back to top
29 नवम्बर, 2025

पटना की बेऊर जेल में 3 घंटे तक चली छापेमारी, चप्पे-चप्पे की तलाशी, जानें क्या मिला?

spot_img
spot_img
- Advertisement - Advertisement

पटना न्यूज़: पटना की बेऊर जेल में उस वक्त हड़कंप मच गया, जब सुबह होने से पहले ही भारी पुलिस बल ने जेल को चारों तरफ से घेर लिया. जब तक जेल के अंदर मौजूद कैदी और कर्मचारी कुछ समझ पाते, एक बड़ी कार्रवाई शुरू हो चुकी थी, जिसकी किसी को कानों-कान खबर तक नहीं थी.

- Advertisement - Advertisement

सुबह 5 बजे शुरू हुई कार्रवाई

शनिवार की सुबह पटना की सेंट्रल जेल बेऊर में पुलिस और प्रशासन की टीम ने औचक छापेमारी की. यह कार्रवाई सुबह 5 बजे शुरू हुई और करीब 3 घंटे तक चली. इस दौरान जेल के अंदर किसी के आने-जाने पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई थी. प्रशासन की इस अचानक हुई कार्रवाई से जेल परिसर में अफरा-तफरी का माहौल बन गया.

- Advertisement - Advertisement

चप्पे-चप्पे की ली गई तलाशी

छापेमारी करने पहुंची टीम ने जेल के हर एक वार्ड और कोने की सघन तलाशी ली. सूत्रों के मुताबिक, टीम ने जेल के एक-एक हिस्से को खंगाला ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि अंदर कोई भी अवैध या आपत्तिजनक वस्तु तो नहीं है. इस अभियान की मुख्य बातें निम्नलिखित हैं:

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  इस बार बदला-बदला दिखेगा बिहार विधानसभा का नजारा, कागज नहीं टैबलेट से लैस होंगे माननीय

Update — Deshaj Times WhatsApp Channel: अब ब्रेकिंग न्यूज से लेकर बिहार की हर बड़ी खबर—अब तुरंत आपके WhatsApp पर, क्लिक करें

Update — Deshaj Times WhatsApp Channel: अब ब्रेकिंग न्यूज से लेकर बिहार की हर बड़ी खबर—अब तुरंत आपके WhatsApp पर, क्लिक करें


 

  • छापेमारी का समय: सुबह 5 बजे से 8 बजे तक
  • अवधि: लगभग 3 घंटे
  • नेतृत्व: पुलिस और प्रशासनिक अधिकारियों की संयुक्त टीम
  • मकसद: जेल की सुरक्षा व्यवस्था का जायजा लेना और अवैध गतिविधियों पर रोक लगाना
यह भी पढ़ें:  पटना PMCH का नया अवतार, अब सीधे छत पर लैंड करेगा हेलीकॉप्टर, CM नीतीश ने दिए कड़े निर्देश

बाहुबली विधायक भी हैं इसी जेल में बंद

यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि बेऊर जेल बिहार की सबसे संवेदनशील जेलों में से एक है, क्योंकि यहां कई बड़े और बाहुबली कैदी बंद हैं. मोकामा से विधायक अनंत सिंह भी इसी जेल में अपनी सजा काट रहे हैं. ऐसे हाई-प्रोफाइल कैदियों की मौजूदगी के कारण जेल की सुरक्षा हमेशा एक बड़ी चुनौती होती है. इसी के मद्देनजर समय-समय पर इस तरह की औचक छापेमारी की जाती है.

हालांकि, करीब तीन घंटे तक चली इस सघन तलाशी के बाद भी पुलिस को जेल के अंदर से कोई भी आपत्तिजनक वस्तु नहीं मिली. अधिकारियों ने बताया कि यह एक रूटीन जांच प्रक्रिया का हिस्सा था, जिसका उद्देश्य जेल के अंदर अनुशासन और सुरक्षा व्यवस्था को बनाए रखना है.

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

कांग्रेस पर गिरिराज सिंह का बड़ा हमला, बोले- ‘आपसी लड़ाई से ही खत्म हो जाएगी पार्टी’

पटना: बिहार की राजनीति में कांग्रेस के भीतर चल रहे घमासान पर भारतीय जनता...

पटना में रातभर सड़क पर गाड़ी खड़ी की तो खैर नहीं, प्रशासन ने दी बड़ी चेतावनी

Patna News: पटना की सड़कों पर रात में अपनी गाड़ी पार्क करके आराम की नींद...

कोसी का ‘शोक’ अब बनेगा ‘वरदान’? दशकों बाद शुरू हुआ महात्वाकांक्षी प्रोजेक्ट, बदल जाएगी उत्तर बिहार की तस्वीर!

सुपौल: सुपौल से वो तस्वीरें सामने आई हैं, जो उत्तर बिहार के लिए किसी...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें