back to top
⮜ शहर चुनें
फ़रवरी, 17, 2026
spot_img

UP Police: अपराधियों की गोली का जवाब गोली से, योगी सरकार का संदेश साफ, 32 हजार से अधिक पदों पर भर्ती भी

spot_img
- Advertisement - Advertisement

UP Police: जब अपराध की बेलें समाज में विष घोलने लगें और कानून का डंडा ढीला पड़ जाए, तब एक सख्त संदेश की ज़रूरत होती है। उत्तर प्रदेश में कुछ ऐसा ही हुआ है।

- Advertisement -

UP Police: अपराधियों की गोली का जवाब गोली से, योगी सरकार का संदेश साफ, 32 हजार से अधिक पदों पर भर्ती भी

UP Police: कानून व्यवस्था पर योगी का सख्त रुख

UP Police: उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने एक बार फिर स्पष्ट किया है कि उनकी सरकार अपराध और अपराधियों के प्रति कोई नरमी नहीं बरतेगी। उन्होंने पुलिस द्वारा अपराधियों के खिलाफ बल प्रयोग का पुरजोर बचाव करते हुए कहा कि यदि अपराधी को गोली चलाने की आज़ादी है, तो कानून के दायरे में रहकर पुलिस को भी माकूल जवाब देने का पूरा अधिकार है। उन्होंने इस बात पर बल दिया कि पुलिस को हथियार इसलिए दिए जाते हैं ताकि वह अपराधियों का सामना कर सके और राज्य में कानून का राज स्थापित कर सके। मुख्यमंत्री ने साफ शब्दों में कहा कि कई बार अपराधियों को वही भाषा समझानी पड़ती है, जिसे वे भली-भांति समझते हैं।

- Advertisement -

मुख्यमंत्री ने 2017 के बाद की स्थिति को याद करते हुए बताया कि उस दौर में कानून व्यवस्था को लेकर जनता के बीच विश्वास बहाल करना एक बड़ी चुनौती थी। पहले अपराधी कानून का मज़ाक बनाते थे और आम जनता को हर दिन परेशानियों का सामना करना पड़ता था। जब उन्हें राज्य की बागडोर मिली, तो सबसे पहला और महत्वपूर्ण लक्ष्य कानून व्यवस्था को सुदृढ़ करना था। इसके लिए ‘शून्य सहनशीलता’ (Zero Tolerance) की नीति अपनाई गई, जिसके तहत कानून को सर्वोपरि रखा गया और किसी भी व्यक्ति, चाहे वह कितना भी प्रभावशाली क्यों न हो, के लिए कोई अपवाद नहीं रखा गया। उन्होंने स्पष्ट किया कि यदि अपनी ओर का कोई व्यक्ति भी गलती करता है, तो उसे भी उसके परिणाम भुगतने होंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  Siwan Murder News: सीवान में सनसनीखेज वारदात, धारदार हथियार से युवक की गला रेतकर हत्या, पढ़िए अपराध और अज्ञात!

मुख्यमंत्री ने बताया कि शुरुआत में कानून का भय स्थापित करना आसान नहीं था, लेकिन लगातार की गई कार्रवाइयों और कानूनी दायरे में रहते हुए अपनाए गए सख्त रुख से स्थिति में बड़ा बदलाव आया है। उन्होंने दावा किया कि पिछले नौ वर्षों में राज्य में सभी बड़े त्योहार शांतिपूर्वक संपन्न हुए हैं। उपद्रव, फिरौती, दंगे और अराजकता में उल्लेखनीय कमी आई है, जिससे उत्तर प्रदेश निवेश के लिए एक आकर्षक स्थान के रूप में उभरा है। इस ठोस अपराध नियंत्रण के प्रयास से उत्तर प्रदेश दंगे और अव्यवस्था की पुरानी छवि से बाहर निकलकर विकास के पथ पर अग्रसर हुआ है।

