
HDFC Bank Share: आज देश के सबसे बड़े निजी बैंकों में से एक एचडीएफसी बैंक के शेयर बाजार में भूचाल आ गया। निवेशकों में हाहाकार मचा हुआ है क्योंकि बैंक के शेयरों में एक बड़ी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे अरबों का नुकसान हुआ है। यह गिरावट बैंक के नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती के इस्तीफे के बाद आई है, जिन्होंने ‘नैतिक मूल्यों और सिद्धांतों’ का हवाला देते हुए तत्काल प्रभाव से पद छोड़ दिया।
HDFC Bank Share: अतनु चक्रवर्ती के इस्तीफे से शेयर बाजार में भारी गिरावट, जानें निवेशकों पर क्या होगा असर
HDFC Bank Share में गिरावट की मुख्य वजहें
आज भारतीय शेयर बाजार में एचडीएफसी बैंक के शेयरों में शुरुआती कारोबार के दौरान 7 प्रतिशत तक की बड़ी गिरावट देखी गई। यह गिरावट बैंक के नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती के पद से इस्तीफे की खबर के बाद आई। उन्होंने 18 मार्च बुधवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। चक्रवर्ती ने अपने इस्तीफे के पीछे ‘व्यक्तिगत मूल्यों और सिद्धांतों’ का हवाला दिया है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पिछले दो वर्षों में उन्होंने बैंक के भीतर कुछ ऐसी कार्यप्रणालियाँ और घटनाएँ देखी हैं जो उनके व्यक्तिगत सिद्धांतों के अनुरूप नहीं थीं। उन्होंने यह भी कहा कि उनके इस्तीफे की कोई अन्य बड़ी वजह नहीं है। कारोबार शुरू होने के कुछ देर बाद शेयर 8.66 प्रतिशत तक टूटकर 770 रुपये के स्तर पर आ गया, जो इसका नया 52-सप्ताह का निचला स्तर है।
गिरावट के मुख्य कारण इस प्रकार हैं:
- बैंक के नॉन-एग्जीक्यूटिव चेयरमैन अतनु चक्रवर्ती के इस्तीफे से एचडीएफसी बैंक के शेयरों पर आज बिकवाली का दबाव है।
- उनके इस्तीफे पत्र में बैंक में कामकाज के कुछ तरीकों और कार्यप्रणालियों को अपने ‘मूल्यों और सिद्धांतों’ के खिलाफ बताया गया है, जो बैंक की शासन-प्रणाली को लेकर नए सवाल खड़े कर सकते हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
- चेयरमैन के इस्तीफे की खबर के बाद अमेरिकी शेयर बाजार में लिस्टेड एचडीएफसी बैंक के एडीआर में 7 प्रतिशत से भी अधिक की गिरावट दर्ज की गई।
निवेशकों को अरबों का झटका और बैंक की सफाई
एचडीएफसी बैंक के शेयरों में आज आई इस गिरावट के चलते निवेशकों को लगभग 1.03 लाख करोड़ रुपये का तगड़ा नुकसान हुआ है। इस घटनाक्रम का असर केवल बैंक के शेयरों तक ही सीमित नहीं रहा, बल्कि निफ्टी बैंक इंडेक्स पर भी भारी दबाव देखा जा रहा है। निफ्टी बैंक इंडेक्स के गिरने से पूरे Share Market में चिंता का माहौल है। निवेशकों में बैंक की भविष्य की दिशा को लेकर अनिश्चितता बनी हुई है। फिलहाल, बैंक ने अपने पूर्व सीईओ केकी मिस्त्री को तीन महीने के लिए अपना अंतरिम चेयरमैन नियुक्त कर लिया है। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें
बैंक ने दी स्थिति पर स्पष्टीकरण
चेयरमैन के इस्तीफे की खबर पर बैंक ने तत्काल सफाई देते हुए कहा कि चेयरमैन और बोर्ड के बीच मतभेद की वजह नैतिक मूल्यों को लेकर नहीं थी, बल्कि कामकाज के तरीके और निर्णयों को लागू करने के तरीकों को लेकर थी। बैंक ने मैनेजमेंट और सीईओ के बीच ‘पावर स्ट्रगल’ की खबरों का खंडन किया है। बैंक ने निवेशकों को आश्वस्त करने की कोशिश की है कि सभी नियामक आवश्यकताओं का पालन किया जा रहा है और बैंक की कार्यप्रणाली मजबूत है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।




