
Purnia Teacher Murder: जीवन का उजाला बांटने निकला शिक्षक खुद अंधेरे में खो गया। विद्या के मंदिर से निकली आवाज़ हमेशा के लिए शांत हो गई। पूर्णिया में एक ऐसा ही जघन्य अपराध सामने आया है।
पूर्णिया टीचर मर्डर: शिक्षा के मंदिर से खेत तक, एक शिक्षक की खौफनाक दास्तान!
पूर्णिया टीचर मर्डर: क्या है पूरा मामला?
बिहार के पूर्णिया जिले में एक ट्यूशन टीचर की बेरहमी से हत्या कर दिए जाने के बाद पूरे इलाके में सनसनी फैल गई है। कसबा थाना क्षेत्र में मक्के के एक खेत से शिक्षक का क्षत-विक्षत शव बरामद हुआ, जिसने सभी को झकझोर कर रख दिया है। मृतक अपने घर से छात्रों को ट्यूशन पढ़ाने के लिए निकला था, लेकिन देर रात तक वह वापस नहीं लौटा। परिजनों की बेचैनी बढ़ती जा रही थी, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। उन्हें अनहोनी की आशंका सता रही थी।
मिली जानकारी के अनुसार, मृतक शिक्षक की पहचान मथोर गांव निवासी आबिद के रूप में हुई है। उसकी उम्र 44 साल थी। वह ट्यूशन पढ़ाने घर से निकला था, उसके बाद से गायब था। इसके बाद कमलपुर गांव में एक मक्के के खेत के अंदर उसकी लाश मिली। आबिद की हत्या निर्मम तरीके से की गई। हत्यारों ने उसकी आंख और शरीर के कई हिस्सों को चाकू से गोद दिया।
इस दिलदहलाने वाली बारदत से गांव में सनसनी फैल गई। बताया जा रहा है कि आबिद बीते 20 सालों से अपने ससुराल में ही रहता था और गांव के बच्चों को प्राइवेट ट्यूशन देता था। घटना की सूचना मिलते ही कसबा थाना पुलिस एवं फोरेंसिक टीम मौके पर पहुंचकर मामले की छानबीन में जुट गई।
मृतक के ससुर अब्दुल गफ्फार ने बताया कि गुरुवार दोपहर आबिद गांव के बच्चों को ट्यूशन पढ़ाने घर से निकला था। देर शाम तक जब वो अपने घर नहीं पहुंचा तो परिजन ने उसकी तलाश शुरू की, लेकिन वह कहीं नहीं मिला।
शुक्रवार सुबह उनके घर से तकरीबन 2 किलोमीटर दूरी पर स्थित कमालपुर गांव के शरीफ मक्के की खेत में सिंचाई के लिए पहुंचे तो उन्होंने आबिद के शव को वहां पड़ा देखा। मक्के के खेत में देखा। इस बात की जानकारी उनके द्वारा मृतक के परिजन को दी गई।
आबिद के आंख सहित अन्य अंगों को चाकू से गोद दिया गया था। वहीं घटना की सूचना मिलते ही कसबा थाना पुलिस एवं फोरेंसिक टीम घटनास्थल पर पहुंची और मामले की छानबीन में जुट गई। ससुर के अनुसार आबिद की किसी से कोई दुश्मनी नहीं थी।
कसबा थानाध्यक्ष ज्ञान रंजन ने बताया कि शव को जब्त कर पोस्टमॉर्टम के लिए पूर्णिया स्थित राजकीय मेडिकल कॉलेज अस्पताल भेज दिया गया है। फिलहाल फॉरेंसिक टीम घटनास्थल से साक्ष्यों को इकठ्ठा करने में लगी हुई है। जांच के बाद ही हत्या के कारण स्पष्ट हो पाएंगे लेकिन जिस तरह से उसकी हत्या की गई है, वह दिल दहला देने वाली है। बताया जा रहा है कि अपराधियों ने उसकी आंखें तक फोड़ दी थीं, जो क्रूरता की सारी हदें पार कर देती है। इस घटना ने एक बार फिर बिहार में अपराध के बढ़ते ग्राफ पर सवाल खड़ा कर दिया है।
परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल, पुलिस जांच में जुटी
शिक्षक की हत्या की खबर मिलते ही उसके परिजनों में मातम पसर गया। उनका रो-रोकर बुरा हाल है। वे यह समझ नहीं पा रहे हैं कि उनके परिवार के चिराग को किसने और क्यों बुझा दिया। स्थानीय पुलिस ने शव को कब्जे में लेकर पोस्टमार्टम के लिए भेज दिया है और मामले की गहनता से जांच में जुट गई है। पुलिस आसपास के लोगों से पूछताछ कर रही है और हत्यारों तक पहुंचने की कोशिश कर रही है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें https://deshajtimes.com/news/national/।
पूर्णिया में बढ़ते आपराधिक मामले
यह कोई पहली घटना नहीं है जब पूर्णिया जिले में इस तरह का जघन्य अपराध सामने आया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। हाल के दिनों में इस इलाके में बिहार क्राइम से जुड़े कई मामले दर्ज किए गए हैं, जो कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हैं। पुलिस प्रशासन पर दबाव है कि वह जल्द से जल्द इस मामले का खुलासा करे और अपराधियों को सलाखों के पीछे पहुंचाए ताकि मृतक के परिवार को न्याय मिल सके और इलाके में शांति बहाल हो सके। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।


