
Carrot Halwa Without Grating: ठंडी हवा, गरम चाय और रजाई में दुबककर मीठे की तलब किसे नहीं लगती। ऐसे में अगर सामने गरमागरम गाजर का हलवा हो तो बात ही क्या! लेकिन, अक्सर इसे बनाने में लगने वाला समय और मेहनत, खासकर गाजर कद्दूकस करने का काम, कई लोगों को पीछे हटा देता है। अगर आप भी यही सोचकर अपना मन मार लेते हैं, तो अब ऐसा बिल्कुल नहीं होगा। हम लाए हैं आपके लिए एक ऐसी खास रेसिपी जिससे आप बिना कद्दूकस किए, झटपट और बेहद स्वादिष्ट गाजर का हलवा बना सकते हैं।
यह पारंपरिक भारतीय मिठाई सर्दियों के मौसम में शरीर को गर्माहट देने के साथ-साथ मन को भी सुकून देती है। अब आप बिना झंझट के इसका पूरा आनंद ले सकते हैं।
Carrot Halwa Without Grating बनाने के आसान तरीके
यहां हम आपको प्रेशर कुकर का उपयोग करके बिना कद्दूकस किए गाजर का हलवा बनाने की विधि बता रहे हैं, जो समय बचाएगी और स्वाद से समझौता नहीं करेगी।
सामग्री:
- ताजी लाल गाजर – 1 किलो
- दूध (फुल क्रीम) – 750 मिलीलीटर
- देसी घी – 4-5 बड़े चम्मच
- चीनी – 1 कप (या स्वादानुसार)
- हरी इलायची पाउडर – 1 छोटा चम्मच
- कटे हुए मेवे (बादाम, काजू, पिस्ता) – ½ कप
- किशमिश – 2 बड़े चम्मच
बनाने की विधि:
- गाजर को धोकर अच्छी तरह छील लें और मोटे-मोटे टुकड़ों में काट लें।
- एक प्रेशर कुकर में 2 बड़े चम्मच देसी घी गरम करें। कटे हुए गाजर डालकर 2-3 मिनट तक भूनें।
- अब इसमें दूध डालकर कुकर का ढक्कन बंद कर दें। मध्यम आंच पर 3-4 सीटी आने तक पकाएं।
- जब कुकर ठंडा हो जाए, तो ढक्कन खोलें और गाजर को किसी मैशर की मदद से अच्छी तरह मैश कर लें। यह आसानी से हो जाएगा क्योंकि गाजर नरम हो चुकी होगी।
- मैश की हुई गाजर को दोबारा धीमी आंच पर रखें और बचा हुआ घी, चीनी और इलायची पाउडर डालकर लगातार चलाते रहें।
- जब हलवे का सारा दूध सूख जाए और घी किनारों से अलग होने लगे, तब इसमें कटे हुए मेवे और किशमिश डालकर अच्छी तरह मिलाएं।
- कुछ देर और पकाकर गैस बंद कर दें।
यह झटपट रेसिपी आपके समय और मेहनत दोनों की बचत करती है। इस विधि से बना हलवा उतना ही स्वादिष्ट और दानेदार बनता है जितना कि कद्दूकस की हुई गाजर से। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
स्वाद और सेहत का बेजोड़ संगम
गाजर का हलवा सिर्फ स्वाद में ही लाजवाब नहीं होता, बल्कि यह सेहत के लिए भी फायदेमंद है। गाजर बीटा-कैरोटीन का एक उत्कृष्ट स्रोत है, जो शरीर में विटामिन ए में परिवर्तित होता है। यह आंखों की रोशनी, त्वचा के स्वास्थ्य और रोग प्रतिरोधक क्षमता के लिए महत्वपूर्ण है। दूध और मेवों का उपयोग इसे प्रोटीन, कैल्शियम और अन्य आवश्यक पोषक तत्वों से भरपूर बनाता है, जो इसे सर्दियों का एक आदर्श व्यंजन बनाते हैं।
इस अनोखी विधि से गाजर के पोषक तत्व बरकरार रहते हैं और आपको एक पौष्टिक मिठाई मिलती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। अधिक हेल्थ, ब्यूटी और लाइफस्टाइल टिप्स के लिए यहां क्लिक करें।
कुछ खास टिप्स जो बनाएंगी हलवे को और भी स्वादिष्ट
- मावा का उपयोग: अगर आप हलवे को और भी रिच बनाना चाहते हैं, तो दूध पूरी तरह सूखने के बाद इसमें ½ कप ग्रेट किया हुआ मावा (खोया) डालकर 5-7 मिनट तक भूनें।
- घी का महत्व: हलवे में शुद्ध देसी घी का उपयोग करें। यह स्वाद और खुशबू दोनों को बढ़ाता है।
- मेवों का रोस्ट: मेवों को अलग से घी में हल्का भूनकर हलवे में डालने से उनका स्वाद और क्रंच बेहतर आता है।
- कम चीनी: आप अपनी पसंद के अनुसार चीनी की मात्रा कम या ज्यादा कर सकते हैं।
इस सर्दी में, बिना किसी झंझट के, अपने परिवार और दोस्तों के लिए यह स्वादिष्ट और आसान गाजर का हलवा बनाएं और इसकी गर्माहट का आनंद लें। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।



