

बिरौल देशज टाइम्स डिजिटल डेस्क। मनरेगा योजना में सरकारी कर्मियों की ओर से सहयोग करने के बदले भ्रष्टाचार को बढ़ावा दिये जाने से क्षुब्ध एक पंचायत के मुखिया ने पद से त्याग पत्र देने की घोषणा की है।
इसको लेकर मुखिया ने ग्रामीण विकास विभाग के मंत्री को पत्र लिख कर इसकी जानकारी दी। यह मामला बिरौल प्रखंड के अरगा-उसरी पंचायत का है जहां के मुखिया कृष्ण कुमार मिश्र (Krishna Kumar Mishra) हैं।
उन्होंने विभागीय मंत्री को लिखे पत्र की जानकारी देते हुए देशज टाइम्स से हुई बातचीत में मुखिया श्री मिश्र (Krishna Kumar Mishra) ने सरकारी व्यवस्था पर खेद प्रकट करते हुए कहा कि बिरौल प्रखंड में कार्यक्रम पदाधिकारी मनरेगा कार्यालय में अनियमितता, भ्रष्टाचार चरम पर है।
उन्होंने कहा (Krishna Kumar Mishra) कि विशेषतः इनके पंचायत के साथ किये जा रहे भेदभाव के कारण सरकारी योजनाओं को सही ढंग से क्रियान्वयन करवाने मे ये सफल नहीं हो पा रहे हैं।
मुखिया (Krishna Kumar Mishra) ने आगे बताया कि इसके कारण पंचायत की जनता की आकंक्षा के अनुरूप सेवा करने मे ये असफल साबित हो रहे हैं। उक्त परिणामस्वरूप मनरेगा के सरकारी कर्मियों के असहयोगात्मक रवैया से मुखिया पद पर रहकर सेवा करने में असमर्थता महसूस कर रहा हूं।
उन्होंने (Krishna Kumar Mishra) कहा कि मनरेगा कर्मियों की ओर से असहयोगात्मक व्यवहार एवं बढ़ते भ्रष्टाचार के कारण मुखिया पद से मैं क्यों न त्याग पत्र दे दूं। मुखिया ने पत्र के माध्यम से अग्रेतर कार्रवाई करने का दिशा निर्देश देने का आग्रह विभागीय मंत्री से किया है। वहीं मुखिया ने इसकी सूचना विधान पार्षद स्थानीय निकाय जन प्रतिनिधि निर्वाचन क्षेत्र दरभंगा को विधिवत दिया है।


