Mukesh Ambani: भारत के सबसे धनी और एशिया के शीर्ष उद्योगपति मुकेश अंबानी अब 100 बिलियन डॉलर क्लब से बाहर हो गए हैं, जिसने व्यापार जगत में हलचल मचा दी है। ब्लूमबर्ग बिलियनेयर्स इंडेक्स के अनुसार, उनकी कुल संपत्ति अब 99.6 बिलियन डॉलर है। यह गिरावट मुख्य रूप से रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में हालिया उतार-चढ़ाव और व्यापक शेयर बाजार के रुझानों के कारण हुई है। इस साल रिलायंस इंडस्ट्रीज के चेयरमैन की संपत्ति में 8.12 बिलियन डॉलर (लगभग 7.32 लाख करोड़ रुपये) की भारी कमी आई है, जो कि कंपनी के शेयर मूल्य में लगातार आ रही गिरावट का सीधा परिणाम है।
मंगलवार को रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों में 1 प्रतिशत से अधिक की गिरावट दर्ज की गई, जिससे अंबानी की नेट वर्थ में 2.07 बिलियन डॉलर की कमी आई। हालांकि, बुधवार को शेयरों की स्थिति में कुछ सुधार देखने को मिला, जब सुबह 11.05 बजे तक रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयर 0.86 प्रतिशत की तेजी के साथ 1464.05 रुपये पर कारोबार कर रहे थे। फिलहाल, कंपनी का मार्केट कैप 19,81,221.66 करोड़ रुपये दर्ज किया गया है। रिलायंस इंडस्ट्रीज के शेयरों का 52-सप्ताह का उच्चतम स्तर 1,611.20 रुपये और न्यूनतम स्तर 1,115.55 रुपये रहा है।
मुकेश अंबानी की संपत्ति में गिरावट और बाजार का रुख
संपत्ति में गिरावट के मामले में, मुकेश अंबानी इस सूची में दूसरे सबसे बड़े लूजर रहे हैं। उनसे आगे केवल मेटा प्लेटफॉर्म्स के सीईओ मार्क जुकरबर्ग हैं, जिनकी संपत्ति में 9.84 बिलियन डॉलर की गिरावट आई है, जिससे उनकी कुल संपत्ति 223 बिलियन डॉलर हो गई है। जुकरबर्ग अब दुनिया के सबसे अमीर व्यक्तियों की सूची में छठे स्थान पर हैं।
ब्लूमबर्ग की सबसे अमीर व्यक्तियों की सूची में एलन मस्क शीर्ष पर बने हुए हैं, जिनकी संपत्ति इस साल 20.9 बिलियन डॉलर बढ़कर 640 बिलियन डॉलर हो गई है। वहीं, भारतीय उद्योगपति गौतम अडानी 81 बिलियन डॉलर की नेट वर्थ के साथ इस सूची में 21वें नंबर पर हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
रिलायंस के Q3 नतीजों से उम्मीदें
कंपनी के शेयरों और चेयरमैन की नेट वर्थ में गिरावट के बीच, निवेशकों की नजर अब रिलायंस इंडस्ट्रीज के आगामी तिमाही नतीजों पर टिकी हुई है। तेल से लेकर दूरसंचार तक विविध क्षेत्रों में फैली इस कंपनी का अक्टूबर-दिसंबर तिमाही का नतीजा शुक्रवार, 16 जनवरी को आने वाला है।
बाजार विश्लेषकों को उम्मीद है कि कंपनी के राजस्व में पिछली तिमाही के मुकाबले 1 प्रतिशत का इजाफा होगा। EBITDA 4.6 प्रतिशत बढ़कर 47,997 करोड़ रुपये होने का अनुमान है, जबकि पिछली तिमाही में यह 45,885 करोड़ रुपये था। ऑपरेटिंग मार्जिन 18 प्रतिशत से बढ़कर 18.7 प्रतिशत होने की संभावना है, और नेट प्रॉफिट पिछली तिमाही के 18,165 करोड़ रुपये से 6 प्रतिशत बढ़कर 19,271 करोड़ रुपये होने का अनुमान है। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

