back to top
⮜ शहर चुनें
फ़रवरी, 11, 2026
spot_img

Darbhanga के मुंशी जी, थप्पड़ और टूटी घड़ी

spot_img
- Advertisement - Advertisement

दरभंगा। बिरौल थाना परिसर में निर्माण सामग्री रखने को लेकर थानाध्यक्ष और निर्माण कार्य में लगे मुंशी के बीच विवाद ने गंभीर मोड़ ले लिया है। घटना 24 दिसंबर की बताई जा रही है, जब मुंशी फूलबाबू राय ने थानाध्यक्ष वीरेंद्र चौधरी पर लाठी-डंडों से पिटाई और गाली-गलौज का आरोप लगाया। मामले की शिकायत एसडीपीओ मनीष चंद्र चौधरी को दी गई है, जो जांच का आश्वासन दे रहे हैं।


क्या है पूरा मामला?

  • मॉडल थाना निर्माण कार्य के दौरान विवाद
    बिरौल थाना इन दिनों मॉडल थाने में तब्दील हो रहा है। निर्माण कार्य में लगे मुंशी फूलबाबू राय, जो समस्तीपुर जिले के वारिशनगर के निवासी हैं, ने आरोप लगाया है कि थानाध्यक्ष ने 24 दिसंबर सुबह 8:45 बजे उन्हें बेवजह गाली-गलौज की और मारपीट की।
  • थानाध्यक्ष का व्यवहार
    मुंशी का कहना है कि जब वह निर्माण सामग्री (प्लाई) रख रहे थे, तभी थानाध्यक्ष ने आपत्ति जताते हुए थप्पड़ और लाठी से पिटाई शुरू कर दी।
यह भी पढ़ें:  Darbhanga News: घनश्यामपुर में Ganja Smuggler चढ़ा पुलिस के हत्थे, 700 ग्राम गांजे के साथ रंगे हाथों गिरफ्तार

मुंशी के आरोप

  • पिटाई से चोटें और घड़ी टूटी
    मुंशी ने दावा किया कि मारपीट के कारण उनकी आंख में चोट आई और उनकी घड़ी टूटकर गिर गई।
  • हाजत में बंद और फर्जी मुकदमे की धमकी
    पीड़ित का कहना है कि थानाध्यक्ष ने उन्हें घंटों हाजत में बंद रखा और फर्जी मुकदमे में फंसाने की धमकी दी।
यह भी पढ़ें:  Darbhanga News: बेनीपुर में Family Planning की नई क्रांति, अब 3 साल तक अनचाहे गर्भ से मिलेगी मुक्ति, जानें क्या है सबडर्मल इंप्लांट

थानाध्यक्ष का पक्ष

  • आरोपों को बताया झूठा
    थानाध्यक्ष वीरेंद्र चौधरी ने सभी आरोपों को निराधार और झूठा बताया है।

एसडीपीओ की प्रतिक्रिया

  • जांच के बाद कार्रवाई का भरोसा
    एसडीपीओ मनीष चंद्र चौधरी ने बताया कि उन्हें मुंशी की लिखित शिकायत मिली है।

    - Advertisement -
    • मामले की जांच जारी है।
    • जांच के बाद उचित कार्रवाई की जाएगी।
यह भी पढ़ें:  Darbhanga News: नारायणा इंटरनेशनल स्कूल में गूंजी खेल की किलकारियां, 177 बच्चों ने दिखाया दम, राष्ट्रीय स्तर पर नाम रोशन करने का लक्ष्य

प्रभाव और अगले कदम

  • घटना के बाद निर्माण कार्य में लगे मजदूर और मिस्त्री मौके से भाग गए हैं।
  • मामले ने पुलिस प्रशासन की छवि को प्रभावित किया है।
  • न्याय और निष्पक्ष जांच की मांग जोर पकड़ रही है।

निष्कर्ष

यह मामला पुलिस प्रशासन के व्यवहार और पारदर्शिता पर सवाल उठाता है। यदि आरोप सही साबित होते हैं, तो यह पुलिस सुधार और जवाबदेही की आवश्यकता को रेखांकित करता है। वहीं, जांच की निष्पक्षता से ही दोनों पक्षों के दावों की सच्चाई सामने आ सकेगी।

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

UPSC Result: गरीबी और संघर्षों को हराकर इन्बा बनीं IPS, जानें उनकी प्रेरणादायक कहानी

UPSC Result UPSC Result: कड़ी मेहनत, मजबूत इरादे और कभी न हार मानने की जिद्द...

Stock Market: वोडाफोन आइडिया के शेयरों में तूफानी तेजी, क्या कुमार मंगलम बिड़ला का भरोसा रंग लाएगा?

Stock Market: हाल ही में वोडाफोन आइडिया (Vi) के शेयरों ने निवेशकों का ध्यान...

OnePlus Smartphones: 2026 में 45,000 से कम के दमदार OnePlus स्मार्टफोन्स, क्या बदलेंगे बाजार का रुख?

OnePlus Smartphones: भारतीय स्मार्टफोन बाजार में हमेशा से ही नई टेक्नोलॉजी और दमदार परफॉर्मेंस...

T20 World Cup 2026: गजब का रोमांच! दो सुपर ओवर के बाद साउथ अफ्रीका ने अफगानिस्तान को 4 रन से हराया

T20 World Cup 2026: क्रिकेट प्रेमियों, दिल थाम कर बैठिए! टी20 विश्व कप 2026...
error: कॉपी नहीं, शेयर करें