

IPO: भारतीय प्राइमरी मार्केट में आभूषण सेक्टर की कंपनी पीएनजीएस रीवा डायमंड ज्वेलरी का इश्यू 24 फरवरी को खुल गया है। कंपनी ने एंकर निवेशकों से 170.58 करोड़ रुपये जुटाए हैं, जो इसके बाजार में मजबूत पकड़ का संकेत देता है। 386 रुपये प्रति शेयर के भाव पर कुल 44,19,200 शेयर आवंटित किए गए। यह इश्यू निवेशकों के लिए क्या संभावनाएं लेकर आया है, आइए विस्तार से जानते हैं।
आभूषण बाजार में धूम मचाने को तैयार PNGS Reva Diamond Jewellery का IPO: क्या है निवेशकों के लिए खास?
मुंबई: आभूषण क्षेत्र की प्रमुख कंपनी पीएनजीएस रीवा डायमंड ज्वेलरी का बहुप्रतीक्षित आईपीओ 24 फरवरी को रिटेल निवेशकों के लिए खुल गया। इससे एक दिन पहले, 23 फरवरी को एंकर निवेशकों के लिए सदस्यता तिथि निर्धारित की गई थी, जिसमें कंपनी ने सफलतापूर्वक 170.58 करोड़ रुपये जुटाए। यह धनराशि 386 रुपये प्रति शेयर के भाव पर 44,19,200 शेयरों के आवंटन के माध्यम से जुटाई गई है। इस बड़ी पूंजी के साथ, कंपनी अपने विकास पथ पर आगे बढ़ने के लिए तैयार है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
PNGS Reva Diamond Jewellery IPO: एंकर निवेशकों का भरोसा और बाजार की उम्मीदें
कंपनी ने एक प्रेस विज्ञप्ति में बताया कि उसने एंकर निवेशकों से 170.58 करोड़ रुपये जुटाने में सफलता प्राप्त की है। इस हिस्से में सिटीग्रुप ग्लोबल मार्केट्स मॉरिशस, टाटा इंडिया कंज्यूमर फंड और ग्रो म्यूचुअल फंड जैसे प्रमुख संस्थागत निवेशकों ने अपनी मजबूत भागीदारी दिखाई है। इन बड़े नामों का निवेश कंपनी के व्यावसायिक मॉडल और भविष्य की संभावनाओं में उनके विश्वास को दर्शाता है।
आईपीओ के महत्वपूर्ण विवरण और लिस्टिंग की संभावनाएं
- प्राइस बैंड: 367 रुपये से 386 रुपये प्रति शेयर
- न्यूनतम लॉट साइज: 32 शेयर
- न्यूनतम आवेदन मूल्य: 12,352 रुपये
- इश्यू खुलने की तिथि: 24 फरवरी
- इश्यू बंद होने की तिथि: 26 फरवरी
- लिस्टिंग: बीएसई और एनएसई दोनों पर
आईपीओ के ग्रे मार्केट पर नजर डालें तो इसके प्रदर्शन को लेकर शुरुआती सकारात्मक संकेत मिल रहे हैं। इन्वेस्टर्स गेन की रिपोर्ट के अनुसार, यह इश्यू वर्तमान में 9 रुपये के ग्रे मार्केट प्रीमियम पर कारोबार कर रहा है, जो लिस्टिंग पर लगभग 2.33 प्रतिशत के संभावित लाभ का संकेत देता है। हालांकि, ग्रे मार्केट प्रीमियम अस्थिर होता है और निवेशकों को अंतिम निर्णय लेते समय सावधानी बरतनी चाहिए।
कंपनी का लक्ष्य इस आईपीओ के जरिए कुल 380 करोड़ रुपये जुटाना है, जिसके लिए वह 98 लाख नए शेयर जारी करेगी। इश्यू से प्राप्त सभी शेयर नए होंगे, जिसका अर्थ है कि जुटाई गई पूरी धनराशि का उपयोग कंपनी के विकास कार्यों और विस्तार योजनाओं में किया जाएगा। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/business/
यह पूंजी कंपनी को अपनी परिचालन क्षमता बढ़ाने, बाजार में अपनी पहुंच का विस्तार करने और नए उत्पाद विकसित करने में मदद करेगी। पीएनजीएस रीवा डायमंड ज्वेलरी का यह कदम भारतीय आभूषण बाजार में अपनी स्थिति को और मजबूत करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर साबित हो सकता है। यह दर्शाता है कि भारतीय बाजार में विशेष रूप से हीरा आभूषण खंड में विकास की अपार संभावनाएं हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। निवेशकों को निवेश करने से पहले सभी पहलुओं का गहन विश्लेषण करना चाहिए।



