
सावन की पहली सोमवारी पर उमड़ा आस्था का सैलाब! कुशेश्वरनाथ धाम में 2 लाख भक्तों ने किया जलाभिषेक। दरभंगा में हर-हर महादेव की गूंज! आधी रात से उमड़ी भक्तों की लाइन, बाबा को चढ़ाया पवित्र जल। तेज प्रताप यादव पहुंचे बाबा कुशेश्वरनाथ – जलाभिषेक के बाद पत्रकारों से बात करने से किया इनकार!।
गंगेश्वरनाथ को कहा गया देवघर का द्वितीय स्वरूप
2 बजे से लाइन, 3 बजे पूजा शुरू! मिथिला में शिवभक्ति का महासागर, भक्त बोले – जय बाबा कुशेश्वरनाथ! जाले के शिवालयों में लगा भक्तों का मेला! रतनपुर के गंगेश्वरनाथ को कहा गया देवघर का द्वितीय स्वरूप। बाइक से लेकर डीजे पर कांवर यात्रा तक! भक्ति में डूबे शिवभक्तों ने कहा – बाबा करेंगे सब ठीक। बेनीपुर-सिंहवाड़ा-केवटी-घनश्यामपुर समेत अन्य प्रखंडों के शिवालयों की सुरक्षा में तैनात प्रशासन! CCTV, मेडिकल, माइकिंग – भक्तों के लिए 5 लेयर सुरक्षा।@देशज टाइम्स टीम, दरभंगा।
सावन की पहली सोमवारी: उमड़ा शिवभक्तों का सैलाब, बाबा कुशेश्वरनाथ धाम, गंगेश्वरनाथ, भूतनाथ, बटेश्वरनाथ समेत पूरे दरभंगा में गूंजे हर-हर महादेव के जयघोष
कुशेश्वरस्थान/बेनीपुर/जाले/सिंहवाड़ा/केवटी, देशज टाइम्स टीम। सावन की पहली सोमवारी को मिथिलांचल के शिवालयों में श्रद्धा और आस्था का अद्भुत संगम देखने को मिला। बाबा कुशेश्वरनाथ धाम, भूतनाथ मंदिर पोहद्दी, गंगेश्वरनाथ रतनपुर, और पंचनाथ महादेव अंटौर समेत अनेक पौराणिक शिव मंदिरों में लाखों श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक कर बाबा भोलेनाथ से आशीर्वाद मांगा।
कुशेश्वरनाथ धाम में उमड़ा शिवभक्तों का सैलाब
रविवार की आधी रात 2 बजे से ही शिवभक्तों की लंबी कतारें लगने लगीं। सुबह 3 बजे प्रधान पूजा के बाद आम श्रद्धालुओं के लिए जलाभिषेक की शुरुआत हुई। मंदिर प्रबंधन के अनुसार, करीब दो लाख श्रद्धालुओं ने जलाभिषेक किया।
CCTV, माइकिंग, मेडिकल टीम और दर्जनों बेरिकेटिंग प्वाइंट
पश्चिम दिशा से पाड़ो चौक तक 2.5 किमी और पूर्व दिशा से धवोलिया पुल तक 2 किमी लंबी कतारें रहीं। प्रशासनिक व्यवस्था में एसडीओ शाशांक राज, एसडीपीओ प्रभाकर तिवारी, सीओ गोपाल कुमार, बीडीओ अशोक कुमार, और नगर कार्यपालक पदाधिकारी तैनात रहे।सुरक्षा के लिए CCTV, माइकिंग, मेडिकल टीम और दर्जनों बेरिकेटिंग प्वाइंट बनाए गए।
तेज प्रताप यादव ने किया बाबा का जलाभिषेक, पत्रकारों से बात करने से किया इंकार
हसनपुर विधायक व पूर्व स्वास्थ्य मंत्री तेज प्रताप यादव ने भी श्रद्धापूर्वक बाबा का जलाभिषेक किया। शाम 5 बजे एसएच-56 के रास्ते मंदिर पहुंचे, और पूजा के बाद बिना मीडिया से बातचीत किए निकल गए।
बेनीपुर के भूतनाथ, अंटौर, कटवासा में श्रद्धालुओं की भीड़
पोहद्दी के भूतनाथ मंदिर, वनही महादेव धरौड़ा, और पंचनाथ महादेव अंटौर में भक्तों की कतारें सुबह से लग गईं। श्रद्धालुओं ने सिमरिया घाट व कमला तट से पवित्र जल भरकर जलाभिषेक किया। कांवरियों की टोलियां गाजे-बाजे के साथ मंदिरों की ओर रवाना हुईं।
जाले और गंगेश्वरनाथ मंदिर रतनपुर में दिखा अपार उत्साह
रतनपुर का गंगेश्वरनाथ महादेव मंदिर सावन में खास आकर्षण का केंद्र रहा। अहले सुबह महाआरती के बाद पट खोला गया और हजारों भक्तों ने बाबा को जल चढ़ाया। गंगेश्वरनाथ को बाबा बैद्यनाथ का द्वितीय स्वरूप माना जाता है। पूरे मंदिर परिसर में श्रावणी मेला का आयोजन किया गया। सीएचसी के चिकित्सक दल भी भीड़ को देखते हुए तैनात किए गए।
कुशेश्वरनाथ की ओर कांवरियों का जत्था, ब्रह्मपुर गौतम कुंड से भरे जल
13 जुलाई की रात से ही कांवरिया जत्था गौतम कुंड में डेरा डाले थे। अहले सुबह स्नान और पूजा के बाद वे राम-जानकी के नाम पर जल लेकर कावड़ में बाबा की ओर बढ़े। कुछ कांवरिया दंड प्रणाम, डीजे की धुन पर नाचते या वाहनों से मंदिर पहुंचे।