spot_img

Darbhanga News: दरभंगा पर Waste Burning का खतरा, कचरा जलाने से गहराया प्रदूषण, पढ़िए Special Story अतरवेल-जाले मुख्य मार्ग पर दम घोंटू अगलगी का खतरा-फसल पर संकट!

spot_img
- Advertisement -

Waste Burning: जाले में एक गंभीर समस्या बनकर उभरा है. यहां नगर परिषद की कथित लापरवाही से कचरा जलाने का सिलसिला जारी है, जिससे न सिर्फ पर्यावरण दम घोंट रहा है, बल्कि गेहूं की पकती फसलें भी आग के हवाले होने के कगार पर हैं. आखिर कब तक चलेगी ये मनमानी?

- Advertisement -

अतरवेल-जाले मुख्य मार्ग पर सुखाई पोखर के पास कारगिल पुल किनारे कचरे के बड़े ढेर को लगातार जलाया जा रहा है. सूखने के बाद इन ढेरों में लगाई जाने वाली आग से उठने वाला धुआं और दुर्गंध राहगीरों के लिए मुसीबत बन गया है. स्थानीय लोगों का कहना है कि यह केवल पर्यावरण को नुकसान नहीं पहुंचा रहा, बल्कि मुख्य मार्ग पर यातायात भी बाधित हो रहा है. सबसे चिंताजनक बात यह है कि कचरे से उठने वाली चिंगारी पास में खड़ी गेहूं की पकती फसल तक पहुंच सकती है, जिससे अगलगी और बड़े पैमाने पर नुकसान का खतरा बढ़ गया है। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।

- Advertisement -

जाले में Waste Burning: कचरा प्रबंधन की बिगड़ी व्यवस्था

नगर परिषद पर स्थानीय लोगों ने गंभीर आरोप लगाए हैं. उनका कहना है कि ‘कचरा प्रबंधन’ यूनिट के अभाव में कचरे का वैज्ञानिक तरीके से निष्पादन नहीं हो पा रहा है. नियमित उठाव के बावजूद कचरे को सड़क किनारे डंप कर दिया जाता है, जिससे यह समस्या विकराल रूप ले चुकी है. इसके अतिरिक्त, नगर परिषद क्षेत्र से सटी दोघरा पंचायत में स्थित गोवर्धन यूनिट भी निष्क्रिय पड़ा है, जबकि इसके निर्माण के समय कचरे से रसोई गैस और जैविक खाद उत्पादन के बड़े-बड़े दावे किए गए थे.

- Advertisement -
यह भी पढ़ें:  Darbhanga Airport: मुंबई से आ रही इंडिगो की फ्लाइट वाराणसी डायवर्ट, यात्रियों में हड़कंप

अधिकारियों का क्या है कहना? जमीन का अभाव और वैकल्पिक व्यवस्था का इंतजार

इस पूरे मामले पर नगर परिषद के कार्यपालक पदाधिकारी सुंदरम सानंद ने अपनी बात रखी है. उनके अनुसार, कचरा प्रबंधन यूनिट स्थापित करने के लिए 6.5 एकड़ जमीन की आवश्यकता है, लेकिन अंचल कार्यालय द्वारा पर्याप्त भूमि उपलब्ध नहीं कराई जा सकी है. सरकारी दर कम होने के कारण भूमि मालिक भी जमीन देने में दिलचस्पी नहीं दिखा रहे हैं. सानंद ने आश्वासन दिया है कि अप्रैल महीने में वैकल्पिक व्यवस्था की दिशा में प्रयास किए जाएंगे. उन्होंने बताया कि फिलहाल सुखाई पोखर के पास के स्थल को अस्थायी डंपिंग स्थल के रूप में उपयोग किया जा रहा है. साथ ही सूखे कचरे में आग लगाने पर रोक लगाने के लिए जल्द ही कदम उठाए जाएंगे। आप पढ़ रहे हैं देशज टाइम्स बिहार का No.1।

यह ध्यान रखना महत्वपूर्ण है कि सरकार की शुष्क एवं तरल कचरा प्रबंधन योजना अब तक जाले क्षेत्र में प्रभावी ढंग से लागू नहीं हो पाई है. जबकि, कचरे से फैलने वाली बीमारियों की रोकथाम के लिए इस योजना को प्राथमिकता देने के निर्देश पहले ही जारी किए जा चुके हैं. ऐसे में Waste Burning जैसी घटनाएं न सिर्फ पर्यावरण के लिए खतरा बन रही हैं, बल्कि जन स्वास्थ्य पर भी गंभीर असर डाल रही हैं। देश की हर बड़ी ख़बर पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें

- Advertisement -

जरूर पढ़ें

Darbhanga News: बेनीपुर में Land Dispute, पुस्तैनी जमीन को लेकर खूनी झड़प, पिता-पुत्र गंभीर रूप से जख्मी, DMCH रेफर

Land Dispute: बेनीपुर में भूमि विवाद को लेकर हुई खूनी झड़प में दो लोग...

Darbhanga News: दरभंगा के 6 होटल पर FIR, दरभंगा में अवैध Domestic Gas Cylinder के उपयोग पर बड़ा एक्शन, पढ़िए किन होटलों पर गिरी...

Domestic Gas Cylinder: दरभंगा में अब होटल-रेस्टोरेंट संचालकों की खैर नहीं। जिला प्रशासन ने...

Bhagalpur News: अकबरनगर में होगा स्टेडियम निर्माण! खेल मंत्री श्रेयसी सिंह का भव्य स्वागत, जानें अपडेट

स्टेडियम निर्माण: खेल और युवाओं के भविष्य को आकार देने वाली मांगें हमेशा उठती...

Darbhanga News: आंखों में है कोई परेशानी या लेना चाहते हैं नया चश्मा, तो पहुंचिए बेनीपुर, पढ़िए Good News पूरे एक महीने तक

नेत्र जांच शिविर: अगर आपकी आंखों में है कोई परेशानी या आप नया चश्मा...