
Stock Market: पश्चिम एशिया में जारी भू-राजनीतिक तनाव के बीच अमेरिकी राष्ट्रपति के सकारात्मक बयानों ने भारतीय शेयर बाजार को संजीवनी दी है। लगातार दूसरे कारोबारी दिन बुधवार को घरेलू बाजारों में जबरदस्त उछाल दर्ज की गई, जिसने निवेशकों के चेहरे पर मुस्कान ला दी। अनिश्चितता के बादलों के छंटने और वैश्विक जोखिम धारणा में सुधार से निवेशकों का भरोसा बहाल हुआ, जिससे सेंसेक्स और निफ्टी दोनों ही प्रमुख सूचकांकों ने मजबूत बढ़त के साथ कारोबार का अंत किया।
भारतीय Stock Market में बंपर उछाल: सेंसेक्स 1200 अंक चढ़ा, निफ्टी 23,300 के पार
सकारात्मक वैश्विक संकेतों और कच्चे तेल की कीमतों में गिरावट ने भारतीय इक्विटी बाजारों को नई ऊर्जा दी। बीएसई सेंसेक्स 1,205 अंक की जबरदस्त तेजी के साथ 75,273.45 के स्तर पर बंद हुआ, वहीं नेशनल स्टॉक एक्सचेंज का निफ्टी 50 भी 394.05 अंक की बढ़त दर्ज करते हुए 23,306.45 पर पहुंच गया। यह निवेशकों के लिए राहत भरी खबर है, क्योंकि भू-राजनीतिक उथल-पुथल के कारण पिछले कुछ समय से बाजार में अस्थिरता बनी हुई थी।
आज का Stock Market: कौन रहे टॉप गेनर और लूजर?
आज के कारोबार में कई शेयरों ने शानदार प्रदर्शन किया, जबकि कुछ में मामूली गिरावट भी देखने को मिली।
- टॉप गेनर:
- अल्ट्राटेक सीमेंट: 4.39 प्रतिशत
- लार्सन एंड टर्बो: 4.00 प्रतिशत
- बजाज फाइनेंस: 3.82 प्रतिशत
- टाइटन: 3.50 प्रतिशत
- ट्रेंट: 3.39 प्रतिशत
- टॉप लूजर:
- टेक महिंद्रा: 1.87 प्रतिशत
- पावर ग्रिड: 1.42 प्रतिशत
- टाटा कंसल्टेंसी सर्विसेज: 0.87 प्रतिशत
- भारत इलेक्ट्रॉनिक्स: 0.27 प्रतिशत
- इन्फोसिस: 0.09 प्रतिशत
वैश्विक तेल मानक ब्रेंट क्रूड की कीमतों में भी बड़ी गिरावट दर्ज की गई, जो 5.07 प्रतिशत गिरकर 99.19 अमेरिकी डॉलर प्रति बैरल पर आ गया। यह गिरावट वैश्विक बाजारों के लिए एक सकारात्मक संकेत है और इसका असर भारतीय अर्थव्यवस्था पर भी पड़ सकता है। भू-राजनीतिक तनाव कम होने की उम्मीद के साथ, कच्चे तेल की कीमतें 100 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आने से बाजार ने राहत की सांस ली है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
जियोजीत इन्वेस्टमेंट्स लिमिटेड के रिसर्च चीफ विनोद नायर ने टिप्पणी की, “वैश्विक जोखिम धारणा में सुधार और पश्चिम एशिया में शांति की उम्मीद बढ़ने से Stock Market में तेजी बनी रही। अमेरिका और ईरान के बयानों में विरोधाभास के बावजूद, दोनों देशों के बीच संभावित राजनयिक प्रगति के कारण कच्चे तेल की कीमतें 100 डॉलर से नीचे आ गईं, जिसका बाजार ने स्वागत किया।” निफ्टी और सेंसेक्स दोनों में यह उछाल दर्शाता है कि निवेशक अब अधिक आत्मविश्वास महसूस कर रहे हैं।
वैश्विक बाजारों का रुझान और विशेषज्ञ राय
एशियाई बाजारों में भी सकारात्मक रुख देखने को मिला। दक्षिण कोरिया का कॉस्पी, जापान का निक्की, चीन का शंघाई कम्पोजिट और हांगकांग का हैंग सेंग सभी बढ़त के साथ बंद हुए। यूरोप के प्रमुख बाजारों में भी दोपहर के कारोबार के दौरान तेजी का रुख रहा, हालांकि अमेरिकी बाजार मंगलवार को गिरावट के साथ बंद हुए थे। यह वैश्विक समन्वय भारतीय बाजार के लिए भी अनुकूल रहा।
लाइवलॉन्ग वेल्थ के फाउंडर और रिसर्च एनालिस्ट हरिप्रसाद के. के अनुसार, “बाजार में सकारात्मक माहौल का मुख्य कारण अमेरिका-ईरान संघर्ष में संभावित विराम के संकेत हैं। संभावित युद्धविराम और राजनयिक प्रयासों से तनाव कम होने की उम्मीद बढ़ी है, जिससे वैश्विक बाजारों में जोखिम लेने की प्रवृत्ति दिख रही है। हालांकि, उन्होंने यह भी कहा कि विरोधाभासी बयानों के कारण स्थिति अभी भी नाजुक बनी हुई है।” रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1, जो आपको हर पल अपडेट रखता है।
घरेलू मोर्चे पर, छोटी और मझोली कंपनियों के सूचकांकों ने भी अच्छा प्रदर्शन किया। बीएसई स्मॉलकैप सेलेक्ट सूचकांक 3.05 प्रतिशत चढ़ा, जबकि मझोली कंपनियों का मिडकैप सूचकांक 2.50 प्रतिशत बढ़ा। यह दर्शाता है कि बाजार में व्यापक आधार पर तेजी देखी जा रही है और केवल बड़े शेयरों तक ही सीमित नहीं है। निवेशकों को सावधानी के साथ बाजार की निगरानी करनी चाहिए, क्योंकि भू-राजनीतिक स्थिति अभी भी पूरी तरह से स्थिर नहीं हुई है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।




