

Iran Israel War: युद्ध की विभीषिका जब दरवाज़े पर दस्तक देती है, तो हर संवेदनशील राष्ट्र की भूमिका महत्वपूर्ण हो जाती है। ऐसे नाजुक दौर में भारत ने एक बार फिर शांति और संतुलन का संदेश दिया है। केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने मौजूदा ईरान-इजरायल संघर्ष पर भारत के कूटनीतिक रुख को स्पष्ट करते हुए अपनी बात रखी।
Iran Israel War: संघर्ष की आंच में वैश्विक शांति का संकल्प, चिराग पासवान बोले- भारत युद्ध के पक्ष में नहीं
मध्य पूर्व में जारी ईरान-इजरायल संघर्ष (Iran-Israel Conflict) ने वैश्विक परिदृश्य में चिंता की लहर फैला दी है। इस संवेदनशील स्थिति पर भारत की प्रतिक्रिया और कूटनीतिक संतुलन को लेकर भारतीय राजनीति में भी गहन चर्चाएं चल रही हैं। इसी क्रम में, केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने भारत की स्थिति को स्पष्ट करते हुए कहा है कि देश किसी भी युद्ध के पक्ष में नहीं है, और मौजूदा स्थिति बेहद गंभीर एवं संवेदनशील है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। यह बयान ऐसे समय में आया है जब पूरी दुनिया इस भू-राजनीतिक उथल-पुथल पर बारीकी से नज़र रख रही है।
Iran Israel War: भारत की तटस्थ नीति और वैश्विक शांति का संदेश
चिराग पासवान ने इस बात पर जोर दिया कि भारत हमेशा से शांति का समर्थक रहा है और किसी भी प्रकार के सैन्य संघर्ष को बढ़ावा नहीं देता। उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात में संयम और कूटनीति ही एकमात्र रास्ता है। भारत का यह रुख उसकी सदियों पुरानी विदेश नीति का ही विस्तार है, जो वसुधैव कुटुंबकम् के सिद्धांत पर आधारित है। ऐसे में भारत की प्राथमिकता हमेशा से शांतिपूर्ण समाधान और तनाव कम करना रहा है, ताकि अंतर्राष्ट्रीय संबंध स्थिर रहें।
इस संघर्ष का असर न सिर्फ मध्य पूर्व पर बल्कि वैश्विक अर्थव्यवस्था और सुरक्षा पर भी पड़ रहा है। भारत जैसे बड़े और जिम्मेदार देश के लिए यह महत्वपूर्ण है कि वह अपनी स्थिति स्पष्ट करे और सभी पक्षों से शांति बनाए रखने की अपील करे। पासवान ने अपने बयान में देश की इसी प्रतिबद्धता को दोहराया।
पटना में मीडिया से बातचीत: पासवान का स्पष्टीकरण
पटना में मीडिया से मुखातिब होते हुए, केंद्रीय मंत्री चिराग पासवान ने मौजूदा वैश्विक संकट पर भारत के रुख की विस्तृत जानकारी दी। उन्होंने विशेष रूप से ईरान-इजरायल के बीच चल रहे तनाव का उल्लेख करते हुए कहा कि ऐसी परिस्थितियों में धैर्य और समझदारी से काम लेना अत्यंत आवश्यक है। यह बयान दर्शाता है कि भारत इस मामले में बेहद सतर्क और संतुलित दृष्टिकोण अपना रहा है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1।
उन्होंने साफ किया कि भारत किसी भी सैन्य कार्रवाई का समर्थन नहीं करता और हमेशा बातचीत और कूटनीतिक रास्तों से समस्याओं के समाधान का पक्षधर रहा है। भारत की यह नीति वैश्विक स्थिरता और क्षेत्रीय शांति के लिए महत्वपूर्ण है। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें: https://deshajtimes.com/news/national/। भारत उम्मीद करता है कि सभी संबंधित पक्ष संयम बरतेंगे और स्थिति को और बिगड़ने से रोकने के लिए रचनात्मक कदम उठाएंगे। इस जटिल समय में, आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का N0.1। भारत का यह रुख न केवल उसकी अपनी राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए बल्कि व्यापक वैश्विक शांति और स्थिरता के लिए भी महत्वपूर्ण है।



