

Kusheshwarsthan News: जैसे एक चिंगारी पूरे जंगल को रोशन कर सकती है, वैसे ही एक शिक्षित नारी पूरे समाज को नई दिशा दिखाती है। इसी सोच को साकार करने के उद्देश्य से कुशेश्वरस्थान पूर्वी प्रखंड के उच्च माध्यमिक विद्यालय केवटगामा के प्रांगण में शुक्रवार को शिक्षा और स्वास्थ्य के क्षेत्र में काम करने वाली संस्था ‘सखी’ के तत्वावधान में एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ संस्था की प्रदेश सचिव व मुख्य अतिथि सुमन सिंह, प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रिंस कुमार झा, क्रीड़ा भारती के प्रांतीय उपाध्यक्ष रविंद्र कुमार सिंह और विद्यालय के प्रधानाध्यापक शंभू सदा ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया।
Kusheshwarsthan News: ‘सखी’ ने जलाई शिक्षा की अलख, केवटगामा में छात्राओं को दिए सफलता के मंत्र
कार्यशाला के उद्देश्यों पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए मुख्य अतिथि सुमन सिंह ने कहा कि शिक्षा ही चरित्र निर्माण की नींव है और एक चरित्रवान नागरिक ही संगठित राष्ट्र का निर्माण कर सकता है। उन्होंने विशेष रूप से नारी शिक्षा के महत्व पर जोर देते हुए कहा, “एक नारी का शिक्षित होना इसलिए भी अधिक आवश्यक है क्योंकि वह संस्कारों की जननी होती है।” उन्होंने बताया कि सखी संस्था महिलाओं में नेतृत्व क्षमता, निर्णय लेने की कला और उनके कानूनी अधिकारों की जानकारी देकर उन्हें सशक्त बनाती है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।संस्था का मुख्य ध्येय बालिकाओं को शिक्षा के क्षेत्र में आगे लाना और उन्हें स्वास्थ्य, पोषण एवं स्वच्छता के प्रति जागरूक करना है। श्रीमती सिंह ने यह भी बताया कि संस्था बाल विवाह, दहेज प्रथा और घरेलू हिंसा जैसी सामाजिक कुरीतियों के विरुद्ध एक मजबूत जन चेतना जगाने का कार्य कर रही है। इसके अतिरिक्त, आपदा या किसी भी कठिन परिस्थिति में बीमारों की सेवा तथा गरीबी के समय सामूहिक सहयोग की भावना विकसित करने का प्रशिक्षण भी दिया जाता है, जो महिला सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें।
Kusheshwarsthan News: शिक्षा से ही होगा चरित्र और राष्ट्र का निर्माण
कार्यशाला की अध्यक्षता विद्यालय के प्रधानाध्यापक शंभू सदा ने की, जबकि मंच का सफल संचालन तरुण कुमार ने किया। कार्यक्रम के संयोजक मनीष कुमार ने मुख्य अतिथि श्रीमती सुमन सिंह को पाग, दोपट्टा एवं प्रतीक चिह्न भेंट कर सम्मानित किया। इस अवसर पर प्रखंड शिक्षा पदाधिकारी प्रिंस कुमार झा ने भी छात्राओं को संबोधित करते हुए शिक्षा को जीवन का सबसे बड़ा हथियार बताया। उन्होंने कहा कि शिक्षित होकर ही बेटियां अपने सपनों को पंख दे सकती हैं। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
अधिकारियों ने भी छात्राओं का बढ़ाया हौसला
कार्यक्रम को क्रीड़ा भारती के प्रांतीय उपाध्यक्ष रविंद्र कुमार सिंह, सहरसा के जिला कार्यक्रम पदाधिकारी विवेकानंद कुमार तथा वरीय शिक्षक लखिंद्र राम ने भी संबोधित किया और अपने विचारों से छात्राओं का मार्गदर्शन किया। वक्ताओं ने एक स्वर में कहा कि ऐसे कार्यक्रमों से छात्राओं का मनोबल बढ़ता है और उन्हें जीवन में आगे बढ़ने की प्रेरणा मिलती है। कार्यशाला में विभिन्न विद्यालयों से बड़ी संख्या में छात्राओं ने भाग लेकर कार्यक्रम को सफल बनाया। उनकी सक्रिय भागीदारी ने यह साबित कर दिया कि वे अपने भविष्य को लेकर सजग और उत्साहित हैं। यह कार्यशाला सिर्फ एक आयोजन नहीं, बल्कि एक बेहतर कल की नींव थी।


