
बाजार में एक नई हलचल है! अगर आप भी शेयर बाजार की नब्ज पर हाथ रखते हैं और निवेश के नए मौकों की तलाश में हैं, तो नेफ्रोकेयर हेल्थ का आईपीओ आपके लिए अहम खबर हो सकता है। जानिए, इस ₹871 करोड़ के आईपीओ में क्या कुछ है, जो निवेशकों की दिलचस्पी बढ़ा रहा है और कब तक इसमें निवेश किया जा सकता है।
नेफ्रोकेयर हेल्थ का आरंभिक सार्वजनिक निर्गम (IPO) इन दिनों निवेशकों के बीच चर्चा का विषय बना हुआ है। यह ₹871.05 करोड़ का एक बुक बिल्ड इश्यू है, जिसमें नए शेयर जारी करने (फ्रेश इश्यू) और मौजूदा शेयर बेचने (ऑफर फॉर सेल – OFS) का मिश्रण शामिल है। फ्रेश इश्यू के तहत ₹353.40 करोड़ के नए शेयर जारी किए जाएंगे, जबकि ₹517.64 करोड़ के शेयर ऑफर फॉर सेल के माध्यम से बेचे जाएंगे।
इस आईपीओ में बोली लगाने की प्रक्रिया 10 दिसंबर 2025 को शुरू हो चुकी है और यह 12 दिसंबर 2025 को समाप्त होगी। निवेशकों के लिए शेयरों के अलॉटमेंट की उम्मीद 15 दिसंबर 2025 को की जा रही है। सफल आवंटन के बाद, कंपनी के शेयर 17 दिसंबर 2025 को बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज (BSE) और नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) पर सूचीबद्ध होंगे, जिससे वे सार्वजनिक रूप से कारोबार के लिए उपलब्ध हो जाएंगे।
नेफ्रोकेयर हेल्थ आईपीओ की मुख्य बातें
- कुल इश्यू साइज़: ₹871.05 करोड़
- फ्रेश इश्यू: ₹353.40 करोड़
- ऑफर फॉर सेल (OFS): ₹517.64 करोड़
- बिडिंग शुरू: 10 दिसंबर 2025
- बिडिंग बंद: 12 दिसंबर 2025
- अलॉटमेंट की उम्मीद: 15 दिसंबर 2025
- लिस्टिंग की तारीख: 17 दिसंबर 2025 (BSE और NSE पर)
कंपनी ने इस आईपीओ के लिए प्राइस बैंड ₹438 से ₹460 प्रति शेयर निर्धारित किया है। रिटेल निवेशकों के लिए एक लॉट में 32 शेयर शामिल होंगे, जिसके लिए ऊपरी प्राइस बैंड पर न्यूनतम निवेश राशि ₹14,720 होगी। यह रिटेल निवेशकों को आईपीओ में भाग लेने का एक अवसर प्रदान करता है।
जानें प्राइस बैंड और लॉट की पूरी जानकारी
अलग-अलग निवेशक श्रेणियों के लिए लॉट साइज़ और न्यूनतम निवेश इस प्रकार हैं:
- रिटेल निवेशक:
- एक लॉट में 32 शेयर।
- न्यूनतम निवेश: ₹14,720 (उच्चतम प्राइस बैंड पर)।
- स्मॉल नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर (SMNI):
- 14 लॉट में बोली लगानी होगी।
- न्यूनतम निवेश: ₹2,06,080।
- बिग नॉन-इंस्टीट्यूशनल इन्वेस्टर (bNII):
- 68 लॉट में बोली लगानी होगी।
- न्यूनतम निवेश: ₹10,00,960।
इस आईपीओ में कर्मचारियों के लिए भी विशेष प्रावधान किया गया है। कंपनी ने अपने कर्मचारियों के लिए 83,532 शेयर आरक्षित रखे हैं। इन शेयरों पर कर्मचारियों को प्रति शेयर ₹41 की छूट भी मिलेगी, जो उनके लिए एक आकर्षक निवेश का मौका हो सकता है।
कर्मचारियों के लिए छूट और अहम भूमिकाएं
आईपीओ प्रक्रिया को सुचारू रूप से संचालित करने के लिए कई संस्थाएं महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं:
- बुक रनिंग लीड मैनेजर: आईसीआईसीआई सिक्योरिटीज (ICICI Securities) इस आईपीओ के बुक रनिंग लीड मैनेजर की भूमिका निभा रहा है।
- रजिस्ट्रार: केफिन टेक्नोलॉजीज (Kfin Technologies) को इस इश्यू के रजिस्ट्रार के रूप में नियुक्त किया गया है, जो शेयर अलॉटमेंट और अन्य संबंधित प्रक्रियाओं का प्रबंधन करेगा।
नेफ्रोकेयर हेल्थ भारत में किडनी केयर और डायग्नोस्टिक सर्विसेज प्रदान करने वाली एक प्रमुख कंपनी है। यह देश भर में गुर्दे से संबंधित उपचार और निदान सेवाओं की बढ़ती मांग को पूरा करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती है। कंपनी के आईपीओ से प्राप्त धन का उपयोग इसके विस्तार और अन्य कॉर्पोरेट उद्देश्यों के लिए किया जाएगा।
नेफ्रोकेयर हेल्थ: कंपनी प्रोफाइल और निवेश से पहले की सलाह
निवेशकों को सलाह दी जाती है कि वे किसी भी आईपीओ में निवेश करने से पहले अपने वित्तीय सलाहकार से अनिवार्य रूप से परामर्श करें। इसके अतिरिक्त, कंपनी के रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (RHP) का गहन अध्ययन करना भी महत्वपूर्ण है, ताकि कंपनी के वित्तीय प्रदर्शन, जोखिम कारकों और भविष्य की संभावनाओं के बारे में विस्तृत जानकारी प्राप्त हो सके। यह सुनिश्चित करेगा कि आप एक सूचित निवेश निर्णय ले सकें।





