Smallcap Stock: भारतीय शेयर बाजार में स्मॉलकैप स्टॉक्स (Smallcap Stocks) को लेकर निवेशकों की चिंताएं लगातार बढ़ती जा रही हैं। हाल ही में, इंफ्रास्ट्रक्चर डेवलपमेंट कंपनी विष्णु प्रकाश आर पुंगलिया लिमिटेड (Vishnu Prakash R Punglia Ltd) के शेयरों में भारी गिरावट दर्ज की गई है, जिससे निवेशकों के बीच हड़कंप मच गया है।
Smallcap Stock: विष्णु प्रकाश के शेयर धड़ाम, निवेशकों में मचा हाहाकार!
गुरुवार, 1 जनवरी को साल के पहले कारोबारी दिन ही कंपनी के शेयरों में 5 प्रतिशत तक की गिरावट देखने को मिली। यह लगातार दूसरा सत्र था जब विष्णु प्रकाश आर पुंगलिया लिमिटेड के शेयर नुकसान के साथ कारोबार कर रहे थे। पिछले 25 ट्रेडिंग सत्रों में से, इस स्टॉक को केवल चार ही सत्रों में फायदा मिला है, जो इसकी कमजोर स्थिति को दर्शाता है। दिसंबर के अंत तक, स्टॉक ने लगातार आठ महीनों तक नकारात्मक रिटर्न दिया है, जिससे निवेशकों का भरोसा डगमगा गया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
Smallcap Stock की कीमत 85 प्रतिशत से ज्यादा लुढ़की
विष्णु प्रकाश आर पुंगलिया लिमिटेड के शेयर अपने रिकॉर्ड उच्च स्तर से 85 प्रतिशत से भी अधिक टूट चुके हैं। एक समय, जब इसके शेयर की कीमत 345.75 रुपये थी, वहीं अब यह गिरकर मात्र 49.48 रुपये पर पहुंच चुकी है। पिछले एक साल में इसके शेयरों में 83 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट आई है, जबकि बीते छह महीनों में यह 70 प्रतिशत से अधिक लुढ़क चुका है। सबसे हालिया आंकड़ों के अनुसार, बीते एक महीने में भी इसके शेयरों में 39 प्रतिशत से ज्यादा की गिरावट दर्ज की गई है, जिसने निवेशकों की नींद उड़ा दी है।
कंपनी के शेयरहोल्डिंग पैटर्न पर गौर करें तो, सितंबर 2023 तक मैक्स लाइफ इंश्योरेंस, कोटक महिंद्रा लाइफ इंश्योरेंस कंपनी और सिक्सटींथ स्ट्रीट एशियन जेम्स फंड जैसी बड़ी संस्थागत कंपनियों की इसमें हिस्सेदारी थी। हालांकि, नवीनतम उपलब्ध तिमाही के अंत तक, इनमें से कोई भी नाम कंपनी के प्रमुख शेयरधारकों की सूची में नहीं है। यह स्पष्ट संकेत देता है कि बड़े निवेशक तेजी से अपने शेयर बेचकर बाहर निकल रहे हैं। इतना ही नहीं, कंपनी के प्रमोटर्स ने भी सितंबर तिमाही में अपनी कुछ हिस्सेदारी बेची है, जिससे उनकी हिस्सेदारी पहले के 67 प्रतिशत से घटकर 58 प्रतिशत रह गई है। यह स्थिति निवेशकों के बीच और अधिक अनिश्चितता पैदा कर रही है। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें।
शेयर बाजार में निवेशकों की रणनीति
जब किसी स्मॉलकैप कंपनी के शेयर इस तरह से गिरते हैं और बड़े निवेशक बाहर निकलना शुरू कर देते हैं, तो खुदरा निवेशकों के लिए स्थिति काफी जटिल हो जाती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। ऐसे समय में, गहन विश्लेषण और विशेषज्ञ की सलाह लेना महत्वपूर्ण हो जाता है। शेयर बाजार में निवेश हमेशा जोखिमों के अधीन होता है और ऐसे में जल्दबाजी में कोई भी फैसला लेने से बचना चाहिए। यह दर्शाता है कि निवेशकों का भरोसा इस कंपनी से लगभग उठ गया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।