पुलिस बल में भर्ती का बड़ा अभियान

इसी बीच, योगी सरकार ने राज्य के पुलिस बल को सशक्त बनाने की दिशा में एक और महत्वपूर्ण पहल की है। उत्तर प्रदेश पुलिस भर्ती एवं प्रोन्नति बोर्ड ने आरक्षी नागरिक पुलिस और समकक्ष पदों पर सीधी भर्ती 2025 के लिए लिखित परीक्षा की तिथियां घोषित कर दी हैं। यह परीक्षा 8, 9 और 10 जून को आयोजित की जाएगी, जिसमें प्रतिदिन दो पालियों में परीक्षाएं होंगी। इस विशाल भर्ती अभियान के तहत कुल 32,679 पदों को भरा जाएगा। परीक्षा केंद्र, प्रवेश पत्र और विस्तृत दिशा-निर्देशों से संबंधित सभी जानकारी बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइट पर उपलब्ध होगी। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

अभ्यर्थियों को बड़ी राहत देते हुए सरकार ने अधिकतम आयु सीमा में एकमुश्त तीन वर्ष की छूट प्रदान की है। यह निर्णय आयु सीमा शिथिलीकरण नियमों के तहत लिया गया है, ताकि वे युवा भी पुलिस सेवा में शामिल होने का अवसर प्राप्त कर सकें जो पहले आयु सीमा के कारण वंचित रह जाते थे। इस कदम से बड़ी संख्या में युवाओं के लिए पुलिस बल में शामिल होने का मार्ग प्रशस्त हुआ है। यह भी उल्लेखनीय है कि वर्ष 2024 में भी बड़ी संख्या में कांस्टेबल भर्ती की गई थी, जिनमें से बीस प्रतिशत पद महिलाओं के लिए आरक्षित रखे गए थे। यह प्रयास पुलिस बल में महिला भागीदारी को बढ़ाने की सरकार की प्रतिबद्धता को दर्शाता है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

यह जगजाहिर है कि कानून व्यवस्था किसी भी राज्य की प्रगति का आधार होती है। सरकार का यह तर्क पूर्णतः न्यायोचित है कि पुलिस को अपराध से सख्ती से निपटने में सक्षम होना चाहिए। आम नागरिकों का सुरक्षित महसूस करना राज्य का प्राथमिक कर्तव्य है। साथ ही, यह भी उतना ही महत्वपूर्ण है कि हर पुलिस कार्रवाई कानूनी मानदंडों के भीतर, निष्पक्ष और पूरी जवाबदेही के साथ हो। कानून का भय तभी स्थायी होता है जब उसके साथ कानून पर जनता का अटूट भरोसा भी जुड़ा हो। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।

यह भी पढ़ें:  Bihar Land Mafia: बिहार में भू-माफियाओं की अब खैर नहीं, हर अंचल में दर्ज होगी FIR!

इसके अतिरिक्त, पुलिस भर्ती का यह बड़ा अभियान और आयु सीमा में दी गई राहत युवाओं के लिए एक बेहद सकारात्मक संकेत है। इससे न केवल रोजगार के नए अवसर सृजित होंगे, बल्कि राज्य के पुलिस बल की क्षमता भी मजबूत होगी। हालांकि, केवल संख्या बढ़ाने से ही काम नहीं चलेगा; इसके साथ-साथ उचित प्रशिक्षण, संवेदनशीलता और नागरिक अधिकारों के प्रति गहरी समझ भी उतनी ही महत्वपूर्ण है। एक आधुनिक और प्रगतिशील राज्य की पहचान केवल अपनी सख्ती से नहीं, बल्कि एक न्यायपूर्ण और संतुलित व्यवस्था से होती है। यदि सख्त कानून व्यवस्था, पारदर्शी भर्ती प्रक्रिया और निष्पक्ष पुलिसिंग एक साथ मिलकर काम करें, तो उत्तर प्रदेश वास्तव में शांति और सतत विकास की दिशा में एक स्थायी मील का पत्थर साबित हो सकता है।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

कंपनी कार सुविधा पर नए Income Tax Rules: 15 लाख वेतन पर बढ़ेगा इतना बोझ

Income Tax Rules: यदि आप उन लाखों सैलरीड प्रोफेशनल्स में से हैं जिन्हें अपनी...

3 मार्च 2026 को लगेगा चंद्र ग्रहण: जानें ज्योतिषीय महत्व और सावधानियां

Chandra Grahan 2026: ब्रह्मांड की अलौकिक घटनाओं में से एक, ग्रहण का ज्योतिष शास्त्र...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें