौरान बड़ी संख्या में आधारभूत संरचना से जुड़ी योजनाओं का कार्यारंभ व शिलान्यास किया था। उसकी वर्तमान स्थिति का वह जायजा लेंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। एनडीए के घटक दल के रूप में वह इन योजनाओं की गति पर उच्च स्तर पर विमर्श करेंगे। इसके अलावा, पिछले वर्ष हुए विधानसभा चुनाव के पहले कई महत्वपूर्ण सामाजिक सुरक्षा योजनाओं के नए सिरे से शुरू कराया था और सामाजिक सुरक्षा पेंशन योजनाओं की राशि में बढ़ोतरी की गई थी। इन योजनाओं के अपडेट पर भी वह बात करेंगे। सरकार के गठन के बाद सात निश्चय-3 के तहत ली गई योजनाओं का भी हाल देखेंगे।
महत्वपूर्ण यह है कि इस नई नीतीश कुमार यात्रा में नीतीश कुमार जदयू के स्थानीय नेताओं को भी अपना कुछ समय देंगे। उनके साथ सरकार की योजनाओं के साथ-साथ जेडीयू संगठन पर भी बात होगी। किस तरह से उन्हें सक्रिय रहना है, इस पर भी बात होगी, ताकि संगठन को और धार मिल सके। स्थानीय विधायक व जनप्रतिनिधि भी उनकी इस यात्रा में जुड़ेंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।







