

बेगूसराय से फिर फिर एक पकड़ौवा शादी हुई है। यह शादी इसबार एक मवेशी डॉक्टर की हुई है जिसे मवेशी के इलाज के लिए कॉल करके पहले बुलाया और बाद में उसके साथ क्या हुआ यह खुद मवेशी डॉक्टर सत्यम कुमार को पता नहीं चला।
जब होश आया तो उसके समेत उसके परिजन शादी की वीडियो देख रहे थे। इसके साथ ही यह भी तय हो गया है कि बिहार में 1970 के दशक में पकड़ौआ विवाह (जबरन शादी) अभी भी खत्म नहीं हुआ है।
खासकर, इसके सबसे चर्चित जिले बेगूसराय में। पढ़िए पूरी खबर क्या हुआ सोमवार की रात जब मवेशी डॉक्टर सत्यम की जबरन शादी करा दी गई और शादी के बाद लड़का-लड़की को गुप्त जगह पर भेज दिया गया। घटना तेघड़ा थाना क्षेत्र की है। पढ़िए पूरी खबर
परिजन ने बताया कि सोमवार की दोपहर तेघड़ा थाना क्षेत्र के हसनपुर निवासी विजय सिंह ने फोन करके अपने मवेशी का इलाज करने के लिए सत्यम को बुलाया, उसके बाद सत्यम का कुछ पता नहीं चला। मंगलवार को सुबोध झा के मोबाइल पर एक वीडियो आया, जिसमें भीड़भाड़ के बीच सत्यम की शादी कराई जा रही थी।
परिजनों का आरोप है कि विजय सिंह ने डॉ. सत्यम को जबरदस्ती पकड़ लिया तथा अपने लड़की से शादी करवा दी और उसे कहीं छुपा दिया है। वीडियो सामने आने के बाद परिजन ने सत्यम के अपहरण का मामला दर्ज कराया है।
तेघड़ा थानाध्यक्ष संजय कुमार ने बताया कि आवेदन के आधार पर मामले की जांच पड़ताल की जा रही है। सत्यम की शादी गढ़पुरा थाना क्षेत्र के मोरतर गांव स्थित विजय सिंह के साढु के यहां कराई गई है। पकड़ौआ विवाह एवं प्रेम प्रसंग में शादी, दोनों पहलुओं पर जांच पड़ताल तथा लड़के को बरामद करने की कार्रवाई कर रही है, उसके बाद ही मामले का खुलासा हो सकेगा।



