

Mobile Charging: आधुनिक जीवनशैली में स्मार्टफोन हमारी रग-रग में बसा है, लेकिन क्या हम इसकी देखभाल उतनी ही गंभीरता से करते हैं? अक्सर जल्दबाजी या लापरवाही में हम एक ऐसी गलती कर बैठते हैं, जो न सिर्फ हमारे गैजेट के लिए, बल्कि हमारी सुरक्षा के लिए भी खतरा बन सकती है। यह आदत है फोन चार्ज होने के बाद भी चार्जर को प्लग में लगा छोड़ देना। यह छोटी सी चूक कब बड़े हादसे का कारण बन जाए, इसका अंदाजा लगाना भी मुश्किल है।
# मोबाइल चार्जिंग के बाद चार्जर न हटाने की आदत क्यों है खतरनाक?
यह एक आम धारणा है कि फोन की बैटरी 100% चार्ज होने के बाद चार्जर से बिजली खींचना बंद कर देती है, और यह बात काफी हद तक सही भी है। हालांकि, समस्या वहां शुरू होती है जब चार्जर को लगातार प्लग में लगा छोड़ दिया जाता है, भले ही फोन कनेक्टेड न हो। यह आदत कई अनचाहे जोखिमों को जन्म दे सकती है।
## मोबाइल चार्जिंग: छिपे हुए खतरे और सावधानियां
सबसे पहला और बड़ा खतरा ओवरहीटिंग (overheating) का है। जब चार्जर लंबे समय तक प्लग में रहता है, तो वह लगातार थोड़ी मात्रा में बिजली खींचता रहता है। भले ही यह बिजली की खपत बहुत कम हो, लेकिन इससे चार्जर गर्म हो सकता है। यह गर्मी धीरे-धीरे बढ़ते हुए शॉर्ट-सर्किट (short circuit) या आग लगने का कारण बन सकती है। विशेषकर अगर चार्जर पुराना हो, खराब क्वालिटी का हो, या किसी खराब वायरिंग वाले सॉकेट में लगा हो, तो जोखिम कई गुना बढ़ जाता है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। कई मामलों में ऐसे हादसों की खबरें सामने आई हैं जहां रात भर लगे चार्जर ने आग पकड़ ली और बड़ा नुकसान हुआ।
इसके अलावा, लगातार प्लग में लगे रहने से चार्जर की लाइफ भी कम हो जाती है। बिजली के उतार-चढ़ाव, जिन्हें हम अक्सर महसूस नहीं करते, चार्जर के आंतरिक घटकों पर दबाव डालते हैं। यह दबाव धीरे-धीरे चार्जर को खराब कर सकता है, जिससे उसकी दक्षता प्रभावित होती है या वह पूरी तरह से काम करना बंद कर देता है।
## क्या करें सुरक्षित स्मार्टफोन सेफ्टी के लिए?
सुरक्षित स्मार्टफोन सेफ्टी के लिए कुछ आसान कदम उठाकर आप बड़े खतरों से बच सकते हैं:
* **अनप्लग करें:** फोन पूरी तरह चार्ज होते ही चार्जर को दीवार के प्लग से निकालना सबसे महत्वपूर्ण कदम है। यह बिजली की अनावश्यक खपत को भी रोकेगा।
* **ओरिजिनल चार्जर का उपयोग:** हमेशा अपने डिवाइस के साथ आए ओरिजिनल चार्जर का ही उपयोग करें। सस्ते और घटिया क्वालिटी के चार्जर जोखिम को बढ़ा सकते हैं।
* **अच्छी वेंटिलेशन:** फोन चार्ज करते समय उसे किसी ऐसी जगह पर न रखें जहां हवा का संचार ठीक न हो (जैसे बिस्तर या तकिए के नीचे)। इससे फोन और चार्जर दोनों गर्म हो सकते हैं।
* **रात भर चार्ज न करें:** यदि संभव हो, तो रात भर फोन चार्ज करने से बचें। आधुनिक स्मार्टफोन में ओवरचार्जिंग प्रोटेक्शन होता है, लेकिन फिर भी सावधानी बेहतर है।
* **क्षतिग्रस्त चार्जर से बचें:** यदि आपका चार्जर क्षतिग्रस्त है, तार कट गया है, या अजीब आवाजें करता है, तो उसे तुरंत बदल दें।
इन सरल उपायों का पालन करके आप न केवल अपने स्मार्टफोन की बैटरी हेल्थ (Battery Health) को बेहतर बना सकते हैं, बल्कि खुद को और अपने परिवार को संभावित खतरों से भी बचा सकते हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। रियल-टाइम बिजनेस – टेक्नोलॉजी खबरों के लिए यहां क्लिक करें। याद रखें, एक छोटी सी सावधानी आपको बड़े नुकसान से बचा सकती है। एक और महत्वपूर्ण बात, भले ही फोन कनेक्ट न हो, चार्जर प्लग में रहने पर मामूली बिजली की खपत करता है, जिससे आपके बिजली बिल पर भी थोड़ा असर पड़ सकता है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।


