
संजय कुमार राय, देशज टाइम्स अपराध ब्यूरो प्रमुख। मधुबनी एसपी और आईजी के तालमेल से स्थानांतरित कर्मियों को विरमित करना और उसे सामंजस करने के खेल में कुल 51 पुलिसकर्मी हैं। इसमें मात्र एक पुलिसकर्मी को स्थानांतरित किया गया। अन्य 50 पुलिसकर्मी का समायोजन किया गया। इसमें कई तो ऐसे हैं जो दस वर्षों से अधिक दिनों से जमे हैं। और, इनकी मनमानी से पूरा पुलिस महकमा डरा और सहमा हैं। क्योंकि चर्चा है कि इन सभी की दादागिरी चरम पर हैं।
जिस एक पुलिसकर्मी का स्थानांतरण किया, उसका नाम सिपाही 492 विनोद पासवान, देवेंद्र कुमार, ओम् प्रकाश हैं।जिसे माननीय रामप्रीत पासवान के स्काट गार्ड में विरमित किया गया।
इसी तरह सअनि जनार्दन पांडेय को रअनि द्वितीय कार्यालय, सअनि चंद्रदीप मांझी को परिवहन शाखा, हवलदार लक्ष्मण प्रसाद साह को एडीजे झंझारपुर की सुरक्षा में, सिपाही जीतू राज को विदेशी शाखा में, मो. मंजर आलम को रअनि प्रथम कार्यालय, डॉनसन कुमार को उपस्कर शाखा, रॉबिन कुमार को अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी कार्यालय फुलपरास ,अजीत कुमार एवं रंजीत कुमार (सिपाही 849) को जिला पदाधिकारी के अंगरक्षक, सुमित कुमार सिंह को पुनि कार्यालय मधुबनी, रंजीत कुमार को पुनि कार्यालय खजौली, धर्मेंद्र कुमार शर्मा एवं गुड्डू रजक को परिचारी प्रवर कार्यालय, इम्पु कुमारी, मनोहर कुमार को तकनीकी कोषांग,आनन्द शंकर को गोपनीय शाखा,ओम् प्रकाश मंडल को विधि शाखा,संतोष कुमार को एसीपी कार्यालय, चंदन कुमार को परिवहन शाखा, बलवंत राय को तकनीकी कोषांग, उमाशंकर सिंह को पुलिस उपाधीक्षक (मुख्यालय) कार्यालय, शशिकांत राय को पुनि कार्यालय झंझारपुर, विनोद कुमार पंडित को पुलिस अस्पताल, महेश मरांडी को अपराध शाखा, कृष्णा बसेरा को पुलिस अधीक्षक के अंगरक्षक, पप्पू प्रताप खलको को अपराध शाखा, शशि कुमार को सअनि प्रथम कार्यालय, विकास कुमार को गोपनीय शाखा, संतोष कुमार यादव को पुनि कार्यालय अंचल फुलपरास, अमरेन्द्र कुमार रअनि प्रथम कार्यालय फुलपरास, वीरू कुमार मल्लिक को जन शिकायत कोषांग, मुन्ना कुमार को अपराध शाखा, अजय कुमार पटेल को गोपनीय शाखा, पप्पू कुमार को सेवा पुस्तिका शाखा, मिस्टर राजू को गोपनीय शाखा, अमृत कुमार एवं प्रीति कुमारी को पुलिस केंद्र, राज रोशन कुमार को दिवा शाखा पुलिस केन्द्र, अभय कुमार चौहान को आर एम एस शाखा, लक्ष्मण राम को माननीय के आवास गार्ड में, अविनाश कुमार को पुलिस अधीक्षक के अंगरक्षक, गीता कुमारी को पुलिस केन्द्र मातृका कुमार को रअनि प्रथम कार्यालय, इंद्रासन कुमार पंडित को कोत शाखा, मो.औरंगजेब को पूर्व विधायक फैयाज अहमद के अंगरक्षक, छविलाल मंडल को अपराध शाखा एवं अखिलेश कुमार को चौकीदार शाखा में समायोजन कर दिया हैं। इन सभी का स्थानांतरण दरभंगा एवं समस्तीपुर हुआ था।
सूत्रों की माने तो इस खेल में बड़े स्तर पर लेन देन हुआ हैं। सूत्र बताते हैं कि इसमें मात्र छह सात सिपाही ऐसे हैं जिनका कार्यकाल इस जिला में छह या सात साल हुये हैं। बाकी सब के सब दस वर्षों से भी ऊपर इसी जिला में विराजमान हैं।
इस खेल में मधुबनी एसपी और आईजी का गठजोड़ काबिले तारीफ है। मुख्यालय के आदेश पर आईजी की ओर से मधुबनी एसपी को स्थानांतरित सभी पुलिस कर्मी को विरमित करने का निर्देश देते हैं। और, मधुबनी एसपी सभी को अपने ही जिला में सामंजस्य कर आईजी को पत्र देते हैं। मुख्यालय का सभी आदेश रद्दी की टोकरी में।







