
Assam Elections: चुनावी अखाड़े में दांव-पेंच और पाला बदलने का खेल गरमाया हुआ है। जहाँ एक ओर विपक्षी खेमा अपनी रणनीति को धार दे रहा है, वहीं सत्ताधारी दल हर वार को झेलने को तैयार है। इसी गहमागहमी के बीच, असम की राजनीति में एक बड़ा उलटफेर देखने को मिला है। असम में विधानसभा चुनावों से ठीक पहले कांग्रेस पार्टी को एक और करारा झटका लगा है। पार्टी के तीन निलंबित विधायक, कमलाख्या डे पुरकायस्थ, बसंत दास और शशि कांत दास ने शनिवार को गुवाहाटी स्थित राज्य भाजपा मुख्यालय में भारतीय जनता पार्टी का दामन थाम लिया। राज्य भाजपा अध्यक्ष दिलीप सैकिया की उपस्थिति में हुए इस दल बदल से कांग्रेस की मुश्किलें और बढ़ गई हैं। पिछले महीने असम कांग्रेस के पूर्व अध्यक्ष भूपेन कुमार बोराह के भी सत्तारूढ़ दल में शामिल होने के बाद, यह घटना कांग्रेस छोड़ भाजपा की ओर बढ़ते नेताओं की प्रवृत्ति को दर्शाती है, जो पार्टी के लिए चिंता का सबब बन सकती है।
Assam Elections: चुनाव से पहले कांग्रेस की मुश्किलें बढ़ीं
केंद्रीय राज्य मंत्री पबित्रा मार्गेरिटा ने इस अवसर पर कहा कि अन्य पार्टियों, विशेषकर कांग्रेस के नेता और पदाधिकारी आज भाजपा में शामिल हो रहे हैं। वे हमारी विचारधारा के प्रति अपना समर्थन दिखा रहे हैं। उन्होंने कांग्रेस की आगामी चुनावों के लिए जारी 42 उम्मीदवारों की सूची पर भी निशाना साधा और कहा कि इसमें कोई नयापन नहीं है। मार्गेरिटा ने स्पष्ट किया कि कांग्रेस द्वारा जारी उम्मीदवारों की सूची में कोई नयापन नहीं है और आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। उन्होंने आगे कहा कि 42 उम्मीदवारों में से लगभग 20 ऐसे हैं जिन्हें पिछले चुनावों में जनता कई बार नकार चुकी है। हमें इससे कोई चिंता नहीं है, क्योंकि भाजपा जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं पर जोर देती है।
मुख्यमंत्री सरमा ने कांग्रेस की सूची को बताया ‘वंशवादी’
इससे पहले, बुधवार को असम के मुख्यमंत्री हिमंता बिस्वा सरमा ने कांग्रेस की उम्मीदवारों की सूची की कड़ी आलोचना की थी। उन्होंने इसे “वंशवादी सूची” करार दिया और भाजपा द्वारा जमीनी स्तर के कार्यकर्ताओं पर दिए जा रहे जोर की सराहना की। पत्रकारों से बात करते हुए मुख्यमंत्री सरमा ने कहा, “इसे सूची कहा जा सकता है, लेकिन मैं इसे वंशवादी सूची कहूंगा।” इसके विपरीत, उन्होंने दावा किया कि भाजपा की सूची में जमीनी स्तर के कार्यकर्ता शामिल होंगे। उन्होंने जोर देकर कहा कि पार्टी आगामी चुनावों के लिए पूरी तरह तैयार है और एक मजबूत जनादेश प्राप्त करने का लक्ष्य रख रही है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
आधिकारिक विज्ञप्ति के अनुसार, कांग्रेस की इस सूची में असम कांग्रेस अध्यक्ष गौरव गोगोई (जोरहाट), बिटुपन सैकिया (गोलाघाट), गौरीपुर से अब्दस सोबाहन अली सरकार, गोलपारा पश्चिम (एसटी) से मार्कलाइन मारक, बोंगाईगांव से गिरीश बरुआ, बारपेटा (एससी) से महानंदा सरकार और बोको-चायगांव (एसटी) से रामेन सिंह राभा जैसे नाम शामिल हैं। कांग्रेस को उम्मीद है कि ये उम्मीदवार अपनी पुरानी पकड़ बनाए रखने में कामयाब रहेंगे, लेकिन भाजपा के लगातार हमलों और पार्टी के भीतर से ही नेताओं के जाने से उनकी राह और कठिन हो गई है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें






