back to top
⮜ शहर चुनें
फ़रवरी, 19, 2026
spot_img

अब मुखिया जी खरीदेंगे कचरा प्रबंधन के लिए लाल-हरे रंग के डस्टबिन, पंचायत स्तर पर होगी खरीदारी

spot_img
- Advertisement - Advertisement

हरी क्षेत्र की तर्ज पर अब गांवों की सूरत बदलने वाली है। शहर की तरह अब पंचायतों में कचरा उठाव के लिए हर गांव के हर घर में हरा और नीला डस्टबिन बांटा जाएगा। इसके साथ ही अब मुखिया जी नई जिम्मेदारी भी मिलेगी जो खरीदेंगे कचरा प्रबंधन के लिए लाल-हरे रंग के डस्टबिन। इसकी खरीदारी पंचायत स्तर पर होगी।

- Advertisement -

जारी पत्र में पंचायत स्तर पर मुखिया के देखरेख में डस्टबीन से लेकर ई- रिक्शा की खरीदारी की जाएगी। जिला प्रशासन स्तर पर अधिकारी गुणवता की देखरेख करेंगे ताकि घटिया सामान खरीदारी नहीं हो सकें।

- Advertisement -

सार्वजनिक स्थानों पर भी बड़े-बड़े डस्टबिन लगाए जाएंगे। जिला को स्वच्छ व सुंदर बनाने के लिए शहर के अलावा ग्रामीण स्तर पर भी स्वच्छता अभियान चलाया जाएगा। स्वच्छ और सुंदर बनाने के लिए अब गांवों में भी सफाई अभियान पर फोकस किया जा रहा है।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  Khesari Lal Yadav: खेसारी लाल यादव का बड़ा बयान: राजनीति नहीं, 'कलाकार' हूं मैं, पवन सिंह विवाद पर साधी चुप्पी!

जानकारी के अनुसार, जिला जल एवं स्वच्छता समिति के अंतर्गत पंचायतों में ठोस और गीला कचरा प्रबंधन को मंजूरी दी गई है। लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान अन्तर्गत ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन के लिए जो राशि खर्च की जाएगी वह स्वच्छ भारत मिशन(ग्रामीण ) मनरेगा व 15 वित्त से खर्च की जाएगी। इसके तहत ग्रामीण क्षेत्रों में भी सूखा एवं गीला कचरा को अलग-अलग रखने के लिए जागरूक किया जाएगा।

इन पंचायतों में ठोस और तरल कचरा का प्रबंधन किया जाएगा। सभी पंचायत के सभी वार्ड के प्रत्येक घर मे दो -दो डस्टबिन खरीद कर दिया जाएगा। वार्ड स्तर पर कचड़ा कलेक्शन करने के लिए एक ठेला को भी वार्ड स्तर पर मिलेंगे जो कि कचरा का कलेक्शन करेंगी।

योजना को क्रियान्वयन करने के लिये पंचायत स्तर पर पंचायत क्रियान्वयन समिति के नाम से खाता खोला गया है। इसी खाते में राशि भेजी गई है। लोहिया स्वच्छता अभियान के तहत ग्राम पंचायतों में वेस्ट प्रोसेसिंग यूनिट निर्माण करने, ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन के तहत किया जाने वाले कार्यों के लिये नियमानुसार सामग्री खरीदारी की जाएगी।

वहीं सूत्रों की माने तो पंचायत में सामानों की आपूर्ति करने के लिए आपूर्तिकर्ता जिला ग्रामीण विभाग का चक्कर लगाने में जुटे हुए है। हालांकि योजना के अध्यक्ष डीएम है। पटना से लेकर जिला स्तर पर आपूर्तिकतार्ओं ने जिला ग्रामीण विकास विभाग में अपना अपना कागजात को जमा किया है कि जिला स्तर पर उसे पंचायत में आपूर्ति करने के लिए अधिकृत किया जा सकें।

यह भी पढ़ें:  Bihar Land Dispute: बिहार में बकाश्त भूमि विवाद पर छिड़ी बहस, JDU MLA नीरज ने अपनी ही सरकार को घेरा

लोहिया स्वच्छ बिहार अभियान अन्तर्गत ठोस एवं तरल अपशिष्ट प्रबंधन कार्य शुरू होने के बाद चयनित पंचायतों के वार्डों में स्थानीय स्तर पर लोगों को रोजगार भी मिलेगा। इसके तहत हरेक वार्ड में 2-2 कर्मी बहाल होंगे। हर पंचायत में 5-5 कर्मियों की भी नियुक्ति होगी।

गोपालगंज के जिला सलाहकार ठोस एवं तरल अविष्ट प्रबंधक शशि कुमार ने बताया कि 90 रूपए प्रति डस्टबिन की का कीमत निर्धारित किया गया है। इसी प्रकार दो पीस स्टैड के साथ लोहे का डस्टबीन 1800 रूपए, एक टेला 20 हजार रूपए और ई- रिक्शा 1 लाख 80 हजार रूपए में खरीदे जाएगें। इसकी खरीदारी पंचायत स्तर पर क्रय समिति की ओर से खरीदा जाएगा।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

आज का पंचांग: 19 फरवरी 2026, गुरुवार का शुभ-अशुभ मुहूर्त और धार्मिक महत्व

Aaj Ka Panchang: आज के पावन दिवस पर ग्रहों और नक्षत्रों की चाल जीवन...

रामायण News: सुनील लहरी को दारा सिंह से मिला था अनमोल तोहफा, 35 साल बाद खोला राज!

Ramayan News: टीवी की दुनिया में कुछ किरदार ऐसे होते हैं जो समय के...

एक बिल, ढेर सारे फायदे: Airtel Black का ₹699 प्लान, टीवी, वाई-फाई और कॉल्स का बेजोड़ कॉम्बो

Airtel Black: भारतीय दूरसंचार बाजार में प्रतिस्पर्धा लगातार बढ़ रही है, और ग्राहकों को...

Vijay Deverakonda Rashmika Mandanna Wedding: क्या सच में शादी कर रहे हैं विजय और रश्मिका, घर सजा दुल्हन की तरह!

Vijay Deverakonda Rashmika Mandanna Wedding: बॉलीवुड की गलियारों में आजकल सबसे ज्यादा अगर कोई...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें