

PM Modi: राजनीतिक रणभूमि में बयानबाजी की आग अक्सर लपटों का रूप ले लेती है, और इस बार चिंगारी तब भड़की जब देश के प्रधानमंत्री ने कांग्रेस पर राष्ट्रीय गौरव को धूमिल करने का आरोप लगाया। यह सिर्फ एक आरोप नहीं, बल्कि देश के सामने रखी गई एक गंभीर तस्वीर है, जिसमें विकास के प्रयासों के बीच विपक्षी राजनीति के नए आयाम सामने आए हैं।
PM Modi ने कांग्रेस के ‘नंगे’ विरोध प्रदर्शन पर उठाए सवाल
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को मेरठ में एक जनसभा को संबोधित करते हुए कांग्रेस पार्टी पर तीखा हमला बोला। उन्होंने आरोप लगाया कि कांग्रेस अपनी संकीर्ण राजनीति के चक्कर में देश के गौरव और राष्ट्रीय कार्यक्रमों को लगातार नुकसान पहुंचा रही है। प्रधानमंत्री ने दिल्ली में हुए ‘एआई इम्पैक्ट समिट’ के दौरान कांग्रेस नेताओं द्वारा किए गए विरोध प्रदर्शन को ‘गंदी और नंगी राजनीति’ करार दिया। यह घटना उस समय हुई जब भारत दुनिया के सामने अपनी तकनीकी क्षमता का प्रदर्शन कर रहा था, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। एक ऐसे अवसर पर, जब वैश्विक मंच पर भारत की छवि को मजबूत करना आवश्यक था, विपक्ष के इस रवैये ने कई गंभीर प्रश्न खड़े किए हैं।
प्रधानमंत्री मोदी ने इस बात पर जोर दिया कि हाल ही में भारत में दुनिया का सबसे बड़ा एआई इम्पैक्ट समिट आयोजित किया गया था, जिसमें 80 से अधिक देशों के प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया। उन्होंने कहा, ‘एक तरफ जहां देशवासी भारत को विकसित और आत्मनिर्भर बनाने के लिए दिन-रात एक कर रहे हैं, वहीं दूसरी तरफ कांग्रेस और उसका पूरा इकोसिस्टम भारत की सफलताओं को पचा नहीं पा रहा है।’ उन्होंने गंभीर आरोप लगाते हुए कहा कि विदेशी मेहमानों के सामने कांग्रेस नेताओं ने बिना शर्ट के कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन किया, जो न केवल अशोभनीय था बल्कि देश की गरिमा को भी ठेस पहुंचाने वाला था। ऐसे में यह सवाल उठना लाजिमी है कि क्या विपक्षी दल राष्ट्रीय आयोजनों को भी राजनीतिक फायदे के लिए इस्तेमाल करने से गुरेज नहीं करेंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
राष्ट्रीय कार्यक्रमों पर राजनीति: पीएम का तंज
प्रधानमंत्री ने तीखे शब्दों में कांग्रेस पर तंज कसते हुए पूछा, ‘मैं कांग्रेस वालों से पूछता हूँ कि देश तो जानता है कि आप पहले से ही नंगे हो, फिर कपड़े उतारने की क्या जरूरत पड़ी?’ उन्होंने स्पष्ट किया कि एआई ग्लोबल समिट किसी बीजेपी का कार्यक्रम नहीं था, बल्कि यह पूरे देश का एक गौरवशाली आयोजन था। प्रधानमंत्री ने इस बात पर गहरा अफसोस जताया कि मर्यादा की सारी हदें पार करने के बाद भी कांग्रेस के नेता शर्मिंदा होने के बजाय बेशर्मी का प्रदर्शन कर रहे हैं। इस पूरे प्रकरण ने भारतीय राजनीति में स्वस्थ बहस और राष्ट्रीय सम्मान के मुद्दों पर नए सिरे से विचार करने की आवश्यकता को उजागर किया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
विपक्षी दलों के इस आचरण को लेकर प्रधानमंत्री मोदी ने कहा कि महिला सांसदों को आगे करके और सीट पर कब्जा करके कोई प्रधानमंत्री नहीं बन सकता। उन्होंने कांग्रेस को देश के लिए एक ‘बोझ’ बताया। प्रधानमंत्री ने इस बात पर संतोष व्यक्त किया कि दिल्ली में हुई इस घटना के लिए कांग्रेस के ही साथी दलों ने भी उसकी आलोचना की है, जिसके लिए उन्होंने अन्य दलों का आभार व्यक्त किया। यह दर्शाता है कि एक बड़े वर्ग को यह कांग्रेस का विरोध प्रदर्शन स्वीकार्य नहीं था। यह घटनाक्रम निश्चित रूप से आगामी चुनावों में भी एक बड़ा मुद्दा बन सकता है।

