Stock Market: 5 जनवरी 2026 को भारतीय शेयर बाजार में भू-राजनीतिक तनाव और वैश्विक व्यापार चिंताओं का गहरा असर देखने को मिला। अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप द्वारा टैरिफ दरों में बढ़ोतरी की धमकी और वेनेजुएला पर अमेरिकी कार्रवाई की खबरों ने निवेशकों की धारणा को हिला दिया, जिसके परिणामस्वरूप हफ्ते के पहले कारोबारी दिन बाजार में तेज गिरावट दर्ज की गई।
# वैश्विक तनाव से भारतीय Stock Market में भूचाल, सेंसेक्स 322 अंक टूटा
सोमवार, 5 जनवरी 2026 को शेयर बाजार भारी दबाव में रहा। एसएंडपी बीएसई सेंसेक्स 322.39 अंक गिरकर 85,439.62 के स्तर पर बंद हुआ, जबकि निफ्टी 50 भी 78.25 अंक फिसलकर 26,250.30 पर आ गया। वैश्विक स्तर पर बढ़ती अनिश्चितता और व्यापार युद्ध की आशंकाओं ने भारतीय बाजारों पर नकारात्मक प्रभाव डाला। यह दर्शाता है कि अंतरराष्ट्रीय घटनाक्रम कैसे सीधे घरेलू अर्थव्यवस्था को प्रभावित कर सकते हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। निवेशकों के लिए यह एक संकेत है कि मौजूदा समय में सावधानी बरतनी आवश्यक है।
बाजार विशेषज्ञों के अनुसार, निफ्टी के रिकॉर्ड स्तर पर पहुंचने के बाद बाजार में मुनाफावसूली हावी हो गई, जिसके चलते सूचकांक 26,200 के अहम समर्थन स्तर के आसपास आ गया। आशिका इंस्टीट्यूशनल इक्विटीज ने बताया कि वेनेजुएला पर अमेरिकी हमले के बाद बढ़े भू-राजनीतिक तनाव और अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की ओर से भारत पर सीमा-शुल्क बढ़ाने संबंधी टिप्पणियों ने निवेशकों की धारणा को सतर्क बनाए रखा।
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यह भी उल्लेखनीय है कि अमेरिकी प्रशासन ने पिछले साल अगस्त में भारतीय उत्पादों पर शुल्क बढ़ाकर 50 प्रतिशत कर दिया था, जिसमें से 25 प्रतिशत शुल्क रूस से तेल आयात जारी रखने को लेकर लगाए गए दंड के रूप में था। ये व्यापारिक अवरोध भारतीय निर्यातकों के लिए चुनौतियां खड़ी कर रहे हैं।
## Stock Market में तेजी और गिरावट वाले शेयर: एक विश्लेषण
इस गिरावट भरे माहौल में भी कुछ शेयरों ने मजबूती दिखाई। निवेशकों ने ऐसे शेयरों में निवेश किया जो मौजूदा वैश्विक चुनौतियों के बावजूद बेहतर प्रदर्शन कर सकते हैं।
* भारत इलेक्ट्रॉनिक्स: 2.65 प्रतिशत की तेजी
* हिंदुस्तान यूनिलीवर: 1.62 प्रतिशत चढ़ा
* टाटा स्टील: 1.56 प्रतिशत की बढ़त
* अल्ट्राटेक सीमेंट: 1.53 प्रतिशत की बढ़त
* एक्सिस बैंक: 1.46 प्रतिशत की बढ़त
हालांकि, कई दिग्गज शेयरों में भारी बिकवाली देखी गई, जिससे बाजार की गिरावट और तेज हुई।
* एचडीएफसी बैंक: 2.35 प्रतिशत टूटा
* इन्फोसिस: 2.09 प्रतिशत की गिरावट
* एचसीएल टेक्नोलॉजी: 2.08 प्रतिशत की गिरावट
* बजाज फाइनेंस: 1.21 प्रतिशत की गिरावट
* टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज (टीसीएस): 1.17 प्रतिशत की गिरावट
कुल मिलाकर, वैश्विक तनाव और टैरिफ को लेकर अनिश्चितता ने बाजार की चाल को प्रभावित किया और निवेशकों के बीच चिंता का माहौल बना रहा। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
## वैश्विक बाजार का रुख और कच्चे तेल की स्थिति
सोमवार को एशियाई बाजारों में भी मिली-जुली प्रतिक्रिया देखने को मिली। दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की और चीन का शंघाई कंपोजिट मजबूती के साथ बंद हुए, जबकि हांगकांग का हैंग सेंग मामूली बढ़त दर्ज करने में सफल रहा। यूरोपीय बाजारों में भी कारोबार के दौरान तेजी का रुख देखने को मिला। अमेरिकी बाजार शुक्रवार को अधिकांशतः सकारात्मक बंद हुए थे, जो वैश्विक निवेशकों के लिए थोड़ी राहत की बात थी।
इस बीच, वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड 0.13 प्रतिशत गिरकर 60.67 डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट आमतौर पर अर्थव्यवस्था के लिए सकारात्मक मानी जाती है, लेकिन मौजूदा भू-राजनीतिक परिदृश्य में इसकी अस्थिरता चिंता का विषय बनी हुई है।
गौरतलब है कि इससे पहले शुक्रवार को भारतीय बाजार में मजबूती थी, जब सेंसेक्स 573.41 अंक की मजबूती के साथ 85,762.01 अंक पर और निफ्टी 182 अंक चढ़कर 26,328.55 के स्तर पर बंद हुआ था। यह दर्शाता है कि बाजार की चाल कितनी अप्रत्याशित हो सकती है और निवेशकों को लगातार सतर्क रहने की आवश्यकता है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।





