
Bhagalpur News: ज्ञान की रौशनी जब मंच पर उतरी, तो भागलपुर की धरती इल्म के नूर से जगमगा उठी। रविवार को बरहपुरा में अंजुमन बाग व बहार के बैनर तले एक शानदार इस्लामिक प्रतियोगिता का आयोजन किया गया, जिसमें युवा प्रतिभाओं ने अपने ज्ञान का लोहा मनवाया। यह कार्यक्रम जौसर अयाग की अध्यक्षता में संपन्न हुआ।
Bhagalpur News: उर्दू जुबान और अदब को बढ़ावा देना है मकसद
अंजुमन के महासचिव डॉ. मो. परवेज ने कार्यक्रम के उद्देश्य पर प्रकाश डालते हुए कहा कि यह प्रतियोगिता उर्दू जुबान और अदब को बढ़ावा देने की एक महत्वपूर्ण कड़ी है। उन्होंने कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से नई पीढ़ी अपनी संस्कृति और भाषा से जुड़ती है। इस भव्य इस्लामिक प्रतियोगिता में कुल 13 टीमों ने हिस्सा लिया, जिससे माहौल में एक स्वस्थ प्रतिस्पर्धा की भावना देखने को मिली। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
इस आयोजन का मुख्य लक्ष्य युवाओं को उनकी धार्मिक और साहित्यिक विरासत से परिचित कराना था। मंच का संचालन हाफिज मुकर्रम शाहीन ने बड़ी खूबसूरती से किया, जबकि असिस्टेंट प्रोफेसर मो. सरफराज, सैयद शब्बीर अहमद जाफरी और काजिम अशरफी ने निर्णायक (जज) की भूमिका निभाई।
विजेताओं के सिर सजा जीत का ताज
कड़ी प्रतिस्पर्धा के बाद विजेताओं की घोषणा की गई। प्रथम पुरस्कार लोदीपुर की आयशा एजाज और चांदनी की जोड़ी ने अपने नाम किया। वहीं, दूसरा पुरस्कार हुसैनाबाद की सलमा खातून और हबीबपुर की अलीशा को मिला। तीसरा पुरस्कार खरीक के मो. जिबराइल और बरहपुरा के मिन्त उल्लाह खॉ को प्रदान किया गया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
विजेताओं को यह पुरस्कार महासचिव डॉ. मो. परवेज, मो. शादाब आलम, जौसर अयाग, पूर्व कुलपति डॉ. फारूक अली, डॉ. हबीब मुरर्शीद खॉ, और शहजोर अख्तर नूर हसन फरीदी समेत अन्य गणमान्य अतिथियों के हाथों दिया गया। सभी प्रतिभागियों को प्रोत्साहन के तौर पर मोमेंटो और पुस्तकें भी भेंट की गईं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
शहर की नामी हस्तियों ने की शिरकत
कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के तौर पर पूर्व कुलपति प्रो. फारूक अली शामिल हुए, जबकि मुंगेर विश्वविद्यालय के स्नातकोत्तर उर्दू विभागाध्यक्ष प्रो. शाहीद जमाल रजमी मेहमान-ए-एजाजी (विशिष्ट अतिथि) के रूप में मौजूद रहे।
इस अवसर पर डॉ. खालीदा नाज, शबही कौसर, डॉ. अरशद रजा, जिला उर्दू भाषा कोषांग के मो. अरशद मुशतक, डॉ. नैयर हसन, डॉ. मो. आजम सिद्दीकी, और मो. जमाल उद्दीन जैसे कई बुद्धिजीवी और शिक्षाविद भी उपस्थित थे। कार्यक्रम में डॉ. मो. सिद्दीक, मो. ताज उद्दीन, मो. आमीर परवेज, अमान उल्ल खान बॉबी, मो. मन्जर आलम, डॉ. परवेज अखतर, और अब्दुल हकीक समेत बड़ी संख्या में स्थानीय लोग मौजूद रहे, जिन्होंने प्रतिभागियों का हौसला बढ़ाया। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।




