
दरभंगा, देशज टाइम्स अपराध ब्यूरो। प्रदेश में पुलिसिया व्यवस्था को सुधार करने की कवायत शुरू हो गई है। एडीजी जितेंद्र सिंह गंगवार ने सभी जिलों के एसपी और एसएसपी को निर्देश दिया है कि सप्ताह में अपनी उपलब्धि को लेकर पत्रकारों के साथ प्रेस वार्ता करें। इसका मकसद यह है कि ताकि यह पता चले कि जिलों में बेहतर पुलिसिंग की आखिर मॉडल क्या है, वहां के कार्य संस्कृति क्या हैं, वहां कैसा कार्य हो रहा है, कहां सुधार की जरूरत है, अधिकारियों को अपनी जिम्मेदारी का अहसास हो रहा है या नहीं।
जानकारी के अनुसार, कई जिलों के एसपी अपने कार्यालय से दूरी बनाकर आवास पर ही कार्यालय चला रहे हैं। इसकी सूचना मुख्यालय एडीजी को हुई थी। लेकिन, अब ऐसा नहीं चलेगा।
सोमवार और शुक्रवार के जनता दरबार में ज्यादातर जिलों के एसपी कार्यालय में समय नहीं दे पा रहें हैं। उन्हें यह भी पता हैं कि अधिकतर जिले में मुख्यालय डीएसपी ही जनता दरबार का निष्पादन कर रहें हैं। इस कारण एडीजी मुख्यालय जितेंद्र सिंह गंगवार ने प्रदेश के सभी आईजी, डीआईजी, एसपी एवं एसएसपी को पत्र के माध्यम से कहा हैं कि प्रत्येक सोमवार और शुक्रवार को एसपी या एसएसपी अपने कार्यालय में जनता दरबार सुनिश्चित करेंगे।
साथ ही, प्रेस को भी बताएंगे कि एक सप्ताह के भीतर उनकी क्या उपलब्धि हुई हैं। यही नहीं जिला में हुई उपलब्धि का एक प्रतिवेदन एडीजी मुख्यालय को भी भेजने की बात कही गयी हैं। एडीजी जितेंद्र सिंह गंगवार के इस निर्देश के बाद जनता में खुशी का माहोल हैं।
जानकारी के अनुसार, जनता दरबार में आये कई पीड़ितो को एसपी या एसएसपी से भेंट नहीं हो पाती थी। कई लोग तो दर्जनों बार भेंट करने आते थे फिर भी एसपी से मुलाकात नहीं होती थी। इस कारण आई जी के जनता दरबार में भीड़ उमर जाती थी।
थाना स्तर के पदाधिकारी मनमर्जी करते हैं लेकिन थानेदार या अन्य पुलिस पदाधिकारियों से पीड़ित लोग शिकायत किससे करें।पुलिसिया व्यवस्था ही तहस नहस दिखाई पड़ती थी। कई पुलिस पदाधिकारी तो सरकारी मोबाईल नंबर ही नहीं उठाते हैं। कई जिले के एसपी और एसएसपी का अभी भी यही हाल हैं। अब देखना हैं कि एडीजी श्री गंगवार के इस आदेश के बाद प्रदेश के विभिन्न जिलों में जो कप्तान हैं उनके उपर कितना असर पड़ता हैं।


